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अब बढ़ेंगी आतंकवादी बीमा की प्रीमियम दरें

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Last Updated- December 08, 2022 | 6:04 AM IST

बीमा कंपनियों ने मुंबई में हुई आंतकवादी घटनाओं के बाद काफी बड़ी राशि के दावे आने की संभावना बताई है।


बीमा कंपनियों का कहना है कि आंतकवाद निधि में हमनें सात सौ करोड़ रुपये के कोष को एकत्रित कर रखा था, लेकिन इस कोष का 70 फीसदी इस घटना के बाद उठने वाले दावों में खर्च हो जाएगा। इन दावों के भुगतान में खत्म होती आंतकवादी निधि को फिर से भरने के लिए बीमा कंपनियों ने प्रीमियम को बढ़ाने की योजना बनाई है।

औद्योगिक समूहों के शुरूआती आंकड़ों के हिसाब से मुबंई में हुए आंतकवादी हमलों से बीमा कंपनियों को 500 करोड़ रुपये का सीधा झटका लगेगा। इस घटना के बाद उठने वाले दावों का भुगतान आंतकवादी निधि से ही किया जाएगा।

ताज होटल का बीमा करने वाली एक कंपनी के अधिकारी का कहना है कि देश की विरासतों में से एक होने के कारण ताज होटल का दावा ही 500 करोड़ रुपये से ज्यादा का होगा।

गौरतलब है कि ताज होटल में हुए नुकसान का आकलन ताज होटल चैन की कंपनी इंडियन होटल्स कर रही है।


अमेरिका में 9-11 के हमलों के बाद भारतीय बीमा कंपनियों ने मिलकर  आंतकवादी निधि के तौर पर 700 करोड़ रुपये का कोष इकट्ठा किया था।

सार्वजनिक क्षेत्र की एक बीमा कंपनी प्रमुख का कहना है कि हमारा प्रयास मुंबई में हुई आंतकवादी घटनाओं के बाद उठने वाले दावों की भरपाई के लिए भविष्य में प्रीमियम दरों को बढ़ाने का है।

इसके लिए हम बीमा नियामक एवं विकास परिषद से भी सहमति प्राप्त करने चाहते है। इसके अलावा कंपनियां वैश्विक पुनर्बीमा जैसे विकल्पों पर भी विचार कर रहीं हैं।

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First Published - November 30, 2008 | 9:24 PM IST

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