India’s electronics exports: भारत के इलेक्ट्रॉनिक्स निर्यात में वित्त वर्ष 2025-26 की पहली तिमाही में सालाना आधार पर 47% से ज्यादा की तेज बढ़ोतरी दर्ज की गई है। इंडिया सेल्युलर एंड इलेक्ट्रॉनिक्स एसोसिएशन (ICEA) के आंकड़ों के मुताबिक, इस दौरान कुल निर्यात 12.4 अरब डॉलर तक पहुंच गया। इस उछाल की बड़ी वजह मोबाइल फोन निर्यात में आई मजबूती रही। एक साल पहले की समान अवधि में इलेक्ट्रॉनिक्स निर्यात 8.43 अरब डॉलर रहा था।
इलेक्ट्रॉनिक्स निर्यात में सबसे बड़ा योगदान मोबाइल फोन का रहा, जिसकी निर्यात वैल्यू वित्त वर्ष 2024-25 की पहली तिमाही में 4.9 अरब डॉलर से बढ़कर वित्त वर्ष 2025-26 की पहली तिमाही में लगभग 7.6 अरब डॉलर हो गई। यानी इसमें 55% की तेज वृद्धि दर्ज की गई।
वहीं, नॉन-मोबाइल इलेक्ट्रॉनिक्स कैटेगरी में भी अच्छा प्रदर्शन देखने को मिला। वित्त वर्ष 2025-26 की पहली तिमाही में इस कैटेगरी का निर्यात 37% बढ़कर 4.8 अरब डॉलर हो गया, जो एक साल पहले की समान तिमाही में 3.53 अरब डॉलर था। नॉन-मोबाइल सेगमेंट में प्रमुख आइटम्स में सोलर मॉड्यूल, स्विचिंग और रूटिंग डिवाइस, चार्जर एडॉप्टर और अन्य इलेक्ट्रॉनिक पार्ट्स शामिल हैं।
ICEA के चेयरमैन पंकज मोहिन्द्रू ने इस बढ़त को इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर के लिए एक अहम मोड़ बताया। उन्होंने कहा, “यह भारत के लिए एक अहम उपलब्धि है। अब हमारा अगला लक्ष्य है दुनिया में प्रतिस्पर्धा करना, टिकाऊ विकास हासिल करना और लोकल वैल्यू एडिशन को बढ़ाना।”