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प्रीमियम हेलमेट से Studds को दोगुनी कमाई की उम्मीद, राजस्व में हिस्सेदारी 30% तक बढ़ाने की कोशिश

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वित्त वर्ष 2026 की पहली छमाही में कंपनी के प्रीमियम मोटरसाइकिल हेलमेट ब्रांड- एसएमके- का हिस्सा कुल बिक्री में बढ़कर 15.5% हो गया, जो पिछले वर्ष इसी अवधि में 11.5% थी

Last Updated- December 14, 2025 | 10:09 PM IST
bike helmet
प्रतीकात्मक तस्वीर | फाइल फोटो

दोपहिया वाहनों के लिए हेलमेट बनाने वाली भारत की सबसे बड़ी कंपनी स्टड्स एक्सेसरीज के प्रबंध निदेशक सिद्धार्थ भूषण खुराना ने बताया कि अगले दो वर्षों में उसके प्रीमियम हेलमेट सेगमेंट का राजस्व हिस्सा मौजूदा 15.5 फीसदी से बढ़कर लगभग 30 फीसदी होने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि राजस्व हिस्सेदारी को ग्राहकों की बदलती प्राथमिकताओं और प्रीमियम दोपहिया वाहनों की बढ़ती बिक्री से बल मिलेगा।

प्रीमियम हेलमेट की बढ़ती मांग से स्टड्स एक्सेसरीज को अपना लाभ मार्जिन बढ़ाने में भी मदद मिल रही है। खुराना ने बिज़नेस स्टैंडर्ड के साथ बातचीत में कहा, ‘चालू वित्त वर्ष की पहली छमाही में हमारा कर पश्चात लाभ मार्जिन एक साल पहले के मुकाबले 22.9 फीसदी बढ़कर 40.9 करोड़ रुपये हो गया। राजस्व भी 6.4 फीसदी बढ़कर 303.7 करोड़ रुपये तक पहुंच गया। यह प्रीमियम उत्पादों की बढ़ती मांग का प्रमाण है।’

वित्त वर्ष 2026 की पहली छमाही में कंपनी के प्रीमियम मोटरसाइकिल हेलमेट ब्रांड- एसएमके- का हिस्सा कुल बिक्री में बढ़कर 15.5 फीसदी हो गया, जो पिछले वर्ष इसी अवधि में 11.5 फीसदी था। उन्होंने कहा, ‘हमें उम्मीद है कि अगले दो वर्षों में एसएमके की हिस्सेदारी 30 फीसदी तक पहुंच जाएगी।’

मगर क्षमता संबंधी बाधाएं अब भी चुनौती बनी हुई हैं। खुराना ने कहा, ‘हम पहले से ही अपनी क्षमता का 91 फीसदी तक इस्तेमाल कर रहे हैं। इसका सीधा मतलब है कि कि हमने मौजूदा क्षमता का काफी हद तक उपयोग कर लिया है और फिलहाल बाजार मांग को पूरा करने में असमर्थ हैं।’ स्टड्स के फिलहाल तीन विनिर्माण संयंत्र हैं जिनकी संयुक्त क्षमता सालाना 90 लाख हेलमेट बनाने की है।

कंपनी की नई विनिर्माण इकाई चालू वित्त वर्ष की अंतिम तिमाही में प्रथम चरण का परिचालन शुरू करेगी जिससे सालाना 15 लाख हेलमेट क्षमता में वृद्धि होगी। दूसरे चरण में भी सालाना 15 लाख हेलमेट उत्पादन क्षमता बढ़ेगी। दोनों चरण चालू होने पर कुल क्षमता सालाना 1.2 करोड़ हेलमेट हो जाएगी। नई इकाई में एसएमके और स्टड्स दोनों प्रकार के हेलमेटों का निर्माण होगा।  

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First Published - December 14, 2025 | 10:09 PM IST

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