facebookmetapixel
Q3 Results: DLF का मुनाफा 13.6% बढ़ा, जानें Zee और वारी एनर्जीज समेत अन्य कंपनियों का कैसा रहा रिजल्ट कैंसर का इलाज अब होगा सस्ता! Zydus ने भारत में लॉन्च किया दुनिया का पहला निवोलुमैब बायोसिमिलरबालाजी वेफर्स में हिस्से के लिए जनरल अटलांटिक का करार, सौदा की रकम ₹2,050 करोड़ होने का अनुमानफ्लाइट्स कैंसिलेशन मामले में इंडिगो पर ₹22 करोड़ का जुर्माना, सीनियर वाइस प्रेसिडेंट हटाए गएIndiGo Q3 Results: नई श्रम संहिता और उड़ान रद्द होने का असर: इंडिगो का मुनाफा 78% घटकर 549 करोड़ रुपये सिंडिकेटेड लोन से भारतीय कंपनियों ने 2025 में विदेश से जुटाए रिकॉर्ड 32.5 अरब डॉलरग्रीनलैंड, ट्रंप और वैश्विक व्यवस्था: क्या महा शक्तियों की महत्वाकांक्षाएं नियमों से ऊपर हो गई हैं?लंबी रिकवरी की राह: देरी घटाने के लिए NCLT को ज्यादा सदस्यों और पीठों की जरूरतनियामकीय दुविधा: घोटालों पर लगाम या भारतीय पूंजी बाजारों का दम घोंटना?अवधूत साठे को 100 करोड़ रुपये जमा कराने का निर्देश 

ऑस्ट्रेलिया में 16 साल से कम आयु के बच्चों के सोशल मीडिया यूज पर लगा बैन, उल्लघंन पर लगेगा भारी-भरकम जुर्माना

प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज ने कहा कि इस कानून से उन अभिभावकों को मदद मिलेगी, जो अपने बच्चों को सोशल मीडिया से होने वाले नुकसान को लेकर चिंतित हैं।

Last Updated- November 29, 2024 | 3:13 PM IST
Social Media
Photo: Shutterstock

ऑस्ट्रेलियाई संसद ने 16 वर्ष से कम आयु के बच्चों के सोशल मीडिया इस्तेमाल करने पर प्रतिबंध लगाने वाले एक विधेयक को शुक्रवार को मंजूरी दे दी, जिसके साथ ही ऑस्ट्रेलिया दुनिया में ऐसा कानून बनाने वाला पहला देश बन गया है। इस कानून के अनुसार टिकटॉक, फेसबुक, स्नैपचैट, रेडिट और एक्स समेत विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म अगर 16 वर्ष से कम आयु के बच्चों को अकाउंट बनाने से रोकने में विफल रहे तो उन पर पांच करोड़ ऑस्ट्रेलियाई डॉलर (3.3 करोड़ अमेरिकी डॉलर) तक का जुर्माना लगाया जा सकता है।

संसद के उच्च सदन सीनेट ने गुरुवार को विधेयक को मंजूरी दी। विधेयक के पक्ष में 34 जबकि विरोध में 19 वोट पड़े। निचले सदन प्रतिनिधि सभा ने बुधवार को विधेयक को मंजूरी दी थी, जहां विधेयक के पक्ष में 102 जबकि विरोध में 13 वोट डाले गए थे। प्रतिनिधि सभा ने सीनेट में किए गए विपक्ष के संशोधनों को शुक्रवार को स्वीकार कर लिया, जिसके साथ ही विधेयक कानून बन गया।

प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज ने कहा कि इस कानून से उन अभिभावकों को मदद मिलेगी, जो अपने बच्चों को सोशल मीडिया से होने वाले नुकसान को लेकर चिंतित हैं। अल्बनीज ने पत्रकारों से कहा, “सोशल मीडिया प्लेटफॉर्मों पर अब यह सामाजिक जिम्मेदारी आ गई है कि वे यह सुनिश्चित करें कि हमारे बच्चों की सुरक्षा उनके लिए प्राथमिकता है।”

Also read: NFO Alert! आज से खुल गया BoI MF का ​थिमैटिक फंड, 5000 रुपये मिनिमम निवेश; जानें डिटेल

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्मों को प्रतिबंध पर अमल करने के लिए एक वर्ष का समय दिया जाएगा, जिसके बाद जुर्माना लगाया जाएगा। फेसबुक और इंस्टाग्राम जैसे प्लेटफॉर्म की मालिक कंपनी मेटा ने कहा कि यह कानून जल्दबाजी में बनाया गया है।

मेटा ने कहा, “हम ऑस्ट्रेलियाई संसद द्वारा पारित कानून का स्वाभाविक रूप से सम्मान करते हैं। हालांकि, हम सबूतों पर ठीक से विचार किए बिना जल्दबाजी में कानून पारित किए जाने को लेकर चिंतित हैं।”

First Published - November 29, 2024 | 3:13 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

संबंधित पोस्ट