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लेखक : अनुप्रेक्षा जैन

आज का अखबार, वित्त-बीमा, समाचार

वित्त वर्ष 2026 की दूसरी तिमाही के दौरान प्रतिभूतियों में आई तेजी

भारत में वित्त वर्ष 2026 की दूसरी तिमाही में प्रतिभूतीकरण लगभग 73,000 करोड़ रुपये तक पहुंच गया जबकि पिछले वर्ष की इसी अवधि में यह 70,000 करोड़ रुपये था। यह जानकारी रेटिंग एजेंसी इक्रा की रिपोर्ट ने शुक्रवार को दी। स्ट्रक्चर्ड फाइनैंस की सीनियर वाइस प्रेसिडेंट व ग्रुप हेड मनुश्री सग्गर ने बताया ‘वित्त वर्ष […]

ताजा खबरें, बैंक, वित्त-बीमा

प्राइवेट सेक्टर से होगा SBI का अगला MD! सरकार ने खोला रास्ता

सरकार ने पहली बार देश के सबसे बड़े पब्लिक सेक्टर बैंक स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) में एक मैनेजिंग डायरेक्टर (MD) की पोस्ट प्राइवेट सेक्टर के बैंकरों के लिए खोल दी है। यह कदम सार्वजनिक वित्तीय संस्थानों में लीडरशिप चुनने के तरीके में एक बड़ा बदलाव माना जा रहा है। अब प्राइवेट बैंकों से जुड़े […]

आज का अखबार, फिनटेक, बैंक, वित्त-बीमा

ग्लोबल फिनटेक फेस्ट 2025 : आईटी व डिजिटल को बेहतर बनाने का लक्ष्य

पंजाब नैशनल बैंक के प्रबंध निदेशक व मुख्य कार्याधिकारी अशोक चंद्रा ने ग्लोबल फिनटेक फेस्ट में कहा कि इस वित्त वर्ष में लगभग 20 प्रतिशत पूंजी और राजस्व व्यय को मिलाकर आधारभूत ढांचा व डिजिटल इन्फ्रास्ट्रक्चर के विकास पर खर्च किया जाएगा। बीते वित्त वर्ष में लगभग 62 से 63 प्रतिशत पूंजी व्यय और 19 […]

आज का अखबार, बैंक

सितंबर तिमाही में निजी बैंकों का बाजार पूंजीकरण घटा, सरकारी बैंकों ने दिखाया बेहतर प्रदर्शन

एसऐंडपी ग्लोबल मार्केट इंटेलिजेंस ने कहा है कि जुलाई-सितंबर तिमाही के दौरान निजी क्षेत्र के बैंकों के बाजार पूंजीकरण में गिरावट आई है, जो सरकारी स्वामित्व वाले उनके समकक्षों की तुलना में कमजोर प्रदर्शन है क्योंकि कारोबारी अनिश्चितताओं ने बाजार की धारणा को प्रभावित किया है। विश्लेषण के अनुसार, तीसरी तिमाही में एचडीएफसी बैंक के […]

आज का अखबार, बैंक, वित्त-बीमा

कॉरपोरेट बैंकिंग में राहत: RBI ने लोन की रकम सीमित करने वाला 2016 का सर्कुलर वापस लिया

भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने 2016 का वह सर्कुलर वापस ले लिया है, जो बैंकिंग तंत्र को किसी उधार लेने वाले को एक निश्चित सीमा से अधिक ऋण देने से रोकता था। इस सर्कुलर का उद्देश्य बैंकिंग तंत्र के किसी एक बड़ी कंपनी को दिए गए कुल ऋण से पैदा होने वाले जोखिम को कम […]

बैंक, वित्त-बीमा

दीपावली और नवरात्र के मौके पर ICICI, HDFC, SBI और Axis Bank ने लॉन्च किए फेस्टिव लोन ऑफर

त्योहारों का मौसम शुरू होने पर गैर बैंकिंग वित्तीय कंपनियों (एनबीएफसी) और बैंकों ने कर्ज की मांग बढ़ाने के लिए कई तरह की पेशकश शुरू की है, जो इस वित्त वर्ष 2026 में अब तक सुस्त रही है। ऋणदाता कई तरह के लाभ मुहैया करा रहे हैं। इसमें व्यक्तिगत ऋण, आवास ऋण और वाहन ऋण […]

आज का अखबार, बैंक

भारत के इंफ्रास्ट्रक्चर निवेश का नया दौर, बैंकिंग सिस्टम से बाहर से जुट रहा है धन: केवी कामत

नैशनल बैंक फॉर फाइनैंसिंग इन्फ्रास्ट्रक्चर ऐंड डेवलपमेंट (नैबफिड) के चेयरमैन केवी कामत ने कहा कि इन्फ्रास्ट्रक्चर फंडिंग के प्राथमिक स्रोत के रूप में बैंकों का युग समाप्त हो गया है। उन्होंने कहा कि लंबी अवधि की बुनियादी ढांचा परियोजनाओं के लिए बैंकों से ऋण मिलना अब संभव नहीं है, क्योंकि बैंकों की देनदारियां कम समय […]

आज का अखबार, बैंक, भारत, वित्त-बीमा

RBI हर 5 से 7 साल में करेगा नियमों की समीक्षा, रेगुलेटरी रिव्यू सेल का हुआ गठन

भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने बैंकों और अन्य विनियमित संस्थाओं से संबं​धित सभी नियम-कायदों की हर 5 से 7 साल में समीक्षा करने के लिए नियामकीय समीक्षा प्रकोष्ठ गठित किया है। केंद्रीय बैंक के इस कदम का उद्देश्य बैंकों और उसके नियमन के दायरे में आने वाली अन्य संस्थाओं के मानदंडों की समीक्षा के लिए […]

आज का अखबार, बैंक

शुल्क आधारित आय से मुनाफा बढ़ाने पर बैंकों का फोकस, कोषागार आय में कमी से नई रणनीति पर काम

बैंक अपनी आमदनी बढ़ाने के लिए शुल्क पर आधारित सेवाओं, उत्पादों की पेशकश और वसूली पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं। इस वित्त वर्ष की जुलाई-सितंबर तिमाही (दूसरी तिमाही) में कोषागार से आय कम रहने की उम्मीद है, जिसके कारण अन्य तरीके अपनाए जा रहे हैं। हाल में की गई नीतिगत दर में कटौती के […]

अर्थव्यवस्था, आज का अखबार, वित्त-बीमा

ब्याज मार्जिन पर दबाव के चलते FY26 में भारतीय बैंकों का डिविडेंड भुगतान 4.2% घटने का अनुमान: S&P

भारतीय बैंकों का वित्त वर्ष 26 में लाभांश भुगतान गिरने की आशंका है। इसका कारण बैंकों के ऋण में सुस्ती आने से शुद्ध ब्याज मार्जिन और शुद्ध लाभ में मामूली वृद्धि हो सकती है। एसऐंडपी ग्लोबल मार्केट इंटेलिजेंस की रिपोर्ट के मुताबिक वित्त वर्ष 26 में बड़े 12 बैंकों का सकल लाभांश 4.2 प्रतिशत गिरकर […]

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