facebookmetapixel
फ्लाइट में पावर बैंक पर सख्ती: DGCA के आदेश के बाद एयरलाइंस ने बदला नियम, यात्रियों के लिए अलर्टZomato हर महीने 5,000 गिग वर्कर्स को नौकरी से निकालता है, 2 लाख लोग खुद छोड़ते हैं काम: गोयलनया इनकम टैक्स कानून कब से लागू होगा? CBDT ने बताई तारीख, अधिकारियों से तैयार रहने को कहाUS Venezuela Attack: वेनेजुएला पर अमेरिकी कार्रवाई: वैश्विक तेल आपूर्ति पर क्या असर?GST में बदलाव के बाद भी SUV की यूज्ड कार मार्केट पर दबदबा बरकरार, युवा खरीदारों की पहली पसंदक्या बीमा कंपनियां ग्राहकों को गलत पॉलिसी बेच रही हैं? IRDAI ने कहा: मिस-सेलिंग पर लगाम की जरूरतजिस तरह अमेरिका ने वेनेजुएला से मादुरो को उठा लिया, क्या उसी तरह चीन ताइवान के साथ कर सकता है?कहीं आपकी जेब में तो नहीं नकली नोट? RBI ने बताया पहचानने का आसान तरीकाकई बड़े शहरों में नहीं बिक रहे घर! मेट्रो सिटी में अनसोल्ड घरों का लगा अंबार, 2025 में आंकड़ा 5.7 लाख के पारMCap: शेयर बाजार की तेजी में टॉप 7 कंपनियों का मुनाफा, ₹1.23 लाख करोड़ बढ़ा मार्केट कैप

2025 में सामान्य से ज्यादा होगी बारिश! महंगाई से मिल सकती है राहत: IMD

IMD ने कहा – इस साल अच्छी बारिश होगी, खेती और सरकार दोनों को फायदा

Last Updated- April 15, 2025 | 4:17 PM IST
IMD

भारत मौसम विभाग (IMD) ने कहा है कि 2025 में देश में सामान्य से ज़्यादा बारिश हो सकती है। यह बारिश पूरे औसत का लगभग 105% हो सकती है। अगर ऐसा होता है तो यह सरकार के लिए राहत की बात होगी, क्योंकि इससे महंगाई को कम करने में मदद मिल सकती है। IMD की बात देश की निजी मौसम एजेंसी स्काइमेट की भविष्यवाणी से भी मिलती-जुलती है। स्काइमेट ने पिछले हफ्ते कहा था कि इस साल जून से सितंबर के बीच होने वाला दक्षिण-पश्चिम मॉनसून सामान्य रहेगा और यह औसत का 103% हो सकता है।

सामान्य बारिश का मतलब क्या होता है?

भारत में जून से सितंबर के बीच औसतन 87 सेंटीमीटर बारिश होती है। अगर यह 96% से 104% के बीच हो, तो उसे ‘सामान्य’ बारिश माना जाता है। IMD ने जो कहा है, वह इस दायरे से थोड़ा ज़्यादा है, यानी ‘सामान्य से ऊपर’ की बारिश। इस बार बारिश के लिए मौसम के हालात भी अच्छे हैं। एल नीनो का असर पहले मौसम को बिगाड़ता था, अब वह कमजोर हो गया है। साथ ही, समुद्र और बर्फबारी के हालात भी ऐसे हैं जो भारत में अच्छी बारिश ला सकते हैं।

2024 में भी भारत में अच्छी बारिश हुई थी। पूरे देश में जून से सितंबर तक 935 मिमी बारिश हुई, जो सामान्य से 8% ज़्यादा थी। यह पिछले तीन सालों में सबसे अच्छी बारिश थी। अगर इस साल भी अच्छी बारिश होती है तो खरीफ फसलें जैसे धान, मक्का आदि अच्छी होंगी। इससे खेतों में नमी बनी रहेगी, जिससे अगली फसल यानी रबी को भी फायदा होगा।

जलाशयों में भी बढ़ेगा पानी

बारिश से देश के जलाशयों में पानी भरने में भी मदद मिलेगी। अभी कई जलाशयों में पानी की कमी है। अच्छी बारिश से वहां भी हालात सुधरेंगे।

First Published - April 15, 2025 | 4:17 PM IST

संबंधित पोस्ट