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गोएयर, इंडिगो को मिली इंजन बदलने में मोहलत

Last Updated- December 15, 2022 | 8:23 PM IST

नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने विमानन कंपनी गोएयर और इंडिगो को अपने एयरबस ए320नियो विमानों में पुराने इंजन को बदलने के लिए समय-सीमा में तीन महीने का विस्तार दिया है। दोनों विमानन कंपनियों को अब इंजन बदलने के लिए 31 अगस्त तक का समय मिल गया है।
डीजीसीए ने कोविड-19 वैश्विक महामारी के कारण उत्पादन और आपूर्ति शृंखला में पैदा हुए व्यवधान के मद्देनजर समय-सीमा में तीन महीने की मोहलत दी है। हालांकि विमानन नियामक ने निर्देश दिया है कि विमानन कंपनियां इस दौरान केवल नए इंजन वाले विमानों के साथ ही परिचालन कर सकेंगी।
उड़ान के दौरान इंजन में खराबी की समस्या बार-बार आने के बाद पिछले साल नवंबर में डीजीसीए ने विमानन कंपनियों को सभी एयरबस ए320नियो विमानों में जनवरी के अंत तक इंजन बदलने का आदेश दिया था। शुरू में इंजन बदलने के लिए अंतिम समय-सीमा 31 मई रखी गई थी।
फिलहाल गोएयर के बेड़े में प्रैट ऐंड व्हिटनी इंजन से लैस ए320/321 नियो विमानों की संख्या क्रमश: 42 और इंडिगो के बेड़े में इन विमानों की संख्या 114 है।
डीजीसीए के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, ‘हमने कुछ दिन पहले ही दोनों विमानन कंपनियों को फोन कर इस संबंध में निर्देश दे दिया था। दोनों विमानन कंपनियों को अभी भी करीब 60 इंजन बदलना बाकी है और समय-सीमा में विस्तार दिए जाने का कारण जाहिर तौर पर कोविड-19 और लॉकडाउन का प्रभाव है। इसके कारण उत्पादन एवं आपूर्ति शृंखला प्रभावित हुई है जिससे इंजन बदलने की प्रक्रिया भी बाधित हुई है। इन सब बातों को ध्यान में रखते हुए समय-सीमा में 31 अगस्त तक तीन महीने के लिए विस्तार दिया गया है।’

First Published - June 1, 2020 | 11:42 PM IST

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