facebookmetapixel
Advertisement
मार्च में GST कलेक्शन 8.2% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़, छह महीने में सबसे मजबूत राजस्व वृद्धि दर्जऑरेकल में वैश्विक छंटनी की आंच भारत तक, 12,000 तक कर्मचारियों पर असर की आशंकाCBDT ने किया स्पष्ट: 2017 से पहले के निवेश GAAR के दायरे से बाहरकमर्शियल LPG और ATF की कीमतों में बढ़ोतरी, विमानन व उपभोक्ता सेक्टर पर लागत का दबाव बढ़ाभारतीय बेचना नहीं चाह रहे ‘दुबई वाला घर’; सुस्ती के बीच निवेशक अब भी होल्ड मोड मेंपश्चिम एशिया संकट के बीच कॉरपोरेट ट्रैवल पर जोर, घरेलू यात्रा पर फोकस बढ़ाकच्चे तेल की कीमतों और भारी सप्लाई से सरकारी बॉन्ड यील्ड पर दबाव, 7.25% तक पहुंचने की आशंकाएनवीडिया का MCap भारत के कुल शेयर बाजार के करीब, AI बूम से बढ़ा वैश्विक अंतरMSCI का ग्रीस को विकसित बाजार में शामिल करने का फैसला, भारत पर सीमित असर23,000 के पास रेजिस्टेंस ने रोकी निफ्टी की बढ़त, निकट भविष्य में तकनीकी स्थिति कमजोर

ई-दोपहिया रेजिस्ट्रेशन ,ओला-टीवीएस और एथर एनर्जी टॉप पर

Advertisement
Last Updated- February 28, 2023 | 10:40 PM IST
Ola Electric Q4 results

तीन इलेक्ट्रिक दोपहिया कंपनियों – ओला इलेक्ट्रिक, टीवीएस मोटर्स और एथर एनर्जी ने कैलेंडर वर्ष 2023 के पहले दो महीने के दौरान सभी 1,26,349 इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों के पंजीकरण में संयुक्त रूप से 60 प्रतिशत हिस्सेदारी दर्ज की है। केवल फरवरी में भी उनकी सामूहिक हिस्सेदारी 61 प्रतिशत तक पहुंच गई है।

प्रभावित कंपनियों में से कई का कहना है कि सरकार के कुछ प्रमुख कंपनियों की फेम सब्सिडी निलंबित करने के फैसले के परिणाम स्वरूप ऐसा हुआ है। पूर्व शर्तों का उल्लंघन करने के आरोप के बाद इन कंपनियों की जांच लंबित थी।

कैलेंडर वर्ष 2022 के दौरान कुल पंजीकरण में ओला, टीवीएस और एथर की सामूहिक रूप से केवल 34 प्रतिशत हिस्सेदारी थी।

लेकिन वर्ष 2022 में ओकिनावा और हीरो इलेक्ट्रिक, जो सब्सिडी के संबंध में जांच के दायरे में रही हैं, ने पिछले साल पंजीकृत कुल छह लाख इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों में 32 प्रतिशत हिस्सेदारी हासिल की थी। लेकिन अब उनकी हिस्सेदारी वर्ष 2023 के पहले दो महीने में आधे से भी कम (16 प्रतिशत) रह गई है।

कुछ हद तक फेम-2 सब्सिडी की दिक्कतों और निश्चित रूप से महीने के कम दिनों की वजह से फरवरी में पंजीकरण पिछले महीनों की तुलना में साफ तौर पर धीमा हुआ है। ई-दोपहिया वाहनों के पंजीकरण में चार प्रतिशत से भी ज्यादा गिरावट आई है।

एसएमईवी के अधिकारियों का कहना है कि अगस्त से 1,200 करोड़ रुपये की फेम-2 सब्सिडी लंबित है, जिससे कई कंपनियों की कार्यशील पूंजी प्रभावित हुई है।

Advertisement
First Published - February 28, 2023 | 10:40 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement