facebookmetapixel
Q3 Results: DLF का मुनाफा 13.6% बढ़ा, जानें Zee और वारी एनर्जीज समेत अन्य कंपनियों का कैसा रहा रिजल्ट कैंसर का इलाज अब होगा सस्ता! Zydus ने भारत में लॉन्च किया दुनिया का पहला निवोलुमैब बायोसिमिलरबालाजी वेफर्स में हिस्से के लिए जनरल अटलांटिक का करार, सौदा की रकम ₹2,050 करोड़ होने का अनुमानफ्लाइट्स कैंसिलेशन मामले में इंडिगो पर ₹22 करोड़ का जुर्माना, सीनियर वाइस प्रेसिडेंट हटाए गएIndiGo Q3 Results: नई श्रम संहिता और उड़ान रद्द होने का असर: इंडिगो का मुनाफा 78% घटकर 549 करोड़ रुपये सिंडिकेटेड लोन से भारतीय कंपनियों ने 2025 में विदेश से जुटाए रिकॉर्ड 32.5 अरब डॉलरग्रीनलैंड, ट्रंप और वैश्विक व्यवस्था: क्या महा शक्तियों की महत्वाकांक्षाएं नियमों से ऊपर हो गई हैं?लंबी रिकवरी की राह: देरी घटाने के लिए NCLT को ज्यादा सदस्यों और पीठों की जरूरतनियामकीय दुविधा: घोटालों पर लगाम या भारतीय पूंजी बाजारों का दम घोंटना?अवधूत साठे को 100 करोड़ रुपये जमा कराने का निर्देश 

सरकारी खर्च से उड़ने को तैयार ये दो स्टॉक्स! Motilal Oswal ने ₹1,150 से ₹4,060 के दिए टारगेट

Stocks to Buy: Motilal Oswal के अनुसार, Q4FY25 में कैपिटल गुड्स कंपनियों ने अच्छा प्रदर्शन किया। कई बड़ी और मिड-कैप कंपनियों के मुनाफे अनुमान से बेहतर रहे।

Last Updated- June 17, 2025 | 8:55 AM IST
stocks to buy today

भारतीय कैपिटल गुड्स सेक्टर यानी भारी मशीनरी और औद्योगिक उपकरण बनाने वाली कंपनियां इन दिनों निवेशकों के बीच खास चर्चा में हैं। ब्रोकरेज फर्म मोतीलाल ओसवाल के मुताबिक, इसकी बड़ी वजह है सरकार का भारी निवेश, पावर ट्रांसमिशन एंड डिफेंस जैसे सेक्टरों में बढ़ती डिमांड, और एनर्जी ट्रांजिशन यानी सौर और पवन जैसे स्रोतों की ओर बढ़ता रुझान। हालांकि मार्च तिमाही (Q4FY25) में निजी कंपनियों का खर्च थोड़ा धीमा रहा, लेकिन रिपोर्ट्स बता रही हैं कि अगली कुछ तिमाहियों में इसमें भी तेजी आ सकती है।

मुनाफे में आई तेजी, ऑर्डर बुक मजबूत

Q4FY25 में कैपिटल गुड्स कंपनियों ने अच्छा प्रदर्शन किया। कई बड़ी और मिड-कैप कंपनियों के मुनाफे अनुमान से बेहतर रहे। EBITDA मार्जिन भी अच्छा बना रहा क्योंकि कंपनियों को बड़े ऑर्डर मिले और लागत पर नियंत्रण रहा। हालांकि कुछ EPC (इंजीनियरिंग, प्रोक्योरमेंट, कंस्ट्रक्शन) कंपनियों को पुराने प्रोजेक्ट्स के कारण दिक्कत आई, लेकिन जैसे-जैसे वो प्रोजेक्ट खत्म होंगे, मुनाफे में और सुधार की उम्मीद है। खास बात ये रही कि घरेलू ट्रांसमिशन और डिस्ट्रीब्यूशन (T&D) और अंतरराष्ट्रीय रिन्यूएबल एनर्जी प्रोजेक्ट्स में तेजी से नए ऑर्डर आए, जिससे कंपनियों की ऑर्डर बुक और भविष्य की कमाई का भरोसा बढ़ा।

Also Read: Stock Market Today: एशियाई बाजारों में तेजी, गिफ्ट निफ्टी से सुस्त संकेत; आज किस करवट बैठेगा बाजार?

सरकारी खर्च बना सेक्टर की रीढ़

सरकार का खर्च इस सेक्टर को सपोर्ट कर रहा है। मार्च 2025 में केंद्र सरकार का कैपेक्स ₹2.4 लाख करोड़ रहा जो अब तक का सबसे ज्यादा है। अप्रैल 2025 में भी ये ₹1.6 लाख करोड़ तक पहुंचा, जिससे साफ है कि FY26 में शुरुआत से ही निवेश तेजी से किया जा रहा है। राज्यों का खर्च भी FY25 में 22% बढ़ा। डिफेंस, हाई वोल्टेज ग्रिड, और ग्रीन हाइड्रोजन जैसी नई तकनीकों पर बढ़ते प्रोजेक्ट्स से भी इस सेक्टर को नए मौके मिल रहे हैं।

आगे भी दिख रही है मजबूती

भविष्य को लेकर तस्वीर साफ है। एक्सपोर्ट के मोर्चे पर भी अच्छी संभावना है – खासकर डिफेंस इक्विपमेंट, टरबाइन और ट्रांसमिशन के उत्पादों के लिए। कंपनियों को अच्छे मार्जिन मिलते रहेंगे क्योंकि प्रोडक्ट मिक्स सुधर रहा है और स्केल का फायदा मिल रहा है। अगर निजी कंपनियों की ओर से भी निवेश में तेजी आती है, खासकर इंफ्रास्ट्रक्चर और इंडस्ट्रियल प्रोजेक्ट्स में, तो यह सेक्टर और भी बेहतर प्रदर्शन कर सकता है।

Also Read: Stocks to Watch today, June 17: NTPC से लेकर Vishal Mega Mart, Sona BLW और Zee Ent तक; आज इन 10 स्टॉक्स पर रहेगा फोकस

मोतीलाल ओसवाल की पसंद – ये दो शेयर खरीदने की सलाह

1. Cummins India (KKC) | CMP: ₹3304 टारगेट प्राइस: ₹4060, संभावित रिटर्न: 23%

FY25 में Cummins India का प्रदर्शन शानदार रहा। कंपनी का शुद्ध लाभ 15% बढ़ा और रेवेन्यू ₹10,000 करोड़ से ऊपर चला गया। पावर जनरेशन और इंडस्ट्रियल सेगमेंट में 14% और 28% की ग्रोथ देखी गई। कंपनी पूरी तरह कर्ज़मुक्त है, कैश फ्लो मजबूत है और इमिशन नियमों का पालन करने वाली टेक्नोलॉजी में लीडर है। कंपनी को लोकलाइजेशन, इन्फ्रास्ट्रक्चर और वैश्विक रिकवरी से फायदा मिल सकता है।

2. Kirloskar Oil Engines (KOEL) | CMP: ₹868, टारगेट प्राइस: ₹1,150, संभावित रिटर्न: 32%

Kirloskar Oil ने हाई मार्जिन सेगमेंट जैसे HHP, एक्सपोर्ट और B2C पर फोकस किया है। पुराने मुद्दे अब सुलझ चुके हैं और जेनसेट की डिमांड स्थिर हो गई है, जिससे मुनाफे में सुधार तय है। एक बड़ा इंडस्ट्रियल ऑर्डर मिलने वाला है जिससे ग्रोथ और दिखेगी। FY25–27 के लिए EBITDA और PAT में 18–19% की सालाना ग्रोथ का अनुमान है। KOEL का इनोवेशन और एक्सपोर्ट स्ट्रैटेजी इसे लंबे समय तक ग्रोथ की पटरी पर रख सकती है।

 

(डिस्क्लेमर: यहां शेयर में खरीदारी की सलाह ब्रोक्रेजीज ने दी है। बाजार में निवेश जोखिमों के अधीन है। निवेश संबंधी फैसला करने से पहले अपने एडवाइजर से परामर्श कर लें।)

First Published - June 17, 2025 | 8:55 AM IST

संबंधित पोस्ट