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रणनीतिक खनिज सुरक्षा पर सरकार का बड़ा दांव, महत्त्वपूर्ण खनिजों के लिए आई पहली टेलिंग पॉलिसी

सरकार ने पिछले बजट में ‘टेलिंग्स के जरिए महत्त्वपूर्ण खनिज प्राप्त’ करने की नीति शुरू करने की घोषणा की थी

Last Updated- January 19, 2026 | 10:27 PM IST
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प्रतीकात्मक तस्वीर | फाइल फोटो

केंद्र सरकार ने देश की पहली टेलिंग पॉलिसी की सोमवार को घोषणा की। इसमें महत्त्वपूर्ण खनिजों को प्राथमिक और द्वितीयक स्रोतों से खनिज अन्वेषण के दिशानिर्देश तय किए गए हैं। इन खनिजों को खनन बंद हो चुकी खानों और मौजूदा खानों में टेलिंग्स के जरिए निकाला जा सकेगा। टेलिंग्स की प्रक्रिया अयस्क से मूल्यवान खनिज निकाले जाने के बाद बेकार पड़ी सामग्री से संबंधित है।

सरकार ने पिछले बजट में ‘टेलिंग्स के जरिए महत्त्वपूर्ण खनिज प्राप्त’ करने की नीति शुरू करने की घोषणा की थी। दरअसल, महत्त्वपूर्ण व रणनीतिक तत्त्वों की उपलब्धता केवल खान मंत्रालय के प्रशासनिक नियंत्रण वाले ठोस खनिज संसाधनों तक ही सीमित नहीं है बल्कि अन्य मंत्रालयों के निपटाए जा रहे अन्य उत्पादों से भी हो सकती है। इसलिए इस नीति की आवश्यकता पड़ी।

खान मंत्रालय ने बयान में कहा, ‘महत्त्वपूर्ण व रणनीतिक खनिजों को ऐसे खनिजों के ढेर व खनिजों निकालने के बाद अवशिष्ट के स्थानों से निकाला जा सकता है। ऐसे खनिजों के ढेर व अवशिष्ट के स्थानों और मात्रा की पहचान के लिए समन्वित दृष्टिकोण की जरूरत है। इन्हें प्राप्त करने की क्षमता और आर्थिक व्यवहार्यता के आधार पर टेलिंग की प्रक्रिया का आकलन किया जा सकता है।’

First Published - January 19, 2026 | 10:27 PM IST

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