facebookmetapixel
Advertisement
क्या आपके बच्चे का बैंक अकाउंट नहीं है? फिर भी इन ऐप्स से दे सकते हैं पॉकेट मनीपश्चिम एशिया संघर्ष पर चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग का बड़ा बयान, पुतिन संग बैठक में उठाया मुद्दाAI की रेस में Google का बड़ा दांव, नया Gemini और स्मार्ट Search फीचर्स देख दंग रह जाएंगे आपUN ने घटाया भारत की GDP ग्रोथ का अनुमान, फिर भी दुनिया की सबसे तेज अर्थव्यवस्थाओं में शामिलNBFC Stocks: चोलामंडलम, श्रीराम फाइनेंस और इंडिया शेल्टर बने ब्रोकरेज के टॉप पिक, जानिए क्यों बढ़ा भरोसाSuper El Niño: 2026 में रिकॉर्ड तोड़ गर्मी ला सकता है सुपर एल नीनो, IMD भी अलर्ट₹148 से ₹220 तक टारगेट, आखिर IGL को लेकर क्यों बंटे हुए हैं एक्सपर्ट्स?ईरान युद्ध में US के 42 जेट और ड्रोन तबाह; F-15E, F-35A जैसे फाइटर जेट भी हुए नष्टRupee Record Low: रुपये में बड़ी गिरावट, डॉलर के मुकाबले पहली बार 96.89 के रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंचा₹135 पर ट्रेड कर रहा PSU Stock, लेकिन ब्रोकरेज को दिख रहा ₹200 का लेवल, खरीदें या होल्ड करें?

Energy Sector को लेकर इंडिया-जापान साथ-साथ, ज्वाइंट वर्किंग ग्रुप्स के जरिए करेंगे काम

Advertisement

भारत के विद्युत मंत्रालय, नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय, पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय और कोयला मंत्रालय ने प्रगति और आगामी सहयोग की योजनाओं पर रिपोर्ट पेश की। 

Last Updated- August 25, 2025 | 5:33 PM IST
India Japan Investment Plan

भारत और जापान ने स्वच्छ ऊर्जा साझेदारी (Japan-India Clean Energy Partnership) के तहत अपने ऊर्जा सहयोग को और मजबूत करते हुए एक उच्च स्तरीय मंत्री स्तरीय संवाद आयोजित किया। यह संवाद वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संपन्न हुआ, जिसकी सह-अध्यक्षता भारत सरकार के विद्युत एवं आवास और शहरी कार्य मंत्री मनोहर लाल और जापान के अर्थव्यवस्था, व्यापार और उद्योग मंत्री मूटो योजी ने की।

Ministry of Power प्रवक्ता ने बताया कि भारत-जापन ने ऊर्जा सुरक्षा, स्वच्छ ऊर्जा संक्रमण, और जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। भारत-जापान ऊर्जा संवाद (India-Japan Energy Dialogue) और विभिन्न क्षेत्रीय संयुक्त कार्य समूहों (JWGs) के माध्यम से इस सहयोग को संस्थागत रूप दिया गया है।

  • ऊर्जा सुरक्षा और समावेशी विकास:
    दोनों पक्षों ने ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत करने और समावेशी आर्थिक विकास को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्धता जताई। 
  • प्रगति की समीक्षा और भविष्य की योजनाएं:
    भारत के विद्युत मंत्रालय (MoP), नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय (MNRE), पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय (MoPNG), और कोयला मंत्रालय ने अपने-अपने क्षेत्रों में हुई प्रगति और आगामी सहयोग की योजनाओं पर विस्तृत प्रस्तुतियाँ दीं। 
  • प्रमुख क्षेत्रों में सहयोग:
    दोनों देशों ने ऊर्जा दक्षता, स्वच्छ हाइड्रोजन, अमोनिया, और नवीकरणीय ऊर्जा जैसे क्षेत्रों में हुई प्रगति का स्वागत किया। इसके अलावा, कार्बन कैप्चर, उपयोग और भंडारण (CCUS), हरित रसायन, बायोफ्यूल्स और उन्नत ऊर्जा तकनीकों में सहयोग को और बढ़ाने पर सहमति व्यक्त की। 

मंत्रियों ने यह भी दोहराया कि भारत-जापान की यह साझेदारी इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में एक सुरक्षित, लचीला और सतत ऊर्जा प्रणाली विकसित करने में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाती रहेगी।

यह संवाद ऐसे समय पर हुआ है जब दुनिया भर में ऊर्जा संक्रमण और जलवायु परिवर्तन के प्रति सजगता बढ़ रही है। भारत और जापान जैसे दो प्रमुख लोकतांत्रिक देश अपने तकनीकी और नीति सहयोग से वैश्विक ऊर्जा भविष्य को दिशा देने में सक्षम बनते जा रहे हैं।

In Parliament: राज्यसभा में भी ध्वनिमत से पारित हुआ ‘ऑनलाइन गेमिंग प्रोत्साहन और विनियमन विधेयक, 2025’

Fitch Ratings ने भारत की सॉवरेन क्रेडिट रेटिंग ‘BBB-’ पर बरकरार रखी

 

Advertisement
First Published - August 25, 2025 | 5:33 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement