facebookmetapixel
सेना दिवस: भैरव बटालियन ने जीता लोगों का दिल, ब्रह्मोस मिसाइल ने दिखाई अपनी ताकतX ने AI चैटबॉट ग्रोक से महिलाओं और बच्चों की अश्लील तस्वीरों पर लगाया बैन, पेड यूजर्स तक सीमित किया कंटेंट क्रिएशनI-PAC दफ्तर की तलाशी पर सुप्रीम कोर्ट सख्त: ED की याचिका पर बंगाल सरकार से जवाब, FIR पर रोकवै​श्विक वृद्धि के लिए हमारी रणनीति को रफ्तार दे रहा भारत, 2026 में IPO और M&A बाजार रहेगा मजबूत27 जनवरी को भारत-ईयू एफटीए पर बड़ा ऐलान संभव, दिल्ली शिखर सम्मेलन में तय होगी समझौते की रूपरेखासुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला: टाइगर ग्लोबल को टैक्स में राहत नहीं, मॉरीशस स्ट्रक्चर फेलएशिया प्राइवेट क्रेडिट स्ट्रैटिजी के लिए KKR ने जुटाए 2.5 अरब डॉलर, निवेशकों की दिलचस्पी बढ़ीचीन के कदम से देसी प्लास्टिक पाइप कंपनियों को दम, पिछले एक साल में शेयर 23% टूटेसेबी लाएगा म्युचुअल फंड वर्गीकरण में बड़ा बदलाव, पोर्टफोलियो ओवरलैप पर कसेगी लगामRIL Q3FY26 results preview: रिटेल की सुस्ती की भरपाई करेगा एनर्जी बिजनेस, जियो बनेगा कमाई का मजबूत सहारा

अगस्त में 33 अरब डॉलर का निर्यात

Last Updated- December 12, 2022 | 1:22 AM IST

वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय की ओर से आज जारी आंकड़ों के मुताबिक अगस्त में भारत का निर्यात 33.14 अरब डॉलर रहा, जो पिछले साल की समान अवधि की तुलना में 45.17 प्रतिशत ज्यादा है। प्राथमिक आंकड़ों से पता चलता है कि विदेश से तेज मांग बनी रहने के कारण यह वृद्धि दर्ज की गई है। 
इंजीनियरिंग उत्पादों, पेट्रोलियम उत्पादों, रत्न एवं आभूषण की विदेश में ज्यादा मांग रही। अगस्त, 2020 में निर्यात के कमजोर आधार ने भी 45 प्रतिशत वृद्धि में भूमिका निभाई है, क्योंकि कोविड-19 के कारण पिछले साल निर्यात बाधित रहा था। बहरहाल आधार का असर धीरे-धीरे घट रहा है। अगस्त, 2019 में वृद्धि 27.5 प्रतिशत थी। जुलाई, 21 में निर्यात सर्वोच्च स्तर पर पहुंच गया था और यह 35.17 अरब डॉलर था।

कुल मिलाकर देखें तो अप्रैल-अगस्त के दौरान भारत का वाणिज्यिक वस्तुओं का निर्यात 163.67 अरब डॉलर रहा है, जो एक साल पहले की समान अवधि की तुलना मे 66.92 प्रतिशत ज्यादा है और 2019 की समान अवधि की तुलना में 22.93 प्रतिशत ज्यादा है। इस हिसाब से भारत चालू वित्त वर्ष में अपने 400 अरब डॉलर के निर्यात लक्ष्य का 41 प्रतिशत हासिल कर चुका है। अगस्त महीने में वाणिज्यिक वस्तुओं का आयात 51.5 प्रतिशत बढ़कर 47.01 अरब डॉलर हो गया और यह अगस्त 2019 की तुलना में 17.2 प्रतिशत ज्यादा है। इसकी वजह से अगस्त में व्यापार घाटा 13.87 अरब डॉलर हो गया, जो पिछले साल की समान अवधि में 8.2 प्रतिशत था। 
इक्रा में मुख्य अर्थशास्त्री अदिति नायर ने कहा, ‘वाणिज्यिक वस्तुओं का आयात लगातार बढ़ रहा है, साथ ही निर्यात सर्वोच्च स्तर पर पहुंच गया है। ऐसे में अगस्त, 2021 में व्यापार घाटा बढ़कर 13.9 अरब डॉलर हो गया है, जैसा कि अनुमान था। यह 4 महीने का उच्च स्तर है। हम उम्मीद कर रहे हैं कि चालू खाते का घाटा सुधरकर आगामी तिमाही में 4-6 अरब डॉलर रहेगा।’ 

गैर पेट्रोलियम और गैर रत्न एवं आभूषण का निर्यात अगस्त महीने में 25.15 अरब डॉलर रहा है, जो एक साल पहले की तुलना मे 21.66 प्रतिशत ज्यादा है और अगस्त 19 की तुलना में इसमें 28.53 प्रतिशत बढ़ोतरी हुई है।  
फेडरेशन आफ इंडियन एक्सपोर्ट ऑर्गेनाइजेसंस (फियो) के अध्यक्ष ए शक्तिवेल ने कहा कि लगातार 6 महीने से निर्यात में बढ़ोतरी न सिर्फ बेहतर अर्थव्यवस्था के संकेत दे रहा है, बल्कि निर्यात में स्थिरता के भी संकेत हैं। उन्होंने कहा कि वैश्विक व्यापार में रिकवरी की वजह से ऑर्डर बुकिंग की स्थिति सही है।

First Published - September 2, 2021 | 11:56 PM IST

संबंधित पोस्ट