facebookmetapixel
Advertisement
RBI के फैसले से बाजार में जोश, रेट सेंसिटिव शेयरों में 12% तक की जोरदार तेजीRBI MPC 2026: दरें तो नहीं बदलीं, लेकिन क्या अब असली चुनौती शुरू हो गई है?बोनस शेयर की खबर से 8% चढ़े सरकारी बीमा कंपनी के शेयर, खरीदने की मची लूट; 13 अप्रैल को होगी बोर्ड की मीटिंगRBI MPC 2026: रुपया कमजोर, RBI ने कहा- हम लेवल नहीं, सिर्फ उतार-चढ़ाव संभालते हैंRBI MPC Meet 2026: रिजर्व बैंक का अनुमान- FY27 में 6.9% रहेगी GDP ग्रोथ, 4.6% दर से बढ़ेगी महंगाईGold-Silver Price Today: ईरान-अमेरिका सीजफायर के बाद सोना-चांदी की कीमतों में उछाल; फटाफट चेक करें आज के रेटRBI MPC Meet: आरबीआई ने रीपो रेट में नहीं किया कोई बदलाव, ‘न्यट्रल’ रुख के साथ ब्याज दर 5.25% पर बरकरारकच्चे तेल में गिरावट से रुपया मजबूत, 36 पैसे उछलकर 92.64 प्रति डॉलर पर खुलासीजफायर के बीच फिर गूंजे सायरन! ईरान-अमेरिका समझौते के बाद भी मिडिल ईस्ट में मिसाइलों का कहरकमजोर मांग के बावजूद POLYCAB और LG Electronics बने ब्रोकरेज के टॉप पिक, मजबूत कमाई की उम्मीद

Go First मामले से निवेशकों का भरोसा डगमगाएगा- स्पाइसजेट

Advertisement
Last Updated- May 04, 2023 | 9:34 PM IST
Go First
BS

गो फर्स्ट (Go First) द्वारा दिवालिया प्रक्रिया से विमानन क्षेत्र में और सुधार लाए जाने की जरूरत पैदा हो गई है। स्पाइसजेट (SpiceJet) के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक अजय सिंह ने गुरुवार को निकेश सिंह और अरूप रॉयचौधरी के साथ साक्षात्कार में बताया कि ऐसे घटनाक्रम से यह सवाल खड़ा होगा कि क्या भारतीय विमानन क्षेत्र मौजूदा चुनौतियों का सामना करने के लिए पूरी तरह सक्षम है।

सिंह ने यह भी कहा कि स्पाइसजेट को हार्डवेयर आपूर्तिकर्ताओं के साथ कोई समस्या नहीं थी, और 25 विमानों को फिर से परिचालन सेवा में लाने के लिए केंद्र की इमरजेंसी क्रेडिट लाइन गारंटी स्कीम (ECLGS) के तहत ही कोष का इस्तेमाल किया जा रहा था। पेश हैं बातचीत के मुख्य अंश:

गो फर्स्ट के दिवालिया आवेदन पर आपकी क्या प्रतिक्रिया है?

हमारा मानना है कि वे इस समाधान प्रक्रिया के जरिये आगे बढ़ने और फिर से मजबूती के साथ वापसी करने में सफल रहेंगे। जब भी ऐसी घटना घटती है, क्षेत्र के लिए नकारात्मक होती है। ऐसे घटनाक्रम यह सवाल खड़ा करते हैं कि क्या विमानन क्षेत्र बढ़ती मांग को पूरा करने के लिहाज से सक्षम बना रहेगा? जैसा कि हमने अतीत में देखा, हम एक मजबूत और सक्षम क्षेत्र चाहते हैं और इसके लिए नि​श्चित तौर पर कई तरह की समस्याएं दूर करने की जरूरत होगी।

गो फर्स्ट संकट से विमानन क्षेत्र में किस तरह की ढांचागत समस्याएं पैदा हुई हैं?

ATF यानी विमानन ईंधन को GST के दायरे में लाने की जरूरत होगी। यह GST परिषद से जुड़ा विषय है और हमें परिषद को इससे अवगत कराया है। लेकिन इस बीच, केंद्र सरकार और खासकर नागर विमानन मंत्रालय ने ATF पर वैट में कमी लाने की दिशा में काम किया है और 19 राज्यों ने इस पर अमल किया है। इसलिए, यह माना जा रहा है कि यदि शेष चार या पांच राज्य भी वैट घटाते हैं तो समस्या कुछ हद तक सुलझ जाएगी। इसके अलावा भारत के लिए विमानन क्षेत्र में अपने स्वयं के अंतरराष्ट्रीय हब बनाने का समय आ गया है।

क्या आप चाहेंगे कि GST परिषद ATF समेत पेट्रोलियम उत्पादों को GST में शामिल करने के प्रयास तेज करे?

ATF का पेट्रोलियम श्रेणी में बेहद कम योगदान है। जहाजों में इस्तेमाल होने वाला बंकर ऑयल GST में पहले से ही शामिल है और इसलिए नि​श्चित तौर पर आप ATF को GST के तहत ला सकते हैं।

इंजन निर्माताओं के संदर्भ में और क्या बदलाव लाने की जरूरत होगी, जिसकी वजह से गो फर्स्ट को संकट का सामना करना पड़ रहा है?

निर्माताओं को सही समय पर इंजन मुहैया कराने की जरूरत होगी। माना जा रहा है कि गो फर्स्ट को इंजन की जरूरत थी और इंजन निर्माता इन्हें मुहैया कराने में विफल रहे।

Also Read: Go First : कर्मचारियों को एयरलाइन कंपनी के संकट से बाहर निकलने की उम्मीद… कर रहे हैं ये उपाय

क्या स्पाइसजेट की तरफ से बोइंग या इंजन प्रदाताओं को कोई समस्या हुई है?

हमें कोई बड़ी समस्या नहीं हुई, हम अपना बेड़ा फिर से तैयार कर रहे हैं। कोविड के दौरान ज्यादातर विमानों का परिचालन बंद रहा। हम परिचालन से दूर 25 विमानों को फिर से उड़ानों के लिए ला रहे हैं। हम ज्यादा संख्या में विमानों को पट्टे पर लेने की को​शिश कर रहे हैं जिससे बढ़ती मांग की चुनौती से निपटा जा सके। हमें ECLGS के तहत 1,000 करोड़ रुपये की सहायता मिली है।

गो फर्स्ट संकट का निवेशक धारणा पर क्या प्रभाव पड़ेगा?

जब भी इस तरह के घटनाक्रम होते हैं, निवेशक धारणा प्रभावित होती है। हमें निवेशक धारणा और तेजी से बढ़ रहे बाजार, दोनों के नजरिये से मजबूत प्रदर्शन करना होगा।

Advertisement
First Published - May 4, 2023 | 9:34 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement