facebookmetapixel
Advertisement
त्योहारी सीजन में खाद्य तेल की कीमतों में आएगा अभी और उबाल, एक महीने में 15% बढ़े भावहाई-टेक इंजीनियर्स आईपीओ आज से खुला, ₹53 का शेयर ग्रे मार्केट में ₹78! पैसा लगाएं या नहीं? जानें ब्रोकरेज की रायटाटा ग्रुप का होटल कारोबार होगा और मजबूत, IHCL में ओरिएंटल होटल्स का विलय; शेयरधारकों को कैसे मिलेंगे शेयर?विशाल मेगा मार्ट के शेयर में तूफानी तेजी, सीईओ की दोबारा नियुक्ति से 9.5% उछला स्टॉकStock Market Holiday: रक्षाबंधन पर शेयर बाजार रहेगा खुला या बंद? 28 अगस्त को NSE-BSE की छुट्टी पर दूर करें पूरा कन्फ्यूजनहोराइजन इंडस्ट्रियल पार्क्स ने किया निराश! फ्लैट लिस्टिंग के बाद टूटा शेयर, क्या करें निवेशक?ललिता ज्वेलरी की धमाकेदार लिस्टिंग! निवेशकों को करीब 32% का मुनाफा, अब किस भाव पर कर रहा ट्रेड?यूपी-जापान के रिश्तों को नई रफ्तार, 200 सदस्यीय जापानी प्रतिनिधिमंडल ने तलाशे निवेश के अवसरआज से खुले सिंबायोटेक फार्मालैब और स्काईवेज एयर सर्विसेज के IPO, पैसा लगाएं या नहीं?गोल्ड-सिल्वर में भारी उछाल! सोना ₹1.63 लाख और चांदी ₹2.46 लाख के पार

केंद्र ने विंडफॉल टैक्स में की भारी कटौती, क्रूड ऑयल में 65%, डीजल निर्यात पर 35% की कटौती

Advertisement
Last Updated- December 16, 2022 | 9:49 AM IST
WIndfall tax

केंद्र सरकार ने शुक्रवार, 16 दिसंबर 2022 को घरेलू उत्पादित कच्चे तेल और डीजल पर अप्रत्याशित कर (windfall tax) घटा दिया है।

सरकारी द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार, वित्त मंत्रालय ने राज्य के स्वामित्व वाली तेल और प्राकृतिक गैस निगम (ONGC) जैसी फर्मों द्वारा उत्पादित कच्चे तेल पर कर मौजूदा 4,900 रुपये प्रति टन से घटाकर 1,700 रुपये प्रति टन कर दिया है। मंत्रालय ने डीजल निर्यात पर दर को 8 रुपये प्रति लीटर से घटाकर 5 रुपये प्रति लीटर कर दिया।

केंद्र सरकार लगभग हर दो सप्ताह में विंडफॉल टैक्स में संशोधन कर रही है।जुलाई में केंद्र ने पेट्रोल और एटीएफ पर 6 रुपये प्रति लीटर (12 डॉलर प्रति बैरल) और डीजल पर 13 रुपये प्रति लीटर (26 डॉलर) शुल्क लगाया था। घरेलू कच्चे तेल के उत्पादन पर 23,250 रुपये प्रति टन ($ 40 प्रति बैरल) का विंडफॉल टैक्स भी लगाया गया था।

विंडफॉल टैक्स में हुए आज के संशोधन के बाद, घरेलू उत्पादित कच्चे तेल पर अप्रत्याशित कर लगभग 65 प्रतिशत कम कर दिया गया है।

सरकार के इस कदम से पेट्रोल-डीजल के रेट घटने की उम्‍मीद बढ़ गई है। एक्सपर्ट्स का मानना है कि इसका कारण ग्‍लोबल मार्केट में क्रूड के दामों में गिरावट है। इसीलिए सरकार ने निर्यात पर टैक्‍स घटाया है। घरेलू बाजार में अब तेल की आपूर्ति काफी अच्‍छी हो गई है, जिससे कंपनियों पर दबाव घटा है और वे कीमतों में कटौती कर सकती हैं।

कब लागू हुआ था विंडफॉल टैक्स?

केंद्र ने 1 जुलाई, 2022 को पेट्रोलियम उत्पादों पर विंडफॉल टैक्स लगाने का ऐलान किया था। उस समय पेट्रोल के साथ डीजल और एटीएफ पर यह टैक्स लगाया गया था। हालांकि इसके बाद की समीक्षा में Petrol को इस टैक्स के दायरे से बाहर कर दिया गया।

Advertisement
First Published - December 16, 2022 | 8:41 AM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement