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ग्रामीण आवास को मिल सकता है तोहफा

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Last Updated- January 09, 2023 | 12:22 PM IST
Budget 2023

आगामी बजट 2024 के आम चुनाव से पहले का आखिरी पूर्ण बजट है। इसमें सरकार ग्रामीण आवास योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण (पीएमएवाई-जी) पर अपना पूरा जोर रख सकती है।सरकार मार्च 2024 तक शेष 84 लाख मकानों को पूरा करने के लिए बजटीय सहायता में महत्वपूर्ण वृद्धि की योजना बना सकती है।

पीएमएवाई-जी मोदी सरकारी की प्रमुख योजनाओं में से एक है। इसके तहत, अन्य योजनाओं के साथ मार्च 2024 तक ग्रामीण इलाकों में 2.95 करोड़ पक्के मकान जिसमें शौचालय, विद्युत कनेक्शन आदि बुनियादी सुविधाएं मुहैया कराने का लक्ष्य है।

15 दिसंबर, 2022 तक लक्ष्य के 2.5 करोड़ मकानों को मंजूरी दे दी गई है और 2.11 करोड़ मकान बनाए भी जा चुके हैं। वित्त वर्ष 23 में, केंद्र ने पहले कार्यक्रम के लिए 20,000 करोड़ रुपये आवंटित किए थे और फिर इसके लिए 28,000 करोड़ रुपये और दिए। यह अनुदान के लिए पूरक मांग के माध्यम से था, जिससे योजना का कुल आवंटन करीब 48,000 करोड़ रुपये हो गया।

सूत्रों ने बताया कि बजट जो फरवरी में सदन में पेश किया जाएगा, आवंटन में उल्लेखनीय वृद्धि के साथ पीएमएवाई-जी पर समान जोर दिए जाने की उम्मीद है।

एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, ‘हमें आश्वासन दिया गया है कि पीएमएवाई-जी के शेष 84 लाख मकानों को पूरा करने के लिए जितनी राशि की जरूरत होगी, हमें दी जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रमुख योजना की बात है धन की कमी नहीं होगी।

ग्रामीण आवास पर ध्यान आगामी राज्य चुनावों और 2024 के आम चुनावों के लिए भी एक लाभ के रूप में काम करेगा। ग्रामीण सड़कों और स्वच्छता परियोजनाओं को तेजी से पूरा करने के साथ-साथ लाखों ग्रामीण घरों की पूरा करना केंद्र सरकार के मुख्य क्षेत्रों में से एक रहा है।

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First Published - January 8, 2023 | 11:58 PM IST

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