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मुद्रास्फीति के मामले में चीजें सितंबर अंत तक बेहतर होने की उम्मीद: एसबीआई चेयरमैन

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Last Updated- December 11, 2022 | 4:36 PM IST

भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) के चेयरमैन दिनेश खारा ने मंगलवार को कहा कि सितंबर अंत तक महंगाई के मोर्चे पर स्थिति बेहतर हो सकती है। उन्होंने कहा कि आपूर्ति के स्तर पर जो बाधाएं थीं, उनका समाधान हुआ है तथा कच्चे तेल के दाम में नरमी से स्थिति बेहतर होने की उम्मीद है।

खारा ने यहां संवाददाताओं से कहा, ‘‘खुदरा मुद्रास्फीति के ताजा आंकड़ों के अनुसार जुलाई में यह 6.7 प्रतिशत रही है। आने वाले समय में स्थिति बेहतर होनी चाहिए। इसका कारण आपूर्ति संबंधी बाधाओं का समाधान होना है।’’

एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि मुद्रास्फीति का एक प्रमुख कारण कच्चे तेल के दाम हैं और अब इसमें भी कमी आ रही है। इससे महंगाई और नीचे आएगी। उन्होंने कहा, ‘‘…कुल मिलाकर उम्मीद है कि संभवत: सितंबर के अंत तक महंगाई की स्थिति अभी के मुकाबले बेहतर होगी।’’ एसबीआई चेयरमैन बैंक स्टार्टअप के लिये अत्याधुनिक शाखा शुरू किये जाने की घोषणा के बाद संवाददाताओं से बात कर रहे थे।

एक अन्य सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि रिजर्व बैंक के नीतिगत दर के निर्धारण में मुद्रास्फीति प्रमुख तत्व है। मौद्रिक नीति समिति (एमपीसी) नीतिगत दर के बारे में निर्णय करती है। समिति निर्णय पर पहुंचने से पहले विभिन्न आंकड़ों और वस्तुस्थिति पर गौर करती है। खारा ने कहा, ‘‘इसीलिए मुझे लगता है कि हमें एमपीसी की अगली बैठक तक इंतजार करना होगा…।’’ 

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First Published - August 16, 2022 | 7:23 PM IST

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