Tata Elxsi Q3 Results: टाटा एलेक्सी के दिसंबर तिमाही (Q3FY26) के नतीजों ने पहली नजर में राहत जरूर दी है, लेकिन तस्वीर अभी पूरी तरह साफ नहीं है। कामकाज में सुधार के संकेत मिले हैं, मगर ग्रोथ की कहानी हर बिजनेस सेगमेंट में एक जैसी नहीं दिख रही। यही वजह है कि बेहतर नतीजों के बावजूद ब्रोकरेज फर्म मोतीलाल ओसवाल और च्वाइस इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज शेयर पर सतर्क रुख अपनाए हुए हैं। दोनों ब्रोकरेज ने न सिर्फ ‘सेल’ (Sell) रेटिंग बरकरार रखी है, बल्कि टारगेट प्राइस भी घटा दिया है, जिससे निवेशकों के सामने बड़ा सवाल खड़ा हो गया है- क्या सुधार काफी है, या अभी निकलने का वक्त है?
मोतीलाल ओसवाल के मुताबिक, टाटा एलेक्सी का दिसंबर तिमाही में रेवेन्यू 107 मिलियन डॉलर रहा, जो पिछली तिमाही के मुकाबले 3.2 प्रतिशत बढ़ा। यह बाजार के अनुमान से बेहतर रहा। कंपनी का ऑपरेटिंग मार्जिन भी सुधरकर 20.9 प्रतिशत पर पहुंच गया, जो पिछली तिमाही से 2.4 प्रतिशत अंक ज्यादा है।
ब्रोकरेज रिपोर्ट के अनुसार, ग्रोथ का बड़ा हिस्सा ट्रांसपोर्टेशन बिजनेस से आया, जहां रेवेन्यू 7 प्रतिशत से ज्यादा बढ़ा। यह बढ़त सॉफ्टवेयर-डिफाइंड व्हीकल (SDV) से जुड़े प्रोजेक्ट्स और बड़े ऑटोमोबाइल ग्राहकों के साथ काम बढ़ने से हुई। हालांकि, मीडिया एंड कम्युनिकेशन और हेल्थकेयर एंड लाइफ साइंसेज जैसे सेगमेंट में कमजोरी बनी रही, क्योंकि ग्राहकों का खर्च अभी भी सीमित है।
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कंपनी का मुनाफा बेहतर उपयोग (utilisation), लागत नियंत्रण और कर्मचारियों की संख्या घटने से बढ़ा है। लेकिन ब्रोकरेज का कहना है कि अगली तिमाही में वेतन बढ़ोतरी का असर मार्जिन पर पड़ सकता है। मोतीलाल ओसवाल का मानना है कि मार्जिन में पूरी तरह सुधार धीरे-धीरे होगा और FY27 के अंत तक ही पुराने स्तर पर पहुंच पाएगा।
वित्त वर्ष 2026 के पहले नौ महीनों में टाटा एलेक्सी का रेवेन्यू, ऑपरेटिंग प्रॉफिट और मुनाफा, तीनों में साल-दर-साल आधार पर गिरावट दर्ज की गई है। हालांकि, ब्रोकरेज को उम्मीद है कि मार्च तिमाही में कंपनी का प्रदर्शन बेहतर हो सकता है।
मोतीलाल ओसवाल का कहना है कि टाटा एलेक्सी का शेयर अभी भी महंगे वैल्यूएशन पर ट्रेड कर रहा है। मौजूदा भाव पर शेयर का फॉरवर्ड पी/ई करीब 43 गुना है, जो कमजोर और असमान ग्रोथ को देखते हुए सही नहीं लगता। इसी वजह से ब्रोकरेज ने शेयर पर 4,700 रुपये का टारगेट प्राइस तय करते हुए सेल रेटिंग दी है।
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च्वाइस इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज ने भी कहा है कि टाटा एलेक्सी के कामकाज में स्थिरता के संकेत दिख रहे हैं, लेकिन मीडियम-टर्म रिकवरी का बड़ा हिस्सा पहले ही शेयर की कीमत में शामिल हो चुका है। इसी वजह से ब्रोकरेज ने शेयर पर ‘सेल’ (Sell) रेटिंग बनाए रखी है और इसका टारगेट प्राइस 4,700 रुपये तय किया है। ब्रोकरेज का मानना है कि अगर ट्रांसपोर्टेशन और हेल्थकेयर एंड लाइफ साइंसेज सेगमेंट में लगातार दोहरे अंक की ग्रोथ देखने को मिलती है और ऑपरेटिंग मार्जिन में टिकाऊ सुधार आता है, तभी शेयर में दोबारा तेजी की गुंजाइश बन सकती है।
डिस्क्लेमर: यहां दी गई राय ब्रोकरेज की है। बिज़नेस स्टैंडर्ड इन विचारों से सहमत होना जरूरी नहीं समझता और निवेश से पहले पाठकों को अपनी समझ से फैसला करने की सलाह देता है।