facebookmetapixel
Gold and Silver Price Today: सोना-चांदी में टूटे सारे रिकॉर्ड, सोने के भाव ₹1.59 लाख के पारSilver के बाद अब Copper की बारी? कमोडिटी मार्केट की अगली बड़ी कहानीAI विश्व शिखर सम्मेलन में शामिल होंगे स्पेन के 80 विश्वविद्यालयों के रेक्टरभारत–कनाडा सहयोग को नई रफ्तार, शिक्षा और व्यापार पर बढ़ा फोकसIndia-EU trade deal: सीमित समझौते से नहीं मिल सकता पूरा लाभनागर विमानन मंत्री नायडू बोले: भारत अब उभरती नहीं, वैश्विक आर्थिक शक्ति हैजल्द लागू होगा DPDP ऐक्ट, बड़ी कंपनियों के लिए समय-सीमा घटाने की तैयारीनिर्यातकों की बजट में शुल्क ढांचे को ठीक करने की मांगबजट में सीमा शुल्क एसवीबी खत्म करने की मांगऑटो, ग्रीन एनर्जी से लॉजिस्टिक्स तक, दावोस में CM मोहन यादव ने बताया एमपी का पूरा प्लान

India Q1FY25 GDP Growth: 15 महीने के निचले स्तर पर भारत की अर्थव्यवस्था, जून तिमाही में 6.7% रही जीडीपी ग्रोथ

भारत की GDP ग्रोथ में गिरावट की वजह आम चुनावों के दौरान सरकारी खर्च में कमी और खपत रुकना माना जा रहा है।

Last Updated- August 30, 2024 | 6:41 PM IST
IPEF

India Q1FY25 GDP Growth: भारत की अप्रैल-जून तिमाही (Q1FY25) के लिए अर्थव्यवस्था की रफ्तार धीमी हो गई है। भारत सरकार के राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (NSO) ने आज यानी शुक्रवार को डेटा जारी कर बताया कि चालू वित्त वर्ष की अप्रैल-जून तिमाही में भारत की GDP ग्रोथ 6.7% की दर (Q1FY25 GDP Growth rate) से बढ़ी। GDP ग्रोथ में गिरावट की वजह आम चुनावों के दौरान सरकारी खर्च में कमी और खपत रुकना मानी जा रही है।

जून तिमाही में GDP ग्रोथ पिछले 15 महीने (जनवरी-मार्च 2023) के सबसे निचले स्तर पर है। मार्च 2023 की तिमाही (Q4FY23) में भारत की GDP ग्रोथ 6.2% रही थी।  हालांकि, जून तिमाही में गिरावट के बावजूद भारत सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्था बना हुआ है, क्योंकि अप्रैल-जून तिमाही में चीन की GDP ग्रोथ रेट 4.7% थी।

बता दें कि, केंद्रीय बैंक RBI ने जून तिमाही के लिए 7.1% की GDP ग्रोथ का अनुमान लगाया था। मार्च तिमाही (Q4FY24) में GDP ग्रोथ 7.8% थी, जबकि पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही (Q1FY24) में यह 8.2% रही थी। पिछले तीन साल के GDP ग्रोथ के डेटा को देखा जाए तो वित्त वर्ष 2023-24 में 8.2%, FY22-23 में 7.2% और FY21-22- में 8.7% की GDP ग्रोथ देखने को मिली थी।

सेक्टर वाइज कैसी रही परफॉर्मेंस

NSO के डेटा के मुताबिक, कृषि क्षेत्र (agriculture sector) में 2% की ग्रोथ रेट देखी गई, जो 2023-24 की अप्रैल-जून तिमाही (Q1FY24) में 3.7% थी। तिमाही आधार पर देखें तो पिछली तिमाही (Q4FY24) में एग्रीकल्चर सेक्टर की ग्रोथ रेट 0.6% थी।

हालांकि, चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही (Q1FY25) में मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर की ग्रोथ रेट बढ़कर 7% हो गई। एक साल पहले की समान अवधि (Q1FY24) में यह 5% थी। जबकि, पिछली तिमाही में 8.9% थी।

खनन क्षेत्र (mining sector) की ग्रोथ रेट Q1FY25 में 7.2% हो गई, जबकि Q1FY24 में यह 7% थी। तिमाही आधार पर, Q4FY24 में 4.2% रही।

इसी तरह फाइनेंशियल एंड रियल एस्टेट में भी Q1FY25 में 7.1% की ग्रोथ रेट दिखी, जो पिछले साल की समान तिमाही (Q1FY24) में 12.6% थी। मार्च तिमाही में इस सेक्टर ककी ग्रोथ 7.6% थी।

कंस्ट्रक्शन सेक्टर की ग्रोथ रेट में जून तिमाही में बढ़ोतरी देखने को मिली है। Q1FY25 में यह 10.5% पर आ गई, जबकि Q1FY24 में यह 8.6% पर थी। Q4FY24 में कंस्ट्रक्शन सेक्टर की ग्रोथ रेट 8.7% रही थी।

बिजली (इलेक्ट्रिसिटी), गैस, वाटर सप्लाई एंड अन्य यूटिलिटी सर्विसेज की ग्रोथ रेट एक साल की समान अवधि के 3.6% मुकाबले बढ़कर 10.4% पर आ गई। पिछली तिमाही में यह 7.7% थी।

जुलाई में कोर सेक्टर ग्रोथ (Core Sector Growth) में भी गिरावट

कच्चे तेल और नेचुरल गैस के उत्पादन में गिरावट के कारण जुलाई में आठ प्रमुख बुनियादी उद्योगों  (core infrastructure) की ग्रोथ रेट घटकर 6.1 प्रतिशत रह गई है। हालांकि, यह मासिक आधार पर जून के 5.1 प्रतिशत से ज्यादा रही है। आठ बुनियादी उद्योगों का औद्योगिक उत्पादन सूचकांक (IIP) में वेटेज 40.27 प्रतिशत का है। बता दें कि IIP ओवरआल इंडस्ट्रियल ग्रोथ को मापता है। जुलाई में कच्चे तेल का उत्पादन 2.9% और नेचुरल गैस का उत्पादन 1.3% घटा।

चालू वित्त वर्ष (FY25) के पहले चार महीने (अप्रैल-जुलाई) में कोर इंफ्रास्ट्रक्चर का उत्पादन 6.1 प्रतिशत बढ़ा है, जबकि इससे पिछले वित्त वर्ष (FY25) की समान अवधि में यह 6.6 प्रतिशत की दर से बढ़ा था। जुलाई, 2023 में आठ बुनियादी उद्योगों- कोयला, कच्चा तेल, नेचुरल गैल, रिफाइनरी प्रोडक्ट, फर्टिलाइजर, स्टील, सीमेंट और बिजली (electricity) सेक्टर का उत्पादन 8.5 प्रतिशत की दर से बढ़ा था।

First Published - August 30, 2024 | 5:32 PM IST

संबंधित पोस्ट