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बिजली की किल्लत से जूझते शिवराज

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Last Updated- December 09, 2022 | 9:54 PM IST

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कल राज्य विधानसभा में इस बात को स्वीकार किया कि राज्य बिजली की किल्लत से जूझ रहा है और वे कुछ मोर्चे पर असहाय हैं।


नवगठित विधानसभा को  संबोधित करते हुए चौहान ने बताया कि कोयले भंडार में कमी, कथित तौर पर केंद्र सरकार की भेदभावपूर्व रवैया और अपर्याप्त वर्षा की वजह से राज्य में 2500 मेगावाट से अधिक बिजली की कमी महसूस की जा रही है।

चौहान ने बताया, ‘पर्याप्त वर्षा होने के कारण हम कुल 3000 मेगावाट पनबिजली क्षमता में से कम से कम 250-300 मेगावाट बिजली उत्पादन में सक्षम हैं। लेकिन वर्षा न होने से दिक्कत हो रही है।’ चौहान ने कहा कि केंद से गैर-आवंटित श्रेणी के तहत मिलने वाली बिजली को घटाकर 131 मेगावाट कर दिया गया है।

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First Published - January 14, 2009 | 8:46 PM IST

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