facebookmetapixel
Cipla Q3FY26 Results: मुनाफा 57% घटकर ₹676 करोड़, अमेरिकी कारोबार में कमजोरी से झटका; शेयर 3.7% फिसलेZerodha के इस म्युचुअल फंड से अब मिनटों में निकाल सकेंगे पैसा, शुरू हुई 24×7 इंस्टेंट विदड्रॉल सुविधाअदाणी स्टॉक्स में बड़ी गिरावट, अमेरिका से आई खबर ने मचाई खलबली; 9% तक लुढ़केगौतम अदाणी पर अमेरिकी शिकंजा: समन न पहुंचा तो SEC ने अदालत से मांगी वैकल्पिक अनुमतिगोल्ड सिल्वर रेशियो ने दिया संकेत, क्या चांदी की तेजी अब थकने वाली है? एक्सपर्ट्स से समझिए42% चढ़ सकता है महारत्न कंपनी का शेयर, ब्रोकरेज ने बढ़ाया टारगेट; Q3 में ₹4011 करोड़ का हुआ मुनाफाईरान की ओर बढ़ रहा है ‘विशाल सैन्य बेड़ा’, ट्रंप ने तेहरान को फिर दी चेतावनीदुनिया में उथल-पुथल के बीच भारत की अर्थव्यवस्था के क्या हाल हैं? रिपोर्ट में बड़ा संकेत30% टूट चुका Realty Stock बदलेगा करवट, 8 ब्रोकरेज का दावा – ₹1,000 के जाएगा पार; कर्ज फ्री हुई कंपनीसिर्फ शेयरों में पैसा लगाया? HDFC MF की रिपोर्ट दे रही है चेतावनी

Market Outlook: ग्लोबल एक्शन, कंपनियों के तिमाही नतीजें, महंगाई के आंकड़े तय करेंगे बाजार की दिशा

इस सप्ताह बाजार में तीन आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) भी खुलेंगे। इनमें दो एसएमई खंड के हैं। हुंदै मोटर इंडिया का आईपीओ मंगलवार को खुलेगा और गुरुवार को बंद होगा।

Last Updated- October 13, 2024 | 5:17 PM IST
Market Outlook

कंपनियों के वित्तीय परिणाम, विदेशी निवेशकों का रुख और मुद्रास्फीति के आंकड़े इस सप्ताह शेयर बाजार की दिशा तय करेंगे। इसके अलावा, वैश्विक स्तर पर जारी संकट के बीच कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव पर भी बाजार की नजर रहेगी। विश्लेषकों ने यह कहा।

रेलिगेयर ब्रोकिंग लि. के वरिष्ठ उपाध्यक्ष (शोध) अजीत मिश्रा ने कहा, ”आने वाले सप्ताह में बाजार की दिशा काफी हद तक कंपनियों के वित्तीय परिणाम पर निर्भर करेगी। इस दौरान रिलायंस इंडस्ट्रीज, इन्फोसिस, एचडीएफसी बैंक, एक्सिस बैंक और एचसीएल टेक्नोलॉजीज जैसी प्रमुख कंपनियां अपने परिणाम जारी करने वाली हैं।”

वृहद आर्थिक मोर्चे पर निवेशक सोमवार को जारी होने वाले सितंबर के सीपीआई (उपभोक्ता मूल्य सूचकांक आधारित मुद्रास्फीति) और डब्ल्यूपीआई (थोक मूल्य सूचकांक आधारित) मुद्रास्फीति के आंकड़ों पर नजर रखेंगे। निवेशक वैश्विक स्तर पर जारी तनावों, विशेष रूप से कच्चे तेल की कीमतों और विदेशी कोषों के रुख पर भी करीबी नजर रखेंगे।

मिश्रा ने कहा कि इस सप्ताह सीपीआई और डब्ल्यूपीआई मुद्रास्फीति सहित प्रमुख घरेलू आर्थिक आंकड़े भी जारी होने वाले हैं। बीते सप्ताह, बीएसई सेंसेक्स 307.09 अंक यानी 0.37 प्रतिशत गिरकर 81,381.36 पर बंद हुआ। दूसरी ओर एनएसई निफ्टी 50.35 अंक यानी 0.20 प्रतिशत गिरकर 24,964.25 पर बंद हुआ।

उन्होंने कहा कि विदेशी निवेशकों की लगातार बिकवाली के दबाव के कारण बीते सप्ताह की शुरुआत गिरावट के साथ हुई, लेकिन बाद के सत्रों में नुकसान को सीमित करने में मदद मिली।

इस सप्ताह बाजार में तीन आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) भी खुलेंगे। इनमें दो एसएमई खंड के हैं। हुंदै मोटर इंडिया का आईपीओ मंगलवार को खुलेगा और गुरुवार को बंद होगा। इस आईपीओ से 27,870 करोड़ रुपये जुटाने की योजना है।

Also read: Mcap: प्रमुख कंपनियों का मार्केट कैप ₹1.22 लाख रुपये घटा, TCS को सबसे ज्यादा नुकसान

जियोजित फाइनेंशियल सर्विसेज के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा, ”विदेशी संस्थागत निवेशक (एफआईआई) प्रोत्साहन उपायों और कम मूल्यांकन के कारण चीन के बाजारों का रुख कर रहे हैं। आरबीआई की नीति तटस्थ रही, क्योंकि रुख में बदलाव निकट भविष्य में दरों में कटौती की संभावना का संकेत नहीं देता है।”

विदेशी निवेशक अक्टूबर में शुद्ध विक्रेता बन गए और उन्होंने इस महीने अब तक 58,711 करोड़ रुपये की बिकवाली की। इजरायल और ईरान के बीच बढ़ते संघर्ष, कच्चे तेल की कीमतों में तेज उछाल और चीनी बाजार के मजबूत प्रदर्शन के कारण भारतीय बाजारों में एफआईआई की बिकवाली हुई। नायर ने कहा कि इस रुझान के चलते अल्पावधि में शेयर बाजार के प्रभावित होने का अनुमान है।

मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज लिमिटेड के शोध प्रमुख सिद्धार्थ खेमका ने कहा कि इस सप्ताह भारत, चीन और ब्रिटेन अपनी मुद्रास्फीति के आंकड़े जारी करेंगे। उन्होंने कहा कि इसके अलावा यूरोपीय सेंट्रल बैंक (ईसीबी) की ब्याज दर के फैसले, चीन की जीडीपी और अमेरिकी खुदरा बिक्री जैसे अंतरराष्ट्रीय कारक भी बाजार को प्रभावित कर सकते हैं।

First Published - October 13, 2024 | 5:17 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

संबंधित पोस्ट