facebookmetapixel
Advertisement
महंगाई की मार! रसोई गैस ₹29 और महंगी, दिल्ली में अब 942 रुपये का हुआ घरेलू LPG सिलेंडरग्लोबल क्राइसिस के बीच PM ने आर्थिक सलाहकारों संग की हाई-लेवल बैठक, संकट के बीच इकोनॉमी बचाने पर चर्चाGoogle ने गुरुग्राम में ली 6.17 लाख वर्ग फुट जगह, 5 साल का किराया जानकर उड़ जाएंगे होश!15 साल के वैभव सूर्यवंशी को आया टीम इंडिया से बुलावा, टूट सकता है सचिन तेंदुलकर का महारिकॉर्ड!सेमीकंडक्टर संकट होगा दूर! FY2035 तक अपनी आधी जरूरतें खुद पूरी करेगा भारत, प्रोडक्शन इसी साल से शुरू1 के बदले मिलेंगे 5 शेयर! IT और AI सेक्टर से जुड़ी नामी कंपनी करने जा रही है स्टॉक स्प्लिट, रिकॉर्ड डेट फिक्सBonus Stocks: अगले हफ्ते बरसेंगे फ्री शेयर, ये 2 कंपनियां देने जा रही हैं बंपर बोनस; नोट कर लें रिकॉर्ड डेटDividend Stocks: कमाई का महामेला! अगल हफ्ते टाटा-अदाणी-इंफोसिस समेत ये 39 कंपनियां देंगी तगड़ा डिविडेंडसरकारी साइबर सुरक्षा को मिलेगा AI का साथ, चुनिंदा एजेंसियों को ‘क्लॉड मिथोस’ का एक्सेस देगी सरकारमहंगाई का यू-टर्न और घटती ग्रोथ: RBI ने माना पश्चिम एशिया संकट से पटरी से उतर रही इकोनॉमी

Laptop, PC के आयात के लिए हर साल कराना होगा रजिस्ट्रेशन

Advertisement

निगरानी तंत्र का उद्देश्य आयातित उत्पादों के उत्पत्ति के देश सहित अन्य जानकारी पहले हासिल करना है।

Last Updated- September 27, 2023 | 10:48 PM IST
Tamil Nadu laptop scheme

सरकार की नई आयात निगरानी व्यवस्था के तहत लैपटॉप, टेबलेट और अन्य आईटी हार्डवेयर के आयातकों को हर साल नए सिरे से आयात पंजीकरण के लिए आवेदन करना होगा। उद्योग के सूत्रों ने इसकी जानकारी दी। निगरानी तंत्र का उद्देश्य आयातित उत्पादों के उत्पत्ति के देश सहित अन्य जानकारी पहले हासिल करना है।

आयातक विदेश व्यापार महानिदेशालय (DGFT) के आयात पंजीकरण पोर्टल के जरिये पंजीकरण के लिए आवेदन कर सकते हैं। इस मुद्दे पर विदेश व्यापार महानिदेशालय, इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय तथा उद्योग के साथ हुई हालिया बैठक में चर्चा की गई थी।

अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि आयात की मंजूरी 24 से 72 घंटे के अंदर मिल जाएगी। उन्होंने कहा कि आवेदन खारिज करने की एकमात्र वजह पंजीकरण प्रक्रिया के तहत आईटी उद्योग संगठन नैस्कॉम के इनपुट के मुताबिक उपलब्ध कराई गई अपर्याप्त सूचना होगी।

यह फैसला ऐसे समय में आया है जब लैपटॉप और आईटी हार्डवेयर के आयात पर प्रतिबंध का प्रस्ताव आया है और सरकार ने कहाता कि इसे 1 नवंबर से लागू किया जाएगा। इसका मतलब यह है कि इस तरह के सामान को लाइसेंसिंग के नियमों का पालन करना होगा।

इस घोषणा के बाद उद्योग में अफरातफरी की स्थिति बन गई थी और भारत के प्रमुख साझेदारों जैसे ब्रिटेन और यूरोपीय संघ ने भी इसे लेकर चिंता जताई है।
ऐसा माना जा रहा है कि सरकार ने अपना रुख नरम किया है और किसी तरह के आयात प्रतिबंध से दूरी बनाई गई है।

सरकार द्वारा लाइसेंस शब्द का इस्तेमाल किए जाने की संभावना कम है ऐसे में सिर्फ यह सुनिश्चित करना होगा कि उसके पास घरेलू बाजार में आ रहे आईटी हार्डवेयर के बारे में पहले से सूचना हो।

उद्योग के एक अधिकारी ने नाम न देने की शर्त पर कहा, ‘ उद्योग को सरकार की ओर से छूट का बड़ा संकेत मिला है। अधिकारियों ने साफ किया है कि आयात पर कोई रोक नहीं होगी। साथ ही भारत के विशेष आर्थिक क्षेत्रों और सॉफ्टवेयर प्रौद्योगिकी पार्कों में आयातित वस्तुओं के लिए अलग से पंजीकरण कराने की जरूरत नहीं होगी।’

बिजनेस स्टैंडर्ड ने इसके पहले खबर दी थी कि सरकार ने यह आश्वासन दिया है कि अगर आपूर्ति श्रृंखला में अचानक कोई व्यवधान आता है या इन उत्पादों की अनुमान से अधिक जरूरत पड़ जाती है तो आयात प्रबंधन व्यवस्था में मानकों की समीक्षा की पर्याप्त जगह होगी।

Advertisement
First Published - September 27, 2023 | 10:48 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement