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वित्त वर्ष 2023-24 में 6.5 प्रतिशत रहेगी GDP की वृद्धि दर: नीति आयोग के पूर्व वाइस चेयरमैन

भारत की जीडीपी वृदि दर 2022-23 में 7.2 फीसदी रही थी, जो 2021-22 के 9.1 फीसदी से कम है।

Last Updated- October 02, 2023 | 6:00 PM IST
GDP base year revision: Government considering changing the base year for GDP calculation to 2022-23 जीडीपी गणना के लिए आधार वर्ष को बदलकर 2022-23 करने पर विचार कर रही सरकार

नीति आयोग के पूर्व वाइस चेयरमैन राजीव कुमार ने सोमवार को चालू वित्त वर्ष में देश की आर्थिक वृद्धि दर (Economic Growth Rate) लगभग 6.5 प्रतिशत रहने का अनुमान जताया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार ने पिछले नौ साल में जो सुधार किए हैं, उससे देश की व्यापक आर्थिक स्थिति को फायदा हो रहा है।

कुमार ने यह भी कहा कि भारत को आठ प्रतिशत से अधिक की वृद्धि की जरूरत है और देश ऐसा करने में सक्षम है। देश की युवा आबादी की आकांक्षाओं को पूरा करने और अपने कार्यबल के लिए पर्याप्त नौकरियां पैदा करने के लिए आर्थिक वृद्धि को इस स्तर पर लाना जरूरी है।

उन्होंने पीटीआई-भाषा के साथ खास बातचीत में कहा, ”मेरा अनुमान है कि वित्त वर्ष 2023-24 में भारत की जीडीपी वृद्धि दर 6.5 प्रतिशत रहेगी। मुझे लगता है कि हम अगले कुछ साल इस वृद्धि दर को आसानी से बनाए रख सकते हैं।”

भारत की जीडीपी वृदि दर 2022-23 में 7.2 फीसदी रही थी, जो 2021-22 के 9.1 फीसदी से कम है। भारतीय रिजर्व बैंक के अनुमान के मुताबिक चालू वित्त वर्ष में भारत की जीडीपी वृद्धि दर 6.5 फीसदी रह सकती है।

कुमार ने आगे कहा कि भारत का चालू खाता घाटा संभाला जा सकता है और देश का विदेशी मुद्रा भंडार लगभग 11 महीने के आयात को पूरा करने के लिए पर्याप्त है और प्रत्यक्ष विदेशी निवेश जारी है।

First Published - October 2, 2023 | 6:00 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

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