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शीतकालीन सत्र: विपक्ष के 49 और सांसद हुए निलंबित, INDIA गठबंधन के करीब दो-तिहाई सांसद सदन से बाहर

मंगलवार को फारूक अब्दुल्ला और शशि थरूर पर भी कार्रवाई की गई। अब तक संसद से 141 विपक्षी सदस्य निलंबित हो चुके हैं।

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भाषा   
Last Updated- December 19, 2023 | 11:14 PM IST

संसद के शीतकालीन सत्र में लोकसभा में अभी तक विपक्ष के कुल 95 सदस्यों को तख्तियां दिखाने और सदन की अवमानना के मामले में सत्र की शेष अवधि के लिए निलंबित किया जा चुका है और इस तरह विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ के करीब दो-तिहाई सदस्य सदन से बाहर हो गए हैं। सदन में अब मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी और राहुल गांधी समेत 9 ही सदस्य रह गए हैं। लोकसभा में कांग्रेस के सदस्यों की कुल संख्या 48 है।

निचले सदन में मंगलवार को 49 विपक्षी सदस्यों को संसद के वर्तमान शीतकालीन सत्र की शेष अवधि के लिए निलंबित कर दिया गया। इससे पहले पिछले हफ्ते गुरुवार को 13 सदस्यों और सोमवार को 33 सदस्यों को निलंबित कर दिया गया था। सदन में ‘इंडिया’ गठबंधन के सदस्यों की संख्या 138 है जिनमें से केवल 43 विपक्षी सदस्य ऐसे हैं जिन्हें निलंबित नहीं किया गया है।

निलंबित किए गए सदस्यों में सदन में कांग्रेस के नेता अधीर रंजन चौधरी, तृणमूल कांग्रेस के नेता सुदीप बंदोपाध्याय, द्रमुक के नेता टी आर बालू और जद(यू) के राजीव रंजन सिंह शामिल हैं। तृणमूल कांग्रेस के कुल 22 लोकसभा सदस्यों में से 13 सदस्यों को निलंबित किया जा चुका है और अभिषेक बनर्जी, शत्रुघ्न सिन्हा, मिमी चक्रवर्ती और नुसरत जहां समेत 9 सदस्य सदन में बचे हैं। लोकसभा में द्रमुक के कुल 24 सदस्य हैं और इसके 16 सदस्यों को निलंबित किया जा चुका है।

‘इंडिया’ गठबंधन में शामिल राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के शरद पवार के नेतृत्व धड़े के पांच लोकसभा सदस्यों में से सुप्रिया सुले समेत तीन सांसदों को निलंबित किया जा चुका है और केवल दो सदस्य सदन में रह गए हैं।

इसी तरह समाजवादी पार्टी (सपा) के तीन सदस्यों में से केवल शफीकुर्रहमान बर्क हैं जिन्हें निलंबित नहीं किया गया है। विपक्षी दल पिछले 13 दिसंबर को संसद में सुरक्षा चूक की घटना के मुद्दे पर गृह मंत्री अमित शाह से बयान देने की मांग को लेकर कुछ दिन से सदन में तख्तियां दिखाकर प्रदर्शन कर रहे थे।

कांग्रेस ने लोकसभा से विपक्ष के और 49 सदस्यों के निलंबन को लेकर मंगलवार को सरकार पर निशाना साधा और आरोप लगाया कि ‘दमनकारी’ विधेयकों को चर्चा के बिना पारित कराने के लिए सदन से विपक्ष का सफाया किया जा रहा है।

वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को विपक्षी दलों पर संसद में सुरक्षा चूक की घटना को ‘मौन और अप्रत्यक्ष’ समर्थन देने का आरोप लगाया और कहा कि यदि उनका यही आचरण रहा तो 2024 के लोकसभा चुनावों में वे और भी कम सीटों के साथ विपक्ष में ही बैठे रह जाएंगे।

राज्यसभा में हंगामा

संसद की सुरक्षा में चूक मुद्दे पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह द्वारा बयान दिए जाने और सदस्यों का निलंबन वापस लेने की मांग पर मंगलवार को राज्यसभा में विपक्षी सदस्यों ने हंगामा किया जिसकी वजह से उच्च सदन की कार्यवाही चार बार के स्थगन के बाद शाम पांच बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई।

इससे पहले, तीन बार के स्थगन के बाद अपराह्न तीन बजे उच्च सदन की बैठक शुरू होने पर भी सदन में हंगामा जारी रहा और संसद की सुरक्षा में चूक के मुद्दे पर केंद्रीय गृह मंत्री शाह के बयान की मांग दोहराई गई। हं

गामे के बीच ही वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने विनियोग (संख्या तीन) विधेयक और विनियोग (संख्या चार) विधेयक पेश किए। इनके जरिये सरकार ने चालू वित्त वर्ष में 58,378 करोड़ रुपये के शुद्ध अतिरिक्त व्यय के लिए मंजूरी मांगी है। इसमें एक बड़ा हिस्सा मनरेगा योजना और उर्वरकों के लिए सब्सिडी पर खर्च किया जाएगा।

First Published : December 19, 2023 | 11:14 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)