facebookmetapixel
Jio BlackRock AMC का इन्वेस्टर बेस 10 लाख तक: 18% नए निवेशक शामिल, 2026 का रोडमैप जारीBudget 2026: MSME सेक्टर और छोटे कारोबारी इस साल के बजट से क्या उम्मीदें लगाए बैठे हैं?PhonePe IPO को मिली SEBI की मंजूरी, कंपनी जल्द दाखिल करेगी अपडेटेड DRHPBudget 2026: क्या इस साल के बजट में निर्मला सीतारमण ओल्ड टैक्स रिजीम को खत्म कर देगी?Toyota ने लॉन्च की Urban Cruiser EV, चेक करें कीमत, फीचर्स, डिजाइन, बैटरी, बुकिंग डेट और अन्य डिटेलसोना-चांदी ने तोड़े सारे रिकॉर्ड, गोल्ड पहली बार ₹1.5 लाख के पार, चांदी ₹3.30 लाख के करीबPSU Bank Stock: लंबी रेस का घोड़ा है ये सरकारी शेयर, ब्रोकरेज ने ₹150 तक के दिये टारगेटबैंकिंग सेक्टर में बदल रही हवा, मोतीलाल ओसवाल की लिस्ट में ICICI, HDFC और SBI क्यों आगे?Suzlon Energy: Wind 2.0 से ग्रोथ को लगेंगे पंख! मोतीलाल ओसवाल ने कहा- रिस्क रिवार्ड रेश्यो बेहतर; 55% रिटर्न का मौका₹12.80 से 21% फिसला वोडाफोन आइडिया का शेयर, खरीदें, होल्ड करें या बेचें?

NSE बना दुनिया का चौथा सबसे बड़ा IPO प्लेटफॉर्म, पहले 6 महीने में जुटाए 5.51 अरब डॉलर

यह 2025 की पहली छमाही में दुनिया भर में आईपीओ से जुटाई गई राशि 61.95 अरब डॉलर की 8.9 प्रतिशत है।

Last Updated- July 14, 2025 | 11:21 PM IST
NSE

एसऐंडपी ग्लोबल मार्केट इंटेलिजेंस की रिपोर्ट के अनुसार भारत का नैशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) कैलेंडर वर्ष 2025 की पहली छमाही में 5.51 अरब डॉलर की फंड पेशकश के साथ वैश्विक आईपीओ (आरंभिक सार्वजनिक निर्गम) तालिका में चौथे स्थान पर रहा। आंकड़ों के अनुसार यह 2025 की पहली छमाही में दुनियाभर में आईपीओ से जुटाई गई कुल राशि 61.95 अरब डॉलर का 8.9 प्रतिशत है।

रिपोर्ट के अनुसार निर्गमों के मामले में शीर्ष तीन स्थानों पर नैस्डैक ग्लोबल मार्केट, एनवाईएसई और नैस्डैक ग्लोबल सेलेक्ट मार्केट का कब्जा रहा। इनके जरिए 2025 की पहली छमाही में 28.95 अरब डॉलर जुटाने के लिए आईपीओ की पेशकश हुई जो कुल वैश्विक निर्गम 61.95 अरब डॉलर का 46.73 प्रतिशत है। हालांकि निर्गमों के मामले में नैस्डैक ग्लोबल मार्केट के 66 आईपीओ की तुलना में एनएसई 73 आईपीओ के साथ तालिका में शीर्ष पर रहा। विश्लेषण में 1 जनवरी, 2025 से 30 जून, 2025 के बीच दुनिया भर के स्टॉक एक्सचेंजों में संपन्न हुए आईपीओ की कुल राशि को शामिल किया गया है।

एसऐंडपी ग्लोबल मार्केट इंटेलिजेंस के आंकड़ों के अनुसार 2025 के पहले छह महीनों के दौरान भारत में 119 आईपीओ आए जिनसे कुल 51,150 करोड़ रुपये जुटाए गए। आंकड़ों के अनुसार 2024 में इसी अवधि में 157 नई सूचीबद्धताओं के माध्यम से आईपीओ से जुटाई गई राशि 37,682 करोड़ रुपये थी। भारतीय एक्सचेंजों ने 2024 में 333 नई सूचीबद्धताओं के माध्यम से कुल 1.713 लाख करोड़ रुपये जुटाए।

विश्लेषकों का अनुमान है कि यदि सेकंडरी बाजार अनुकूल बने रहे तो वर्ष 2025 की दूसरी छमाही में भारत में आईपीओ गतिविधियां मजबूत बनी रहेंगी।

ईवाई के विश्लेषकों ने एक नोट में कहा, ‘अगर आर्थिक हालात स्थिर होते हैं तो वर्ष की दूसरी छमाही में आईपीओ गतिविधियों में तेजी आ सकती है। उचित कीमत वाले, बुनियादी रूप से मजबूत आईपीओ के प्रति निवेशकों की दिलचस्पी बनी हुई है जिससे बाजार में नई लिस्टिंग में तेजी आने की संभावना है।’

निप्पॉन इंडिया म्युचुअल फंड में इक्विटी निवेश के मुख्य निवेश अधिकारी शैलेश राज भान के अनुसार खासकर तेजी के बाजार के रुझान को देखते हुए नए इश्यू/आईपीओ की मांग अभी भी मजबूत बनी हुई है।

First Published - July 14, 2025 | 11:00 PM IST

संबंधित पोस्ट