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लद्दाख में हिंसक हुआ विरोध, 4 लोगों की मौत, 30 घायल; सोनम वांगचुक ने जताया दुख

जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने लेह में हुई हिंसा की घटनाओं पर दुख व्यक्त किया और इन घटनाओं के लिए युवाओं में पनप रही हताशा को जिम्मेदार ठहराया

Last Updated- September 24, 2025 | 7:08 PM IST
Ladakh protests
लद्दाख राज्य का दर्जा और छठी अनुसूची में शामिल किए जाने की मांग को लेकर बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन हुए। (फोटो: पीटीआई)

लद्दाख के लेह शहर में बुधवार को लेह एपेक्स बॉडी (LAB) द्वारा प्रायोजित बंद के दौरान प्रदर्शनकारियों और सुरक्षाकर्मियों के बीच झड़प में चार लोगों की मौत हो गई और 30 अन्य घायल हो गए। समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, अधिकारियों ने बताया कि लद्दाख को राज्य का दर्जा देने और छठी अनुसूची के विस्तार की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे प्रदर्शनकारियों ने हिंसा की और भाजपा कार्यालय तथा कई वाहनों पर हमला किया, जिसके बाद स्थिति को नियंत्रण में लाने के लिए पुलिस को गोलीबारी करनी पड़ी।

लद्दाख में क्यों भड़की हिंसा?

अधिकारियों ने बताया कि झड़पों में चार लोग मारे गए और 30 अन्य घायल हो गए। प्रदर्शनकारियों ने दावा किया कि पुलिस की गोलीबारी में चार लोग मारे गए। राज्य का दर्जा और छठी अनुसूची के विस्तार की मांग के समर्थन में 10 सितंबर से 35 दिनों की भूख हड़ताल पर बैठे 15 लोगों में से दो की मंगलवार शाम हालत बिगड़ने के बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था जिसके बाद लद्दाख एपेक्स बॉडी (एलएबी) की युवा शाखा ने विरोध प्रदर्शन का आह्वान किया था।

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वांगचुक ने हिंसा की घटनाओं पर दुख जताया

जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने लेह में हुई हिंसा की घटनाओं पर दुख व्यक्त किया और इन घटनाओं के लिए युवाओं में पनप रही हताशा को जिम्मेदार ठहराया। वांगचुक ने एक ऑनलाइन संवाददाता सम्मेलन में कहा कि प्रदर्शनकारियों में से दो, 72 वर्षीय एक पुरुष और 62 वर्षीय एक महिला को मंगलवार को अस्पताल ले जाया गया था और कहा कि संभवतः यह हिंसक विरोध का तात्कालिक कारण था।

युवाओं में निराशा बढ़ रही

जलवायु कार्यकर्ता वांगचुक राज्य का दर्जा दिये जाने और लद्दाख को संविधान की छठी अनुसूची में शामिल करने की मांग को लेकर लेह में एक भूख हड़ताल का नेतृत्व कर रहे थे। वांगचुक ने बड़ी संख्या में युवाओं के सड़कों पर उतरने के बाद भूख हड़ताल समाप्त कर दी। वांगचुक ने कहा कि शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन से कोई परिणाम नहीं निकलने के कारण युवाओं में निराशा बढ़ रही है। उन्होंने यह भी कहा कि ऐसी खबरें हैं कि तीन से पांच युवक मारे गए हैं।

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LAB-KDA के बीच 6 अक्टूबर को वार्ता

पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक, इस मुद्दे पर केंद्र और लद्दाख प्रतिनिधियों लेह एपेक्स बॉडी (LAB) और कारगिल डेमोक्रेटिक अलायंस (KDA) के बीच 6 अक्टूबर को एक नई वार्ता होने वाली है। इसी बीच, चार दिवसीय वार्षिक लद्दाख महोत्सव का अंतिम दिन भी रद्द कर दिया गया। इस महोत्सव के समापन समारोह में उपराज्यपाल कविंदर गुप्ता को शामिल होना था, जिसकी शुरुआत रविवार को हुई थी।

(PTI इनपुट के साथ)

First Published - September 24, 2025 | 7:03 PM IST

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