facebookmetapixel
Q3 Results: DLF का मुनाफा 13.6% बढ़ा, जानें Zee और वारी एनर्जीज समेत अन्य कंपनियों का कैसा रहा रिजल्ट कैंसर का इलाज अब होगा सस्ता! Zydus ने भारत में लॉन्च किया दुनिया का पहला निवोलुमैब बायोसिमिलरबालाजी वेफर्स में हिस्से के लिए जनरल अटलांटिक का करार, सौदा की रकम ₹2,050 करोड़ होने का अनुमानफ्लाइट्स कैंसिलेशन मामले में इंडिगो पर ₹22 करोड़ का जुर्माना, सीनियर वाइस प्रेसिडेंट हटाए गएIndiGo Q3 Results: नई श्रम संहिता और उड़ान रद्द होने का असर: इंडिगो का मुनाफा 78% घटकर 549 करोड़ रुपये सिंडिकेटेड लोन से भारतीय कंपनियों ने 2025 में विदेश से जुटाए रिकॉर्ड 32.5 अरब डॉलरग्रीनलैंड, ट्रंप और वैश्विक व्यवस्था: क्या महा शक्तियों की महत्वाकांक्षाएं नियमों से ऊपर हो गई हैं?लंबी रिकवरी की राह: देरी घटाने के लिए NCLT को ज्यादा सदस्यों और पीठों की जरूरतनियामकीय दुविधा: घोटालों पर लगाम या भारतीय पूंजी बाजारों का दम घोंटना?अवधूत साठे को 100 करोड़ रुपये जमा कराने का निर्देश 

Crude oil: रूस से सप्लाई प्रभावित, भारत ने कच्चे तेल की निविदाएं जारी कीं

एमआरपीएल ने 20 लाख बैरल तक स्वीट और सोर ग्रेड तेल की मांग की, बीपीसीएल 1.2 करोड़ बैरल मर्बन तेल खरीदने की योजना में

Last Updated- January 21, 2025 | 10:45 PM IST
India's import of Russian oil drops in Nov to lowest level since June 2022 छूट में कमी के बाद नवंबर में भारत का रूस से कच्चे तेल का आयात घटा

भारत में तेल शोधक मंगलूर रिफाइनरी और पेट्रोकेमिकल्स लिमिटेड (एमआरपीएल) और भारत पेट्रोकेमिकल्स लिमिटेड (बीपीसीएल) ने अमेरिका के रूस से कच्चे तेल की आपूर्ति पर कठोर प्रतिबंध लगाए जाने के मद्देनजर इस सप्ताह निविदाएं जारी की हैं। अमेरिका ने विश्व में तेल के दूसरे सबसे बड़े कच्चे तेल उत्पादक रूस के उत्पादन और टैंकरों की आपूर्ति को लक्ष्य बनाकर प्रतिबंध लगाए थे। इससे रूस से कच्चे तेल की आपूर्ति बाधित हो गई। इन प्रतिबंधों के लगाए जाने के एक सप्ताह के अधिक समय के बाद भारत की इन तेल शोधन इकाइयों ने यह निविदाएं जारी की हैं।

निविदा और सूत्रों के मुताबिक एमआरपीएल ने एक साल से अधिक समय के बाद कच्चे तेल के आयात के लिए निविदाएं जारी की हैं। इन निविदाओं में 16 से 28 फरवरी के दौरान 10 से 20 लाख बैरल कच्चे तेल को लागत और माल ढुलाई (सीऐंडएफ) या बंदरगाह पर आपूर्ति (डीएपी) के आधार पर उपलब्ध कराने की पेशकश की गई है।

इन नोटिस में कच्चे तेल के ग्रेड को चिह्नित नहीं किया गया लेकिन सूत्रों के मुताबिक एमआरपीएल स्वीट और सोर ग्रेड के कच्चे तेल की आपूर्ति के लिए तैयार है। निविदा 23 जनवरी को बंद होगी और इसी दिन की बोली मान्य होगी। इसके अलावा बीपीसीएल सालाना निविदा के जरिये संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के प्रमुख मर्बन कच्चे तेल की 1.2 करोड़ बैरल कच्चे तेल की आपूर्ति की मांग कर रहा है। सूत्र के मुताबिक इस तेल शोधक की अप्रैल 2025 से मार्च 2026 तक प्रति माह 10 लाख बैरल लाइट कच्चे तेल को खरीदने की योजना है।

एक सूत्र ने बताया कि इस सप्ताह के अंत में तकनीकी निविदाएं प्रस्तावित हैं जबकि वाणिज्यिक निविदाएं अगले सप्ताह मांगी जमा कराई जाएंगी। अन्य सूत्र ने बताया कि बीपीसीएल ने मुर्बन से 80 लाख बैरल और ओमान से 40 लाख बैरल कच्चे तेल की मांग पिछली निविदा में की थी। कंपनियां आमतौर पर वाणिज्यिक समझौतों के बारे में टिप्पणी नहीं करती हैं। भारत के शीर्ष तेल शोधक इंडियन ऑयल कारपोरेशन ने बीते सप्ताह के मध्य में निविदा के जरिये मध्य पूर्व और अफ्रीका से 70 लाख बैरल कच्चा तेल खरीदा था। सूत्रों ने बताया कि भारत के सरकारी तेल शोधकों ने अबू धाबी ऑयल कंपनी से लागत प्रबंधन के कारण डिलीवरी पर कच्चे तेल की कीमत की पेशकश करने के लिए कहा है।

First Published - January 21, 2025 | 10:45 PM IST

संबंधित पोस्ट