बजट प्रस्तुति के पश्चात बॉन्ड मजबूती का कारण
अर्थव्यवस्था कोविड-19 महामारी की छाया से उबर रही है और नीति निर्माताओं तथा बाजार के लिए यह जरूरी हो गया है कि वे महामारी के कारण उत्पन्न आर्थिक क्षति का आकलन करें तथा अपनी राजकोषीय एवं मौद्रिक प्रतिक्रिया को नए सिरे से तय करें। महामारी के दौरान नीति निर्माताओं को यह अनुमान लगाना पड़ा कि […]
महामारी के झटकों से उबर गए बैंक
भारतीय बैंकों ने अब तक महामारी के आर्थिक झटकों का अच्छी तरह से सामना किया है लेकिन कुछ और असर पडऩा अभी बाकी है। भारतीय बैंकों के बारे में ये बातें आर्थिक समीक्षा 2021-22 में कही गई है। समीक्षा के मुताबिक बैंक प्रणाली में पर्याप्त पूंजी है और गैर-निष्पादित संपत्तियों (एनपीए) में ढांचागत रूप से […]
आंकड़ों और आर्थिक सुधार की जद्दोजहद में उलझा बजट
संसद में 1 फरवरी को प्रस्तुत होने वाले बजट से पहले वित्तीय क्षेत्र के विश्लेषक अंग्रेजी वर्णमाला के ‘के’ अक्षर की चर्चा करते आ रहे हैं। यहां ‘के’ शब्द से आशय असमान आर्थिक प्रगति (के-आकृति का आर्थिक सुधार) से है। कोविड-19 महामारी के बाद देश में सभी आय वर्गों एवं आर्थिक क्षेत्रों की प्रगति में […]
संसदीय समितियों में हितों का टकराव
देश की संसदीय राजनीति में किसी भी पेशे या व्यवसाय से जुड़ा व्यक्ति चुनाव में जनता का समर्थन प्राप्त कर संसद पहुंच सकता है। उद्योगपति एवं कारोबारी भी चुनाव के रास्ते संसद में पहुंच कर देश की राजनीति पर असर डालते हैं। देश में कई ऐसे उद्योगपति हैं जो संसद सदस्य होने के साथ ही […]
कर्जधारक कंपनियों की तरफ से बढ़ता असहयोग
भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने सात क्रेडिट रेटिंग एजेंसियों को बैंक से आवंटित ऋणों की रेटिंग (गुणवत्ता आधारित मूल्यांकन) करने अनुमति दी है। इन रेटिंग एजेंसियों को बेसल 2 मानकों के अनुरूप आवंटित ऋ ण का मूल्यांकन करने के बाद रेटिंग देने की हिदायत दी गई है। बेसल दिशानिर्देशों में कहा गया है कि क्रेडिट […]
2021 में ईसीएम से कोष उगाही घटी
अपने इंडिया इन्वेस्टमेंट बैंकिंग रिव्यू 2021 में रेफिनिटिव ने कहा है कि भारतीय इक्विटी पूंजी बाजारों (ईसीएम) ने वर्ष 2021 में 35.6 अरब डॉलर की रकम जुटाई, जो 2020 के मुकाबले 4.3 प्रतिशत कम है। हालांकि ईसीएम पेशकशों की संख्या में 73.6 प्रतिशत की वृद्घि दर्ज की गई थी। रिपोर्ट में कहा गया कि ईसीएम […]
पीई-वीसी निवेशकों ने भारत में लगाए 63 अरब डॉलर
वेंचर इंटेलिजेंस से प्राप्त आंकड़े के अनुसार निजी इक्विटी/वेंचर कैपिटल (पीई-वीसी) कंपनियों ने वर्ष 2021 के दौरान भारतीय कंपनियों में करीब 1,202 सौदों में 63 अरब डॉलर का निवेश किया, जो पूर्ववर्ती वर्ष में किए गए 39.9 अरब डॉलर (सभी 913 सौदों) के मुकाबले 57 प्रतिशत की वृद्घि है। आंकड़ों के अनुसार इस निवेश में […]
परिसंपत्ति पुनर्गठन कंपनियों की खामियों की व्याख्या
आयकर विभाग की 14 दिसंबर को हुई बैठक के बाद जारी विज्ञप्ति में उस आशंका की पुष्टि हुई है जो भारतीय वित्तीय प्रणाली में कई लोगों के मन में कुछ परिसंपत्ति पुनर्गठन कंपनियों (एआरसी) के परिचालन को लेकर है। देश में चार ऐसी कंपनियों के 60 परिसरों में जांच एवं जब्ती अभियानों में एआरसी और […]
रुपया 18 महीने के निचले स्तर पर
भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) द्वारा नीतिगत दरों को यथावत बनाए रखने मगर बैंकिंग तंत्र से अतिरिक्त नकदी खींचने के निर्णय के एक दिन बाद आज रुपये में खासी नरमी देखी गई और डॉलर के मुकाबले यह करीब 18 महीने के निचले स्तर पर आ गया। डॉलर की तुलना में रुपया आज 75.52 पर बंद हुआ, […]
भारतीय रिजर्व बैंक ने नहीं बदली दरें
भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने रीपो दर और अपने समायोजन वाले रुख को बरकरार रखा है। इसके साथ ही आरबीआई ने कहा कि बैंकिंग तंत्र में अतिरिक्त तरलता कम करने के लिए वह पारंपरिक स्थिर ब्याज दर के बजाय घट-बढ़ वाली दरों पर ध्यान देंगे। कई अर्थशास्त्री इसे चुपके से रिवर्स रीपो दर बढ़ाने का […]