facebookmetapixel
Advertisement
SME IPO की धूम! अगस्त में जुटाए करीब ₹1220 करोड़, 2026 में अब तक सबसे ज्यादाऑटो बिक्री ने अगस्त में बनाया रिकॉर्ड, 24 लाख से ज्यादा गाड़ियां बिकीसागर में जहरीली शराब पीने से मरने वालों की संख्या बढ़कर 18, 100 से अधिक अस्पताल में भर्ती; अब तक 10 गिरफ्तारखाते में एक भी रुपया नहीं? घबराने की जरूरत नहीं, पात्र खाताधारक ऐसे ले सकते हैं ₹10,000 तक का ओवरड्राफ्टसुपर अल नीनो से बिगड़ेगा चीनी-एथेनॉल का गणित? घटती फसल और कम स्टॉक ने बढ़ाई चिंतासोना-चांदी में गिरावट, क्या अभी और सस्ता होगा गोल्ड? एक्सपर्ट ने बताए अहम लेवलIPO में कमाई का मौका या रिस्क? इस हफ्ते खुलेंगे 12 इश्यू, जानें किस आईपीओ का GMP सबसे ज्यादा और कहां है फायदाकच्चे तेल ने बिगाड़ा बाजार का मूड, निफ्टी 23,800 के नीचे; आगे और आएगी गिरावट?मारुति सुजुकी ने दिया झटका! चुनिंदा कारें होंगी ₹20,000 तक महंगी, सितंबर में लागू होंगी नई कीमतेंदो सेशन में 150% रिटर्न; ब्रोकरेज ने BUY रेटिंग के साथ शुरू की कवरेज, कहा – जाएगा ₹1500 के पार

मनरेगा के तहत मजदूरी बढ़ी, हरियाणा दे रहा सबसे अधिक पैसा; जानिए अन्य राज्यों का क्या है हाल

Advertisement
Last Updated- March 26, 2023 | 5:18 PM IST
MNREGA

केंद्र ने वित्त वर्ष 2023-24 के लिए ग्रामीण रोजगार गारंटी कार्यक्रम के तहत मजदूरी दरों में वृद्धि को अधिसूचित किया है। इसके तहत हरियाणा में सबसे अधिक मजदूरी 357 रुपये प्रति दिन और मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में सबसे कम 221 रुपये है।

केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्रालय ने 24 मार्च को महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के तहत मजदूरी दरों में बदलाव की अधिसूचना जारी की।

अधिसूचना महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा), 2005 की धारा 6(1) के तहत जारी की गई, जिसमें कहा गया है कि केंद्र अधिसूचना द्वारा अपने लाभार्थियों के लिए मजदूरी दर निर्धारित कर सकता है।

मजदूरी में वृद्धि सात रुपये से लेकर 26 रुपये तक की गई है। संशोधित दर एक अप्रैल से लागू होगी। पिछले वर्ष की दरों की तुलना में राजस्थान में मजदूरी में सर्वाधिक वृद्धि दर्ज की गई है। राजस्थान के लिए संशोधित मजदूरी 255 रुपये प्रति दिन है, जो 2022-23 में 231 रुपये थी।

बिहार और झारखंड ने पिछले साल की तुलना में लगभग आठ प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की है। पिछले साल, इन दोनों राज्यों में किसी मनरेगा मजदूर के लिए दैनिक मजदूरी 210 रुपये थी। अब इसे संशोधित कर 228 रुपये कर दिया गया है।

छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश के लिए, जहां सबसे कम दैनिक मजदूरी 221 रुपये है, पिछले वर्ष की तुलना में 17 प्रतिशत वृद्धि दर्ज की गई। वित्त वर्ष 2022-23 में, दोनों राज्यों में दैनिक मजदूरी 204 रुपये निर्धारित थी।

राज्यों के लिए मजदूरी में वृद्धि दो से 10 प्रतिशत के बीच है। सबसे कम प्रतिशत वृद्धि दर्ज करने वाले राज्यों में कर्नाटक, गोवा, मेघालय और मणिपुर शामिल हैं।

महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना एक प्रमुख कार्यक्रम है जिसका उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में परिवारों की आजीविका सुरक्षा को बढ़ाने के लिए एक वित्तीय वर्ष में कम से कम 100 दिनों रोजगार की गारंटी दी जाती है।

Advertisement
First Published - March 26, 2023 | 5:18 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement