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त्योहारी सीजन में दिखा खरीदारी का स्मार्ट तरीका! इंस्टेंट डिजिटल लोन बना लोगों की पहली पसंद

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त्योहारी सीजन में उपभोक्ता अब तेज और सुविधाजनक डिजिटल पर्सनल लोन को सस्ते ब्याज दरों से ज्यादा महत्व दे रहे हैं।

Last Updated- November 10, 2025 | 2:04 PM IST
Loan
Representative Image

Instant Loan: इस साल भारत में त्योहारों के समय शॉपिंग करने वाले ग्राहक अब सस्ते ब्याज दरों से ज्यादा सुविधा और तेज लोन को महत्व दे रहे हैं। Paisabazaar के हालिया सर्वे में 10,200 से ज्यादा लोगों ने अपनी वित्तीय प्राथमिकताओं पर रौशनी डाली।

सर्वे के मुताबिक:

  • 42% उपभोक्ताओं ने ऐसे लोनदाताओं को चुना जो तुरंत लोन उपलब्ध कराते हों और कागजी कार्रवाई कम हो।
  • केवल 25% ने ब्याज दर को अपनी पहली प्राथमिकता बताया।
  • 80% लोग डिजिटल प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल करके लोन की तुलना और आवेदन करना पसंद करते हैं।
  • 53% उपभोक्ता चाहते हैं कि लोन की मंजूरी और वितरण और भी तेज हो।

Paisabazaar के सीईओ संतोष अग्रवाल का कहना है कि यह बदलाव क्रेडिट मार्केट की मैच्योरिटी को दर्शाता है। उन्होंने कहा,
“आज के उपभोक्ता लोन लेने में सुविधा, पारदर्शिता और डिजिटल आसानी को ज्यादा महत्व देते हैं। पर्सनल लोन अब सिर्फ आकस्मिक खर्चों के लिए नहीं, बल्कि आकांक्षात्मक और लाइफस्टाइल खरीदारी के लिए भी इस्तेमाल हो रहा है, खासकर त्योहारों के समय।”

त्योहारी सीजन में पहली बार लोन लेने वाले बढ़े

देश में त्योहारी ऋण (फेस्टिवल पर्सनल लोन) का चलन तेजी से बढ़ रहा है, और इसमें सिर्फ पुराने क्रेडिट यूजर्स ही नहीं, बल्कि नए लोग भी शामिल हो रहे हैं।

  • सर्वे के मुताबिक, 41% लोगों ने इस त्योहारी सीजन में पहली बार पर्सनल लोन लिया।

  • 46% ने कहा कि वे अगले त्योहारी सीजन में भी लोन लेने की “बहुत संभावना” रखते हैं।

इससे यह साफ दिखता है कि लोग पर्सनल लोन को अब आपातकालीन जरूरत नहीं बल्कि योजनाबद्ध वित्तीय उपकरण के रूप में अपनाने लगे हैं।

तेजी से मंजूरी और पैसा मिलने की सुविधा सबसे बड़ा कारण

सर्वे में 53% लोगों ने कहा कि अगर लोन जल्दी अप्रूव और डिस्बर्स होता है तो यह और आसान बन जाएगा।

त्योहारी पर्सनल लोन में कौन-कौन से खर्च शामिल हैं

  • घर सुधार और सजावट (18%) सबसे बड़ा कारण रहा।

  • उसके बाद इलेक्ट्रॉनिक सामान, एप्लायंसेज और त्योहारी शॉपिंग या गिफ्टिंग (15%)।

  • सोना और गहने (12%), कर्ज़ consolidation (10%) और फैशन/लाइफस्टाइल शॉपिंग (10%) भी प्रमुख कारण रहे।

यह दर्शाता है कि त्योहारी लोन अब सिर्फ जरूरी खर्च के लिए नहीं, बल्कि जीवनशैली और सेलिब्रेशन के लिए भी लिया जा रहा है।

अक्लमंद तरीके से लोन लेना जरूरी

सर्वे से पता चला कि ज्यादातर लोग जिम्मेदारी से लोन ले रहे हैं:

  • लगभग 60% ने ₹5 लाख से कम का लोन लिया।

  • 42% ने लोन की अवधि 5 साल से कम रखी।

त्योहारी लोन लेने के स्मार्ट टिप्स:

  • सिर्फ इंस्टेंट अप्रूवल पर ध्यान न दें, रेट और प्रोसेसिंग फीस की तुलना करें।

  • उतना ही लोन लें जितना आराम से चुका सकें।

  • कम अवधि = कुल ब्याज कम।

  • सबसे अच्छे रेट पाने के लिए क्रेडिट स्कोर चेक करें।

  • हमेशा भरोसेमंद और रेगुलेटेड प्लेटफॉर्म से लोन लें।

त्योहारी ऋण का चलन भारत में अब स्थायी होता दिख रहा है। चाहे iPhone हो, घर की सजावट हो या गहने, लोग त्योहारों को पहले से ज्यादा फाइनेंस कर रहे हैं। बस ध्यान रहे कि उत्सव के बाद यह बोझ न बन जाए।

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First Published - November 10, 2025 | 2:04 PM IST

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