ITC Target Price: सिगरेट बनाने वाली कंपनी आईटीसी के शेयरों में भारी बिकवाली देखने को मिली है। दो ट्रेडिंग सेशन में शेयर करीब 15 प्रतिशत टूट गया है। कंपनी के शेयरों में यह गिरावट सरकार के उसे फैसले के चलते आई है जिसमे तंबाकू उत्पादों पर एडिशनल एक्ससाइज ड्यूटी बढ़ाने की घोषणा की गई है। सरकार के इस एलान के बाद से शेयर में दबाव देखा जा रहा है। एनालिस्ट्स ने सिगरेट कंपनी के अगले दो वर्षों के आय अनुमानों में भारी कटौती की है। उन्हें आशंका है कि सरकार के तंबाकू पर घोषित उत्पाद शुल्क में भारी वृद्धि के बाद कंपनी की प्रॉफिटेबिलिटी और मार्जिन में काफी गिरावट आएगी।
नोमुरा, पीएल कैपिटल और एमके ग्लोबल फाइनेंशियल सर्विसेज समेत ज्यादातर ब्रोकरेज फर्मों ने आईटीसी के शेयर पर अपने रेटिंग डाउनग्रेड कर दी है। मोतीलाल ओसवाल और जेपी मॉर्गन ने शेयर की रेटिंग को ‘Neutral’ कर दिया है। जबकि जेफरीज और नुवामा इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज ने इसे ‘Hold’ की रेटिंग दी है। वहीं मॉर्गन स्टैनली ने आईटीसी पर ‘Equal weight’ रेटिंग दी है।
एमके ग्लोबल ने कहा कि मौजूदा मैक्सिमम रिटेल प्राइस पर किंग साइज फिल्टर, लॉन्ग साइज फिल्टर और रेगुलर साइज फिल्टर सिगरेट पर प्रति स्टिक कर भुगतान 50 प्रतिशत से अधिक बढ़ सकता है। जबकि डबल साइज फिल्टर सिगरेट पर यह बढ़ोतरी 26 प्रतिशत रहेगी।
ब्रोकरेज का अनुमान है कि कंपनी अपने उत्पादों की कीमतों में लगभग 32 प्रतिशत तक चरणबद्ध बढ़ोतरी कर सकती है। इसके साथ ही उसने आईटीसी का टारगेट प्राइस 475 रुपये से घटाकर 350 रुपये कर दिया है।
मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज ने कहा कि हालांकि तंबाकू उद्योग इस कर वृद्धि का विरोध कर रहा है। लेकिन नोटिफाइड टैक्स में किसी तरह का बदलाव नहीं होने की स्थिति में कानूनी सिगरेट बाजार पर इसका बड़ा असर पड़ेगा।
ब्रोकरेज के अनुसार, कंपनी के लिए मुनाफे को बचाए रखना एक बड़ी चुनौती होगी। कीमत बढ़ाने की रणनीति यह तय करने में अहम होगी कि इसका बिक्री मात्रा और परिचालन लाभ पर कितना असर पड़ता है।
ब्रोकरेज ने वित्त वर्ष 2027 में परिचालन लाभ में 6 प्रतिशत की गिरावट का अनुमान जताया है और मूल्य वृद्धि की प्रक्रिया पर नजर बनाए रखने की बात कही है। इसने लक्ष्य मूल्य घटाकर 400 रुपये कर दिया है।
पीएल कैपिटल का अनुमान है कि अलग-अलग सिगरेट श्रेणियों में 23 से 50 प्रतिशत तक कीमतों में बढ़ोतरी हो सकती है। इसके चलते वित्त वर्ष 2027 में सिगरेट की बिक्री मात्रा में 12.5 प्रतिशत की गिरावट आ सकती है, जबकि वित्त वर्ष 2028 में बिक्री मात्रा की वृद्धि 2.5 प्रतिशत रहने का अनुमान है। पहले इन वर्षों के लिए क्रमशः 4.7 प्रतिशत और 4.5 प्रतिशत वृद्धि का अनुमान लगाया गया था। पीएल कैपिटल ने वित्त वर्ष 2027 और 2028 के लिए प्रति शेयर आय के अनुमान में क्रमशः 11.2 प्रतिशत और 11.9 प्रतिशत की कटौती की है।
हालांकि, रिलायंस ब्रोकिंग ने कहा कि ड्यूटी बढ़ोतरी से शॉर्ट टर्म में मार्जिन और बिक्री मात्रा पर दबाव पड़ सकता है। लेकिन भारत में सिगरेट की मांग कीमतों के प्रति कम संवेदनशील होने के कारण आईटीसी समय के साथ इस असर की भरपाई कर सकती है।
Also Read | 32% रिटर्न देने को तैयार ये Media Stock, ब्रोकरेज ने कहा- कंसोलिडेशन का फेस पूरा; अब भरेगा उड़ान
ब्रोकरेज का कहना है कि बैलेंस्ड प्राइस वृद्धि, उत्पाद मिश्रण में सुधार, लागत नियंत्रण और पैमाने का लाभ, साथ ही गैर-सिगरेट उपभोक्ता उत्पाद, होटल और कृषि कारोबार से बढ़ता योगदान, लंबे समय में कंपनी की आय को सहारा दे सकता है।
(डिस्क्लेमर: यहां शेयर में खरीदारी/बेचने की सलाह ब्रोकरेज ने दी है। बाजार में निवेश जोखिमों के अधीन है। निवेश संबंधी फैसला करने से पहले अपने एडवाइजर से परामर्श कर लें।)