Vedanta Share Price: मेटल सेक्टर की दिग्गज कंपनी वेदांत लिमिटेड के शेयर शुक्रवार (30 जनवरी) को शुरुआती कारोबार में 8 प्रतिशत तक टूट गए। कंपनी के शेयरों में यह गिरावट दिसंबर तिमाही के नतीजे जारी करने के बाद आई। माइनिंग सेक्टर क्षेत्र की प्रमुख कंपनी वेदांत का वित्त वर्ष 2025-26 की अक्टूबर-दिसंबर की तीसरी तिमाही में कंसोलिडेट मुनाफा 60 प्रतिशत की वृद्धि के साथ 7,807 करोड़ रुपये हो गया। शेयर में गिरावट के बावजूद ब्रोकरेज हॉउस बुलिश नजर आ रहे हैं। उन्होंने वेदांत पर मजबूत आउटलुक दिया है और स्टॉक के 900 रुपये तक जाने का अनुमान लगाया है।
ग्लोबल ब्रोकरेज कंपनी सिटी ने वेदांत पर ‘BUY‘ की रेटिंग दी है। साथ ही स्टॉक पर अपना टारगेट प्राइस 585 रुपये से बढ़ाकर 900 रुपये कर दिया है। इस तरह, शेयर पिछले बंद भाव 766 रुपये से 18 प्रतिशत रिटर्न दे सकता है।
ब्रोकरेज ने कहा कि अब पैरेंट कंपनी का कर्ज (लेवरेज) आरामदायक स्तर पर आ गया है। साथ ही, लंदन मेटल एक्सचेंज (LME) पर एल्युमिनियम की कीमतों में भी तेजी की संभावना जताई गई है। ब्रोकरेज के मुताबिक, वित्त वर्ष 2027 में एल्युमिनियम के दाम 3,425 डॉलर प्रति टन तक पहुंच सकते हैं, जबकि मौजूदा स्पॉट कीमत करीब 3,250 डॉलर प्रति टन है। ब्रोकरेज को चालू वित्त वर्ष में प्रति शेयर 40 रुपये के डिविडेंड की उम्मीद है, जिसमें से अब तक प्रति शेयर 23 रुपये का भुगतान किया जा चुका है।
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ब्रोकरेज हॉउस नुवामा ने वेदांत पर अपनी खरीदारी की सलाह को बरकरार रखा है। ब्रोकरेज ने स्टॉक पर टारगेट प्राइस 806 रुपये से बढ़ाकर 899 रुपये कर दिया है। यह स्टॉक के पिछले बंद भाव से 17 प्रतिशत ज्यादा है।
ब्रोकरेज ने कहा कि एनसीएलटी से डिमर्जर को मंजूरी मिलने के बाद इसकी प्रभावी तारीख 1 अप्रैल 2026 होगी। पूरी डिमर्जर प्रक्रिया मई 2026 तक पूरी हो जाएगी, जिससे कंपनी की वैल्यू खुलने की उम्मीद है।
इसके अलावा, मार्च में करीब 12 रुपये प्रति शेयर (DPS) का डिविडेंड मिलने की संभावना है। एल्युमिनियम की कीमतें ज्यादा रहने के अनुमान को देखते हुए, हमने FY27 और FY28 के लिए EBITDA का अनुमान 4 प्रतिशत बढ़ाया है।
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मोतीलाल ओसवाल ने वेदांत पर ‘Neutral’ रेटिंग को बरकरार रखा है और स्टॉक पर टारगेट प्राइस बढ़ाकर 810 रुपये कर दिया है। ब्रोकरेज का कहना है कि कैपेक्स योजनाएं अच्छी तरह आगे बढ़ रही हैं और इससे आगे चलकर लागत में और बचत होने की संभावना है। मैनेजमेंट का टारगेट कमाई में मजबूत बढ़ोतरी बनाए रखना है। इसे आने वाली नई क्षमता से सपोर्ट मिलेगा। यह नई क्षमता ज्यादा वैल्यू-ऐडेड प्रोडक्ट्स (VAP) का उत्पादन करेगी।
ब्रोकरेज के अनुसार, वेदांता अपने कर्ज घटाने (डीलिवरेजिंग) के प्लान पर मजबूती से कायम है। आगे चलकर मजबूत कैश फ्लो से कंपनी के विस्तार योजनाओं के साथ-साथ डीलिवरेजिंग प्रयासों को भी सहारा मिलेगा।
खनन क्षेत्र की प्रमुख कंपनी वेदांत का वित्त वर्ष 2025-26 की अक्टूबर-दिसंबर की तीसरी तिमाही में एकीकृत मुनाफा 60 प्रतिशत की वृद्धि के साथ 7,807 करोड़ रुपये हो गया। कंपनी ने वित्त वर्ष 2024-25 की समान तिमाही में 4,876 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा कमाया था। समीक्षाधीन तिमाही के दौरान कंपनी की एकीकृत परिचालन आय बढ़कर 45,899 करोड़ रुपये हो गई, जो पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में 38,526 करोड़ रुपये थी।
वेदांत के कार्यकारी निदेशक अरुण मिश्रा ने कहा, ‘वित्त वर्ष 2025-26 की तीसरी तिमाही वेदांत के लिए ऐतिहासिक रही। इस दौरान हमने 15,171 करोड़ रुपये की अब तक की सबसे बड़ी कर पूर्व आय दर्ज की और हमारे दो व्यवसायों ने अपने सर्वश्रेष्ठ वित्तीय परिणाम हासिल किए। पांच अलग-अलग कंपनियों में विभाजन के लिए मिली मंजूरी के साथ ये परिणाम हमारी मजबूत परिचालन क्षमता और वेदांत 2.0 की यात्रा को आगे बढ़ाते हुए लंबी अवधि में मूल्य सृजन की हमारी तत्परता को भी दिखाते हैं।’
(डिस्क्लमेर: यहां शेयर में खरीदारी की सलाह ब्रोकरेज ने दी है। बाजार में निवेश जोखिमों के अधीन है। निवेश संबंधी फैसला करने से पहले अपने एडवाइजर से परामर्श कर लें।)