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दिल्ली की सीमा एक और हफ्ते तक सील रहेगी

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Last Updated- December 15, 2022 | 8:23 PM IST

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं होने से पड़ोसी राज्यों से मरीजों की आवक बढऩे की आशंका को देखते हुए दिल्ली सरकार ने उत्तर प्रदेश और हरियाणा से लगी अपनी सीमाओं को अगले हफ्ते तक बंद रखने की घोषणा की है।
दिल्ली सरकार के सीमाएं सील करने के फैसले से नोएडा, फरीदाबाद और गुरुग्राम से लगी दिल्ली की सीमाओं पर आज अफरातफरी का आलम दिखा। जरूरी सेवाओं में लगे वाहनों और वैध पास रखने वाले लोगों को ही केवल दिल्ली के भीतर घुसने की इजाजत दिए जाने से इन प्रवेश-बिंदुओं पर जाम की स्थिति पैदा हो गई।
दरअसल एक दिन पहले केंद्रीय गृह मंत्रालय ने एक राज्य से दूसरे राज्य में जाने के लिए किसी तरह के पास की अनिवार्यता को खत्म करने संबंधी दिशानिर्देश जारी किए थे। हालांकि उसमें भी राज्य सरकारों को अपने हिसाब से नियम तय करने की बात कही गई है। बहरहाल सुबह तक स्थिति साफ न होने से लोग बड़ी संख्या में अपने वाहन लेकर सड़कों पर आ गए लेकिन दिल्ली की सीमा में घुसने की अनुमति नहीं मिलने से उनकी परेशानी बढ़ गई। दिल्ली से लगी अपनी सीमाओं को सील करने वाले हरियाणा ने उच्च न्यायालय के दखल के बाद ही पाबंदियों में कुछ ढील दी थी लेकिन अनलॉक-1 की शुरुआत होते ही आवाजाही पर लगी सभी पाबंदियां हटाने का ऐलान कर दिया। लोगों ने इसका यही मतलब निकाला कि हरियाणा के लोग अब किसी रोकटोक के बगैर दिल्ली जा सकते हैं लेकिन दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के सीमा एक और हफ्ते तक बंद रखने के फैसले ने उनकी मुश्किल बढ़ा दी।
केजरीवाल ने कहा, ‘जैसे ही हम दिल्ली की सीमाएं खोलेंगे, देश भर से लोग इलाज के लिए दिल्ली का रुख करने लगेंगे।’ उन्होंने कहा कि बाहरी राज्यों के लोगों के आने से दिल्ली में कोरोनावायरस के संक्रमण का खतरा और बढ़ सकता है।
उन्होंने दिल्ली की बंद सीमाएं खोलने के बारे में स्थानीय लोगों से 5 जून तक सुझाव भी मांगे हैं। दिल्लीवासी सीमाएं खोलने के बारे में अपनी राय मुख्यमंत्री को व्हाट्सऐप या ई-मेल के जरिये दे सकते हैं। केजरीवाल ने कहा, ‘दिल्ली के लोगों से मिले सुझावों के आधार पर हम एक हफ्ते बाद अपनी सीमा खोलने के बारे में कोई फैसला करेंगे।’
हालांकि खुद दिल्ली के भीतर अधिकांश पाबंदियां हटा ली गई हैं। हेयर सलून एवं नाई की दुकानें खोलने की इजाजत दे दी गई है लेकिन स्पा सेंटर अब भी बंद ही रहेंगे। बाकी सभी तरह की दुकानों को खोलने की मंजूरी दे दी गई है। इसके अलावा ई-रिक्शा, ऑटो और टैक्सी के भीतर बैठने वाले लोगों की संख्या पर लगी पाबंदी भी खत्म कर दी गई है। केजरीवाल ने एक बार फिर कहा कि दिल्ली के पास कोरोनावायरस संक्रमितों के इलाज का समुचित ढांचा तैयार है। उन्होंने कहा, ‘अगर आपके घर में कोई कोरोना संक्रमित है तो हम उसका इलाज करेंगे।’ देश के अन्य राज्यों में भी लॉकडाउन की वजह से लगी अधिकांश पाबंदियां आज से हटा ली गईं। तमिलनाडु की राजधानी चेन्नई में बाजार फिर से खुल गए तो असम सरकार ने सलून एवं नाई की दुकानें खोलने की बात कही। वहीं उत्तर प्रदेश ने कंटेनमेंट जोन के बाहर शराब बिक्री की दुकानों पर लगी पाबंदियों में थोड़ी ढील देने की घोषणा की है। हालांकि दिल्ली से लगी गाजियाबाद और नोएडा की सीमाएं पहले की तरह सीलबंद रहेंगी।

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First Published - June 1, 2020 | 11:05 PM IST

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