facebookmetapixel
वेनेजुएला संकट: भारत के व्यापार व तेल आयात पर भू-राजनीतिक उथल-पुथल से फिलहाल कोई असर नहींसोमनाथ मंदिर: 1026 से 2026 तक 1000 वर्षों की अटूट आस्था और गौरव की गाथाT20 World Cup: भारत क्रिकेट खेलने नहीं आएगी बांग्लादेश की टीम, ICC से बाहर मैच कराने की मांगसमान अवसर का मैदान: VI को मिलने वाली मदद सिर्फ उसी तक सीमित नहीं होनी चाहिए1985–95 क्यों आज भी भारत का सबसे निर्णायक दशक माना जाता हैमनरेगा भ्रष्टाचार का पर्याय बना, विकसित भारत-जी राम-जी मजदूरों के लिए बेहतर: शिवराज सिंह चौहानLNG मार्केट 2025 में उम्मीदों से रहा पीछे! चीन ने भरी उड़ान पर भारत में खुदरा बाजार अब भी सुस्त क्यों?उत्पाद शुल्क बढ़ते ही ITC पर ब्रोकरेज का हमला, शेयर डाउनग्रेड और कमाई अनुमान में भारी कटौतीमझोले और भारी वाहनों की बिक्री में लौटी रफ्तार, वर्षों की मंदी के बाद M&HCV सेक्टर में तेजीदक्षिण भारत के आसमान में नई उड़ान: अल हिंद से लेकर एयर केरल तक कई नई एयरलाइंस कतार में

NSDL stake: नैशनल सिक्योरिटी डिपॉजिटरी का हिस्सा बेचने के लिए NSE ने मांगी 6 महीने की मोहलत

NSE व IDBI Bank के अलावा चार अन्य निवेशक भी डिपॉजिटरी की हिस्सेदारी बेचने पर विचार कर रहे हैं

Last Updated- September 04, 2023 | 9:40 PM IST
NSE made great earnings, profits improved

नैशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) ने नैशनल सिक्योरिटीज डिपॉजिटरी (एनएसडीएल) में अपनी शेयरधारिता घटाने के लले बाजार नियामक से छह महीने की मोहलत मांगी है। सूत्रों ने यह जानकारी दी।

यह अनुरोध ऐसे समय में किया गया है जब बाजार नियामक सेबी ने एनएसडीएल के 3,000 करोड़ रुपये के आईपीओ को अस्थायी तौर पर स्थगित रखा है।

पांच साल पहले सेबी ने किसी इकाई को ​डिपॉजिटरी में 15 फीसदी से ज्यादा हिस्सेदारी नहीं रखने का निर्देश दिया था और 2 अक्टूबर 2023 से पहले इसे घटाने को कहा था। अभी एनएसई व आईडीबीआई बैंक के पास एनएसडीएल की क्रमश: 26.1 फीसदी व 24 फीसदी हिस्सेदारी है। प्रस्तावित आईपीओ में आईडीबीआई 11.1 फीसदी हिस्सेदारी बेच रहा है, वहीं एनएसई 9 फीसदी हिस्सेदारी बेच रहा है, ताकि सेबी के नियमों का अनुपालन कर सके।

सूत्र ने कहा, एनएसई नियमों का अनुपालन करना चाहता है और शेयरधारिता घटाने के लिए एनएसडीएल का डीआरएचपी जमा कराया। अब उसने इसमें विस्तार की मांग की है।

सूत्रों के मुताबिक, एनएसई ने नियमों का अनुपालन करने के लिए अप्रैल 2024 तक का वक्त मांगा है। एक अन्य सूत्र ने कहा, एनएसई ने अनुरोध किया है। एक्सचेंज नियम अनुपालन पर सेबी के साथ सहयोग कर रहा है।

इस बारे में जानकारी के लिए एनएसई व एनएसडीएल से प्रतिक्रिया नहीं मिली। एनएसडीएल ने सेबी के पास 7 जुलाई को डीआरएचपी जमा कराया था। एनएसई व आईडीबीआई बैंक के अलावा चार अन्य निवेशक भी डिपॉजिटरी की हिस्सेदारी बेचने पर विचार कर रहे हैं।

First Published - September 4, 2023 | 9:40 PM IST

संबंधित पोस्ट