facebookmetapixel
Advertisement
केसरिया जर्सी पर विवाद, भारतीय हॉकी की नीली पहचान पर बहसट्रंप का दावा: युद्ध खत्म करने के समझौते की रूपरेखा तैयार, फिलहाल हमले टलेयुवाओं पर पीएम मोदी का फोकस, नशा-मुक्त भारत अभियान के तहत लाखों युवाओं को दिलाई नशा विरोधी शपथअमेरिका में दवा बनाने की जल्दी नहीं, टैरिफ के खतरे के बावजूद भारत में ही रहेगा कंपनियों का विनिर्माणउदारीकरण के 35 साल: 1991 में सेंसेक्स में थीं जो 30 कंपनियां, उनमें अब 7 ही बचीं; बेंचमार्क सूचकांक में आया बड़ा बदलावबिज़नेस स्टैंडर्ड सर्वेक्षण: रीपो दर में बदलाव के नहीं आसार, अगली बैठक में हो सकता है बड़ा फैसलानिवेश में जोरदार उछाल या आंकड़ों का भ्रम? 4 परमाणु परियोजनाओं ने बदल दी पूरी तस्वीर45% घटा हाईवे निर्माण, पश्चिम एशिया संकट और बिटुमन की कमी बनी बड़ी वजहनई ईपीएफ योजना में बदला कायदा क्या है नुकसान और क्या है फायदा?IT Funds: जुलाई की रिकॉर्ड तेजी के बीच निवेशकों ने निकाला पैसा, मुनाफावसूली या रणनीति में बदलाव

Chandrayaan-3 : चंद्रयान-3 को लेकर ISRO का बयान, जुलाई में होगी लॉन्चिंग

Advertisement

चंद्रयान -3 मिशन को श्रीहरिकोटा स्थित सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र से एलवीएम3 (लॉन्च व्हीकल मार्क-III) द्वारा लॉन्च किया जाएगा।

Last Updated- June 29, 2023 | 12:06 PM IST
Chandrayaan-3 Mission

Chandrayaan-3 Mission Launch Date: भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) के मोस्ट अवेटेड मिशन चंद्रयान-3 की लॉन्चिंग की तारीख को लेकर ऐलान हुआ है। प्रमुख एस. सोमनाथ ने जानकारी दी कि इस मिशन की लॉन्चिंग 12 से 19 जुलाई की बीच की जाएगी।

अधिकारियों के मुताबिक, इसकी सारी टेस्टिंग पूरी हो चुकी है। पेलोड्स भी लगा दिए गए हैं। अब बस लॉन्चिंग की असली डेट का ऐलान कुछ दिन में कर दिया जाएगा।

चंद्रयान-3 मिशन का मकसद चंद्रमा की सतह पर सुरक्षित लैंड करने पर है। इसरो चीफ ने इसरो के चेयरमैन एस सोमनाथ ने कहा कि इसरो का यह मिशन अंतरिक्ष के क्षेत्र में भारत के लिए एक और बड़ी उपलब्धि साबित होगा।

साथ ही उन्होंने कहा कि पिछली बार जो विक्रम लैंडर के साथ हुआ वो इस बार नहीं होगा। क्योंकि इस बार चंद्रयान-3 के लैंडर की लैंडिंग तकनीक में कुछ अहम बदलाव किए गए हैं। इस बार चंद्रयान-3 मिशन में केवल लैंडर और रोवर भेज जाएंगे।

इसके अलावा, चंद्रमा के चारों तरफ चक्कर लगा रहे चंद्रयान-2 के ऑर्बिटर से लैंडर-रोवर का संपर्क जोड़ा जाएगा। बता दें कि इस स्पेसक्राफ्ट के ज्यादातर प्रोग्राम पहले से ही ऑटोमैटिक हैं। इसमें सैकड़ों सेंसर्स मौजूद हैं, जिसकी वजह से इसकी लैंडिंग और अन्य कार्यों में मदद मिलेगी।

जानें चंद्रयान-3 मिशन के बारे में

चंद्रयान -3 मिशन को श्रीहरिकोटा स्थित सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र से एलवीएम3 (लॉन्च व्हीकल मार्क-III) द्वारा लॉन्च किया जाएगा।

इसरो के अधिकारियों ने कहा कि चंद्रयान-3 मिशन चंद्रयान-2 का ही अगला प्रोजेक्ट है, जिसे चंद्रमा की सतह पर उतरा और परीक्षण किया जाएगा।

यह भी चंद्रयान-2 की तरह ही दिखेगा, जिसमें एक ऑर्बिटर, एक लैंडर और एक रोवर होगा। इस मिशन का फोकस चंद्रमा की सतह पर सुरक्षित लैंड करने पर है। चंद्रयान-3 मिशन को सफलता दिलाने के लिए नए उपकरण बनाए गए हैं। साथ ही एल्गोरिदम को और अच्छा किया गया है। पिछली गलतियों को ध्यान में रखकर इस पर सुधार किया गया है।

बता दें कि इसरो ने चंद्रयान -3 के लॉन्च का ऐलान चंद्रयान-2 के लैंडर-रोवर के दुर्घटनाग्रस्त होने के चार साल बाद किया है।

Advertisement
First Published - June 29, 2023 | 11:26 AM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement