facebookmetapixel
Shadowfax IPO: ₹1,907 करोड़ का आईपीओ खुला, सब्सक्राइब करना चाहिए या नहीं ? जानें ब्रोकरेज की रायजो शेयर दौड़ रहा है, वही बनेगा हीरो! क्यों काम कर रहा बाजार का यह फॉर्मूलाStocks to watch: LTIMindtree से लेकर ITC Hotels और UPL तक, आज इन स्टॉक्स पर रहेगा फोकसStock Market Update: शेयर बाजार की सपाट शुरुआत, सेंसेक्स 58 अंक टूटा; निफ्टी 25600 के नीचे₹675 का यह शेयर सीधे ₹780 जा सकता है? वेदांत समेत इन दो स्टॉक्स पर BUY की सलाहछत्तीसगढ़ के हर जिले में निवेश बढ़ा, रायपुर से परे औद्योगिक विकास का नया चेहरा: सायWEF में भारत को सराहा गया, टेक महिंद्रा सहित भारतीय कंपनियों का AI में वैश्विक स्तर पर जोरदार प्रदर्शनIndia Manufacturing Index 2026: भारत छठे पायदान पर, बुनियादी ढांचे और कर नीति में सुधार की जरूरतभारत-यूएई रिश्तों में नई छलांग, दोनों देशों ने 2032 तक 200 अरब डॉलर व्यापार का रखा लक्ष्यचांदी ने तोड़ा सारे रिकॉर्ड: MCX पर 5% उछाल के साथ ₹3 लाख प्रति किलो के पार, आगे और तेजी के संकेत

चलन में बढ़ी 500 रुपये के नोट की हिस्सेदारी; RBI Report में पता चली मूल्य और संख्या में बढ़ोतरी की वजह

31 मार्च 2024 तक के आंकड़ों के मुताबिक मू्ल्य के हिसाब से कुल मुद्रा में 500 के नोट की हिस्सेदारी बढ़कर 86.5 प्रतिशत हो गई है, जो मार्च 2023 में 77.1 प्रतिशत थी।

Last Updated- May 30, 2024 | 10:49 PM IST
money

RBI Annual Report 2024: भारतीय रिजर्व बैंक की सालाना रिपोर्ट के मुताबिक 2023-24 के दौरान प्रचलन में बैंक नोट मूल्य व संख्या के हिसाब से क्रमशः 3.9 प्रतिशत और 7.8 प्रतिशत बढ़े हैं, जबकि इसके पहले के वित्त वर्ष में क्रमशः 7.8 प्रतिशत और 4.4 प्रतिशत वृद्धि हुई थी।

31 मार्च 2024 तक के आंकड़ों के मुताबिक मू्ल्य के हिसाब से कुल मुद्रा में 500 के नोट की हिस्सेदारी बढ़कर 86.5 प्रतिशत हो गई है, जो मार्च 2020 में 60.8 प्रतिशत और मार्च 2023 में 77.1 प्रतिशत थी।

वित्त वर्ष 2023-24 के लिए रिजर्व बैंक की सालाना रिपोर्ट के मुताबिक 500 के नोट की हिस्सेदारी में वृद्धि 2000 रुपये के नोट की संख्या में कमी के कारण आई है, जिनकी वित्त वर्ष 2023 में हिस्सेदारी महज 0.2 प्रतिशत थी।

रिजर्व बैंक ने सालाना रिपोर्ट में कहा, ‘2023-24 के दौरान 500 रुपये के नोट की संख्या मूल्य के हिसाब से बड़ी है, जबकि 2,000 रुपये के नोट में तेज गिरावट आई है, जिसकी वजह इसे प्रचलन से बाहर किया जाना है।’

भारतीय रिजर्व बैंक पिछले साल से 2,000 रुपये के नोट वापस लेने की प्रक्रिया में है। हालांकि 2,000 रुपये के नोट अभी भी वैध मुद्रा हैं। रिजर्व बैंक ने कहा, ‘2,000 रुपये के करीब 89 प्रतिशत नोट अपना 4-5 साल का जीवन चक्र पूरा कर चुके हैं ।’

First Published - May 30, 2024 | 10:49 PM IST

संबंधित पोस्ट