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महिला नक्सली ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक और उपायुक्त को चाय पिलायी

PTI

- August,17 2013 10:03 PM IST

वर्ष 2011 में 18 मई को एक अन्य महिला नक्सली गीता गंझू के साथ रांची के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के समक्ष आत्मसमर्पण करने वाली पूर्व महिला नक्सली कमांडर रेशमी महली ने दूरदृष्टि के साथ आत्मसमर्पण के लिए सरकार से मिले डेढ़ लाख रुपये से जिला उपायुक्त कार्यालय में ही अपनी कैंटीन खोलने के लिए जगह मांगी थी जिसे हाल में स्वीकृत कर लिया गया।

उपायुक्त विनय कुमार चौबे और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक साकेत कुमार सिंह ने न सिर्फ इस पूर्व महिला नक्सली को उपायुक्त कार्यालय परिसर में कैंटीन खोलने की अनुमति दी बल्कि उसकी कैंटीन का स्वयं उद्घाटन कर उसका उत्साहवद्र्धर्न किया।

रेशमी ने भी पत्रकारों से बातचीत में कहा कि नौ वर्ष पूर्व 2004 में ही वह एक नक्सली दस्ते में उस समय शामिल हो गयी थी जब वह नौवीं कक्षा में पढ़ती थी।

उसने कहा, मैं आठ वर्ष के अपने बेटे का जीवन बर्बाद होते नहीं देख सकती थी। उसे हिंसा की छाया में पालना मुझे गंवारा नहीं था जिसके चलते मैंने हथियार का रास्ता छोड़कर शांति का मार्ग अपनाया। मैं भी अब मानती हूं कि हिंसा से कोई रास्ता नहीं निकल सकता है। सभी को बैठकर बातचीत करनी चाहिए जिससे नक्सल समस्या का समाधान हो सके।

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