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ट्रेन की यात्रा करने वाले ध्यान दें! अगर किया है ग्रुप में बुकिंग और वेटिंग में है टिकट, तो जान लें क्या है नियम

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कई बार ग्रुप बुकिंग में कुछ टिकट कन्फर्म हो जाते हैं, लेकिन कुछ वेटिंग लिस्ट में रह जाते हैं। इसके चलते लोगों को सामने एक नई परेशानी आ जाती है।

Last Updated- May 14, 2025 | 5:18 PM IST
Indian Railway
प्रतीकात्मक तस्वीर | फोटो क्रेडिट: Pexels

अगर आप भारत में ट्रेन से यात्रा की योजना बना रहे हैं और भारत-पाकिस्तान के बीच तनाव के कारण चिंतित हैं कि कहीं आपका शेड्यूल गड़बड़ा न जाए, तो एक और जरूरी बात ध्यान में रखनी होगी। कई बार ग्रुप बुकिंग में कुछ टिकट कन्फर्म होते हैं, लेकिन कुछ वेटिंग लिस्ट में रह जाते हैं। ऐसे में क्या करें? क्या आप ट्रेन में चढ़ सकते हैं? आइए, इस बारे में आसान भाषा में समझते हैं।

वेटलिस्ट ई-टिकट वालों को नहीं मिलेगी ट्रेन में जगह

सिंहानिया एंड कंपनी की पार्टनर मोनिका भटेलिया बताती हैं, “अगर एक ग्रुप PNR में कुछ टिकट वेटलिस्ट पर हैं और चार्ट बनने तक कन्फर्म नहीं होते, तो उन यात्रियों को ट्रेन में चढ़ने की इजाजत नहीं होती। उनकी टिकट अपने आप कैंसिल हो जाती हैं।”

भारतीय रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कॉरपोरेशन (IRCTC) के नियमों के मुताबिक, ट्रेन के रवाना होने से करीब चार घंटे पहले फाइनल चार्ट तैयार होता है। अगर उस वक्त आपका टिकट अभी भी वेटलिस्ट पर है, तो आप ट्रेन में नहीं चढ़ सकते। सिस्टम खुद-बखुद वेटलिस्ट टिकट कैंसिल कर देता है और रिफंड की प्रक्रिया शुरू हो जाती है।

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ई-टिकट और काउंटर टिकट में बड़ा फर्क

मोनिका भटेलिया बताती हैं कि टिकट के नियम इस तरह हैं:

  • ई-टिकट (ऑनलाइन बुक किए गए): अगर आपका टिकट वेटलिस्ट पर है, तो आप यात्रा नहीं कर सकते। ऐसी टिकट अपने आप कैंसिल हो जाती हैं।
  • काउंटर टिकट (ऑफलाइन बुक किए गए): अगर आपका टिकट वेटलिस्ट पर है, तो आप ट्रेन में चढ़ तो सकते हैं, लेकिन आपको कोई सीट या बर्थ की गारंटी नहीं मिलेगी। आपको अनरिजर्व्ड डिब्बे में यात्रा करनी होगी।

यह फर्क ज्यादातर यात्रियों को समझ नहीं आता, खासकर तब जब वे परिवार या सहकर्मियों के लिए टिकट बुक करते हैं।

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PNR को बदलने या अलग करने का कोई रास्ता नहीं

कई बार लोग सोचते हैं कि वे ग्रुप बुकिंग में कन्फर्म और वेटलिस्ट टिकटों को अलग-अलग PNR में बांट लेंगे या बुकिंग में बदलाव कर लेंगे। लेकिन ऐसा मुमकिन नहीं है। मोनिका कहती हैं, “एक बार ग्रुप बुकिंग एक PNR के तहत हो जाए, तो उसे बाद में बदला या बांटा नहीं जा सकता। एकमात्र रास्ता है कि वेटलिस्ट टिकट कैंसिल करें और दोबारा बुकिंग करें।”

यात्रियों को सलाह है कि वे छोटे ग्रुप में टिकट बुक करें या फिर फाइनल चार्ट बनने तक अपनी टिकट की स्थिति पर नजर रखें।

आखिरी सलाह

अगर आपके ग्रुप में कुछ टिकट कन्फर्म हैं और कुछ वेटलिस्ट पर, तो सिर्फ कन्फर्म टिकट वालों को ही यात्रा की इजाजत होती है। बाकियों के लिए समय पर जानकारी रखना और पहले से योजना बनाना सबसे अच्छा तरीका है ताकि आपकी यात्रा सुगम हो।

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First Published - May 14, 2025 | 5:08 PM IST

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