facebookmetapixel
Online Fraud में पैसा डूबा! Reserve Bank देगा मुआवजा, जानें पूरा मामलाTata Steel Q3 Results: तीसरी तिमाही में मुनाफा 7 गुना उछला, ₹2,688 करोड़ के पार पहुंचा लाभरिकवरी कॉल्स से परेशान हैं? RBI ने सुन ली आपकी शिकायतShare Market: RBI Policy के बाद शेयर बाजार उछला, जानिए किस सेक्टर ने मारी बाजीBudget 2026 MSME सेक्टर के लिए गेम चेंजर रहा? जानें इसमें ऐसा क्या है और इसपर एक्सपर्ट क्या सोचते हैंRBI नए नियमों के जरिए कैसे भारतीयों के लिए बैंकिंग को आसान बनाने की कोशिश कैसे कर रहा है?योगी का बैंकरों को निर्देश: किसानों को आसान शर्तों पर दें कर्ज, FPO, MSME जुड़े लोगों का भी करें सहयोगरिजर्व बैंक ने क्यों ​स्थिर रखीं ब्याज दरें, आम लोगों पर क्या असर होगा?Market This Week: यूएस ट्रेड डील से बाजार को मिला सहारा, सेंसेक्स-निफ्टी 1.5% चढ़े; निवेशकों की दौलत ₹7.23 लाख करोड़ बढ़ीलिस्टेड कंपनियों ने अनलिस्टेड को कॉरपोरेट टैक्स में पछाड़ा

Stock Market: अमेरिका-भारत व्यापार वार्ता से निवेशकों का भरोसा बढ़ा, सेंसेक्स 124 अंक चढ़ा और निफ्टी 25,006 पर बंद

बीएसई में सूचीबद्ध कंपनियों का बाजार पूंजीकरण 73,000 करोड़ रुपये बढ़कर 457 लाख करोड़ रुपये हो गया।

Last Updated- September 11, 2025 | 10:22 PM IST
Stock Market today

भारत और अमेरिका के बीच व्यापार समझौते पर पहुंचने की बढ़ती उम्मीदों के बीच गुरुवार को भारतीय इक्विटी बेंचमार्क में तेजी आई और निफ्टी में अप्रैल के बाद बढ़त का सबसे लंबा सिलसिला देखा गया। सेंसेक्स ने 124 अंकों की बढ़ोतरी के साथ 81,549 पर कारोबार समाप्त किया। निफ्टी 32 अंकों के इजाफे के साथ 25,006 पर टिका।

सेंसेक्स ने लगातार चार कारोबारी सत्रों और निफ्टी ने सात कारोबारी सत्रों में बढ़त बरकरार रखी है। बीएसई में सूचीबद्ध कंपनियों का बाजार पूंजीकरण 73,000 करोड़ रुपये बढ़कर 457 लाख करोड़ रुपये हो गया। अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप के यह कहने पर कि उनका प्रशासन भारत के साथ व्यापार बाधाओं को दूर करने के लिए बातचीत जारी रखे हुए है, निवेशकों का उत्साह बढ़ा।

ट्रम्प का यह बयान कई सप्ताह तक चली उस कूटनीतिक खटर-पटर के बाद आया है जब अमेरिका ने भारतीय आयात पर 50 फीसदी टैरिफ लगा दिया था। इसमें रूसी तेल का आयात करने पर 25 फीसदी का अतिरिक्त शुल्क भी शामिल है। अमेरिका ने भारत पर आरोप लगाया है कि यूक्रेन के साथ लड़ाई में वह परोक्ष रूप से रूस की वित्तीय मदद कर रहा है।

उपभोग को प्रोत्साहित करने के मकसद से हाल में वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) की दरों में कटौती से धारणाओं में और तेजी आई। मोतीलाल ओसवाल फाइनैंशियल सर्विसेज के शोध प्रमुख (संपत्ति प्रबंधन) सिद्धार्थ खेमका ने कहा, हमें उम्मीद है कि बाजार में यह धीमी बढ़त जारी रहेगी जिसे सरकार के जीएसटी सुधारों, अमेरिकी फेड की दरों में कटौती की उम्मीदों और अमेरिका-भारत व्यापार वार्ता को लेकर धारणा में सुधार से मदद मिलेगी।

बाजार में चढ़ने व गिरने वाले शेयरों का अनुपात कमजोर रहा, जहां 2,103 शेयरों में गिरावट आई और 2,019 में इजाफा हुआ। 1.2 फीसदी की बढ़त दर्ज करने वाले भारती एयरटेल के शेयर ने सेंसेक्स की बढ़त में सबसे बड़ा योगदान दिया जबकि 1.5 फीसदी टूटने वाले इन्फोसिस का शेयर सबसे खराब प्रदर्शन करने वाला रहा।

First Published - September 11, 2025 | 10:18 PM IST

संबंधित पोस्ट