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खाली पदों पर नियुक्तियों में जल्दी नहीं करेगी पेटीएम

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गैर-बिक्री कर्मचारी लागत वित्त वर्ष 2024 की चौथी तिमाही में 522 करोड़ रुपये थी जो वित्त वर्ष 2025 की चौथी तिमाही में 35.6 प्रतिशत घटकर 336 करोड़ रुपये रह गई।

Last Updated- May 07, 2025 | 11:49 PM IST
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प्रतीकात्मक तस्वीर

फिनटेक प्रमुख पेटीएम भर्ती प्रक्रिया में धीमी गति से आगे बढ़ रही है और आर्टिफिशल इंटेलीजेंस (एआई) के उपयोग के जरिये लागत कटौती और उत्पादकता बढ़ाने के प्रयास के तहत कर्मचारियों द्वारा खाली छोड़े गए पदों को भरने में ज्यादा ध्यान नहीं दे सकती है।

पेटीएम के प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्याधिकारी विजय शेखर शर्मा ने मंगलवार को विश्लेषकों के साथ बातचीत में कहा था, ‘मैं आपको बताना चाहता हूं कि स्वचालन में इजाफा हो रहा है। प्रति कर्मचारी उत्पादकता में वृद्धि देखी जा रही है। हम इसे लेकर स्पष्ट हैं कि अगर कोई बाहर जाता है तो हम अनावश्यक रूप से नई भर्ती नहीं करेंगे।’ शर्मा विश्लेषकों के उस सवाल का जवाब दे रहे थे कि एआई से किस तरह से गैर-बिक्री कर्मचारी लागत प्रभावित हो रही है।

पेटीएम अप्रत्यक्ष खर्चों को नियंत्रित कर रही है। गैर-बिक्री कर्मचारी लागत वित्त वर्ष 2024 की चौथी तिमाही में 522 करोड़ रुपये थी जो वित्त वर्ष 2025 की चौथी तिमाही में 35.6 प्रतिशत घटकर 336 करोड़ रुपये रह गई। तिमाही आधार पर यह 348 करोड़ रुपये से 3.4 प्रतिशत कम थी। पिछली पांच तिमाहियों में इन खर्चों में कमी देखी गई है। शर्मा ने लागत बचत में सिर्फ एआई के योगदान का कोई सटीक आंकड़ा नहीं बताया। उन्होंने कहा कि इन खर्चों में आगे भी बड़ी गिरावट नहीं आएगी, लेकिन बाद में इनमें लगातार कमी आएगी।

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First Published - May 7, 2025 | 11:08 PM IST

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