इस्लामाबाद, 19 अक्तूबर :भाषा: पाकिस्तान की संघीय जांच एजेंसी ने आज कहा कि पूर्व राष्ट्रपति परवेज मुशर्रफ द्वारा वर्ष 2007 में लगाए गए आपातकाल के मामले की जांच वह छह सप्ताह में पूरी कर लेगा।
द डॉन अखबार ने अपनी वेबसाइट पर लिखा है, जांच एजेंसी एफइआईए के महानिदेशक सौद मिर्जा ने कहा कि जांच की प्रक्रिया के तहत कुछ नौकरशाहों के बयान दर्ज किए जा चुके हैं ।
उन्होंने कहा कि जांच छह सप्ताह के भीतर पूरी हो जाएगी ।
मिर्जा ने कहा कि गृह मंत्री के निर्देशानुसार यह जांच शुरू की गई है और मुशर्रफ का बयान जल्दी ही दर्ज किया जाएगा ।
हालांकि सरकार ने जून के अंत में ही जांच के आदेश दे दिए थे लेकिन गृहमंत्री चौधरी निसार अली खान ने 12 अक्तूबर को कहा कि उन्होंने एफआईए को मुशर्रफ के खिलाफ चल रहे देशद्रोह के मामले की जांच तेजी से करने को कहा है और इसे छह सप्ताह के भीतर समाप्त करने को भी कहा ।
नवंबर 2007 में आपातकाल लगाकर संविधान का उल्लंघन करने के मामले में मुशर्रफ के खिलाफ मुकदमा चल रहा है । आपातकाल उसी वर्ष 15 दिसंबर तक चला था ।
उच्चतम न्यायालय ने जुलाई 2009 में अपने फैसले में कहा था कि आपातकाल लागू करने का सैन्य तानाशाह का फैसला असंवैधानिक और गैरकानूनी था ।
मुशर्रफ पर इसके अलावा पूर्व प्रधानमंत्री बेनजीर भुट्टो और बलूच राष्ट्रवादी नेता अकबर बुग्ती की हत्या का मामला भी चल रहा है । फिलहाल अदालत ने उन्हें तीनों मामलों में जमानत दे दी है ।