facebookmetapixel
दिल्ली की हवा इतनी खराब कैसे हुई? स्टडी में दावा: राजधानी के 65% प्रदूषण के लिए NCR व दूसरे राज्य जिम्मेदारExplainer: 50 शहरों में हिंसा, खामेनेई की धमकी और ट्रंप की चेतावनी…ईरान में आखिर हो क्या रहा है?Credit Card Tips: बिल टाइम पर चुकाया, फिर भी गिरा CIBIL? ये है चुपचाप स्कोर घटाने वाला नंबर!आस्था का महासैलाब: पौष पूर्णिमा के स्नान के साथ शुरू हुआ माघ मेला, 19 लाख श्रद्धालुओं ने लगाई डुबकी2026 में हिल सकती है वैश्विक अर्थव्यवस्था, एक झटका बदल देगा सब कुछ…रॉबर्ट कियोसाकी ने फिर चेतायाKotak Mahindra Bank का निवेशकों को जबरदस्त तोहफा: 1:5 में होगा स्टॉक स्प्लिट, रिकॉर्ड डेट फिक्सकनाडा ने एयर इंडिया को दी कड़ी चेतावनी, नियम तोड़ने पर उड़ान दस्तावेज रद्द हो सकते हैंट्रंप का दावा: वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी गिरफ्त में; हवाई हमलों की भी पुष्टि कीHome Loan: होम लोन लेने से पहले ये गलतियां न करें, वरना एप्लीकेशन हो सकती है रिजेक्टअमेरिका का वेनेजुएला पर बड़ा हमला: राजधानी काराकास हुए कई जोरदार धमाके, देश में इमरजेंसी लागू

अगस्त से इस्पात के महंगे होने के पूरे आसार

Last Updated- December 07, 2022 | 12:40 PM IST

लागत बढ़ने के बावजूद इस्पात की कीमतों में बढ़ोतरी न करने वाली स्टील कंपनियों ने कीमतों में वृद्धि के साफ संकेत दिए है।


जेएसडब्ल्यू स्टील के उपाध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक सज्जन जिंदल के मुताबिक, अगस्त से कीमतें बढ़ने की पूरी संभावना है। मुंबई में एक समारोह में भाग लेने के दौरान एसोचैम के मौजूदा अध्यक्ष जिंदल ने बताया कि इस्पात के मूल्य में बढ़ोतरी के पूरे आसार हैं।

हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि इस्पात कंपनियों ने अभी इस बारे में कोई पक्का निर्णय नहीं लिया है। ऐसा इसलिए भी कि अगस्त आने में अभी 10-11 दिन देर है। उल्लेखनीय है कि इस्पात कंपनियों ने मई में फ्लैट उत्पादों की कीमतों में 4,000 रुपये प्रति टन और ढांचागत इस्पात की कीमतों में 2,000 रुपये प्रति टन की कटौती की थी।

कंपनियों ने सरकार से वादा भी किया था कि अगले 3 महीने तक इस्पात की कीमतें नहीं बढ़ायी जाएंगी। इसके बावजूद महंगाई दर 11.91 फीसदी तक जा पहुंची है। कोयला और लौह अयस्क सहित इस्पात के सभी प्रमुख कच्चे माल की कीमतें पिछले 3 से 4 महीनों में करीब 10 फीसदी तक बढ़ चुकी है। घरेलू बाजार में कीमतें अंतरराष्ट्रीय के मुकाबले 15 से 20 हजार रुपये प्रति टन तक कम हैं।

First Published - July 21, 2008 | 1:33 AM IST

संबंधित पोस्ट