facebookmetapixel
16वां वित्त आयोग: राज्यों की कर हिस्सेदारी 41% बरकरार, जीडीपी योगदान बना नया मानदंडBudget 2026: मजबूत आर्थिक बुनियाद पर विकास का रोडमैप, सुधारों के बावजूद बाजार को झटकाBudget 2026: TCS, TDS और LSR में बदलाव; धन प्रेषण, यात्रा पैकेज पर कर कटौती से नकदी प्रवाह आसानBudget 2026: खाद्य सब्सिडी में 12.1% का उछाल, 81 करोड़ लोगों को मिलता रहेगा मुफ्त राशनBudget 2026: पारंपरिक फसलों से आगे बढ़ेगी खेती, काजू, नारियल और चंदन जैसी नकदी फसलों पर जोरBudget 2026: मुश्किल दौर से गुजर रहे SEZ को बड़ी राहत, अब घरेलू बाजार में सामान बेच सकेंगी इकाइयांBudget 2026: व्यक्तिगत करदाताओं के लिए जुर्माने और अ​भियोजन में ढील, विदेश परिसंपत्तियों की एकबार घोषणा की सुविधाBudget 2026: बुनियादी ढांचे को रफ्तार देने के लिए ₹12.2 लाख करोड़ का आवंटन, कैपेक्स में भारी बढ़ोतरीBudget 2026: पहली बार ₹1 लाख करोड़ के पार पहुंचा हेल्थ बजट, ‘मिशन बायोफार्मा शक्ति’ का आगाजविनिवेश की नई रणनीति: वित्त वर्ष 2027 में 80,000 करोड़ जुटाएगी सरकार, जानें क्या है पूरा रोडमैप

HUL Q2FY26 Result: मुनाफा 3.6% बढ़कर ₹2,685 करोड़ पर पहुंचा, बिक्री में जीएसटी बदलाव का अल्पकालिक असर

कंपनी के मुनाफे में वृद्धि मुख्य रूप से ब्रिटेन और भारत के कर प्रा​धिकरणों के बीच पिछले वर्षों के कर मामलों के समाधान की वजह से हुई है

Last Updated- October 23, 2025 | 11:25 PM IST
HUL Demerger

HUL Q2FY26 Result: रोजमर्रा के उपभोग का सामान बनाने वाली प्रमुख कंपनी हिंदुस्तान यूनिलीवर (एचयूएल) का शुद्ध मुनाफा चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में 3.6 फीसदी बढ़ा है। कंपनी के मुनाफे में वृद्धि मुख्य रूप से ब्रिटेन और भारत के कर प्रा​धिकरणों के बीच पिछले वर्षों के कर मामलों के समाधान की वजह से हुई है। हालांकि कंपनी की बिक्री में वृद्धि लगभग सपाट रही क्योंकि दूसरी तिमाही में जीएसटी दरों में बदलाव का दौर था।

कंपनी को वित्त वर्ष 2026 की दूसरी तिमाही में 2,685 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ हुआ। दूसरी तिमाही में कंपनी की आय महज 2 फीसदी बढ़कर 16,241 करोड़ रुपये रही। ब्लूमबर्ग ने कंपनी की आय 16,030.5 करोड़ रुपये और शुद्ध मुनाफा 2,565.1 करोड़ रुपये रहने का अनुमान लगाया था। एफएमसीजी कंपनी का कर पूर्व मुनाफा 1.7 फीसदी बढ़कर 4,057 करोड़ रुपये ​रहा।

एचयूएल की हाल ही में नियुक्त प्रबंध निदेशक और मुख्य कार्या​धिकारी प्रिया नायर ने कहा कि कंपनी का ध्यान मात्रा-आधारित आय वृद्धि पर होगा। उपभोक्ता बास्केट की वृद्धि के बारे में बात करते हुए नायर ने कहा, ‘हम अपने मौजूदा ब्रांडों को बढ़ाएंगे। यूनिलीवर के नए ब्रांड देश में लाएंगे और कुछ नए ब्रांड शुरू करेंगे तथा अधिग्रहण करेंगे।’उन्होंने यह भी कहा कि एचयूएल अपनी मार्केटिंग रणनीति को पहले अधिक सामाजिक बनाने या ई-कॉमर्स, ​क्विक कॉमर्स जैसे भविष्य के चैनलों में निवेश करके अपनी बिक्री वृद्धि को जारी रखेगी।

एचयूएल के कार्यकारी निदेशक (वित्त और आईटी) और मुख्य वित्तीय अधिकारी रितेश तिवारी ने कहा कि शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में मांग में वृद्धि का रुझान स्थिर बना हुआ है। चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में जीएसटी में बदलाव का कंपनी की बिक्री पर अल्पकालिक प्रभाव के बारे में तिवारी ने कहा, ‘इन बदलावों के कारण विभिन्न माध्यमों में अस्थायी व्यवधान उत्पन्न हुआ क्योंकि व्यापारिक साझेदारों ने मौजूदा स्टॉक को खाली करने के लिए ऑर्डर स्थगित कर दिए। इसके अलावा उपभोक्ताओं ने कम बिक्री मूल्यों की उम्मीद में खरीदारी में देरी की। इन कारकों के साथ-साथ बाजार में विभिन्न कीमतों के कारण मूल्य अस्थिरता के कारण तिमाही के दौरान बिक्री पर अल्पकालिक प्रभाव पड़ा है।’

उन्होंने कहा कि कंपनी को उम्मीद है कि नवंबर से जीटीएस परिवर्तन का असर सामान्य हो जाएगा।

एचयूएल की मूल कंपनी यूनिलीवर के सीईओ फर्नांडो फर्नांडिस ने कहा, ‘भारत में क्विक कॉमर्स तेजी से बढ़ रहा है। भारत में हमारा क्विक कॉमर्स व्यवसाय इस साल दोगुने से भी ज्यादा बढ़ा है। हमारा पोर्टफोलियो इसके लिए उपयुक्त है।’उन्होंने कहा, ‘मध्यम अवधि में भारत विशेष रूप से बहुत अच्छी स्थिति में है। वस्तु एवं सेवा कर सुधार का अल्पावधि में कुछ प्रभाव पड़ा है लेकिन मेरा मानना ​​है कि यह बहुत अच्छी खबर है क्योंकि इससे मध्यम अवधि में मांग को बढ़ावा मिलेगा।’

तिवारी ने कहा कि जिंसों की कीमतें स्थिर रहने से कंपनी को एक अंक में मूल्य वृद्धि की उम्मीद है और चालू वित्त वर्ष की दूसरी छमाही पहली की तुलना में बेहतर रह सकती है। उन्होंने कहा, ‘ आइसक्रीम कारोबार को छोड़कर आने वाली तिमाही में हमारा एबिटा मार्जिन अन्य सेगमेंट में समान दायरे में रहने की उम्मीद है।’

First Published - October 23, 2025 | 10:23 PM IST

संबंधित पोस्ट