facebookmetapixel
Advertisement
टेलीग्राम पर सरकार का सख्त, फिल्मों-वेब सीरीज की पायरेसी रोकने के लिए दिया 15 दिन का अल्टीमेटममुफ्त शेयरों की बरसात! अगले हफ्ते ये 2 कंपनियां दे रही हैं बोनस शेयर, नोट कर लें रिकॉर्ड डेटशेयर बाजार में धमाका: अगले हफ्ते ये 2 कंपनियां दे रही हैं 1 के बदले 10 शेयर, नोट कर लें तारीख!यूपी सरकार ने FY27 के लिए तय किया ₹71,278 करोड़ का भारी-भरकम आबकारी लक्ष्य, पहले तीन महीने में रिकॉर्ड कमाईअब उत्तर प्रदेश से सीधे विदेश जाएगा आम, हॉट वेपर ट्रीटमेंट की व्यवस्था राज्य में ही करने जा रही योगी सरकारउत्तर प्रदेश में ग्रीन एनर्जी को बढ़ावा देने के लिए कोल इंडिया और UPRVUNL के बीच हुआ बड़ा समझौताफार्मा कंपनियों को सरकार से बड़ी राहत, अब दवा की वास्तविक ओवरचार्जिंग पर ही होगी कार्रवाईभीषण गर्मी और लू का असर: IEX पर 32% महंगी हुई बिजली, दाम बढ़कर ₹5.2 प्रति यूनिट पर पहुंचाFY27 में निर्यात का नया रिकॉर्ड बनाने को तैयार भारत, डंपिंग पर लगेगी लगाम; बढ़ेगा घरेलू विनिर्माण: गोयलतेल कंपनियां फिर मुनाफे में, घटा राजस्व नुकसान; पर पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर क्यों है सरकार और ब्रोकरेज में रार

ग्राहकों से दुकानदारों को डिजिटल भुगतान में UPI का इस्तेमाल बढ़ाः रिपोर्ट

Advertisement

अगस्त में यह आंकड़ा 10 अरब के पार पहुंच गया। इसके पीछे पी2एम लेनदेन में हुई जबर्दस्त तेजी का अहम योगदान रहा है।

Last Updated- September 26, 2023 | 4:58 PM IST
UPI transactions see marginal dip in June to 13.89 billion रिकॉर्ड हाई के बाद थोड़ा लो हुआ UPI ट्रांजैक्शन, जून में घटकर 20.07 लाख करोड़ रुपये पर पहुंचा

एकीकृत भुगतान प्रणाली यूपीआई (UPI) के जरिए डिजिटल भुगतान की संख्या अगस्त में कई गुना बढ़कर 10 अरब होने के पीछे ग्राहकों से दुकानदारों (पी2एम) को किए जाने वाले लेनदेन में आई तेजी की अहम भूमिका रही है। एक रिपोर्ट में यह बात कही गई है।

वर्ल्डलाइन की रिपोर्ट कहती है कि जनवरी, 2018 में यूपीआई से 15.1 करोड़ लेनदेन किए गए थे और यह संख्या जून, 2023 में बढ़कर 9.3 अरब हो गई थी। अगस्त में यह आंकड़ा 10 अरब के पार पहुंच गया। इसके पीछे पी2एम लेनदेन में हुई जबर्दस्त तेजी का अहम योगदान रहा है।

रिपोर्ट के मुताबिक, जनवरी 2022 में पी2एम का हिस्सा कुल यूपीआई लेनदेन में 40.3 प्रतिशत था। डेढ़ साल में यह अनुपात बढ़कर जून, 2023 में 57.5 प्रतिशत हो गया। इस अनुपात के आगे भी बढ़ने का अनुमान है।

यह भी पढ़ें : ऑनलाइन गेमिंग कंपनियों पर सरकार ने कसा शिकंजा, फर्मों को 55 हजार करोड़ रुपये के टैक्स नोटिस भेजे गए

इसके अलावा यूपीआई लेनदेन से भेजी जाने वाली औसत राशि का आकार भी भविष्य में इसके विस्तार का संकेत देता है। जनवरी, 2022 में यूपीआई से पी2एम लेनदेन का औसत आकार 885 रुपये था जो जून, 2023 में घटकर 653 रुपये रह गया।

इससे पता चलता है कि अब लोग कम राशि का लेनदेन भी यूपीआई के जरिये करना पसंद कर रहे हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, राजमार्गों पर इलेक्ट्रॉनिक टोल संग्रह के इस्तेमाल ने टोल भुगतान के तरीके को काफी हद तक बदल दिया है। इस भुगतान में भी यूपीआई लेनदेन का प्रमुख रूप से इस्तेमाल हो रहा है।

Advertisement
First Published - September 26, 2023 | 4:58 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement