मौजूदा कोविड-19 वैश्विक महामारी के दौर में अधिकतर लोग घर से काम कर रहे हैं और इसलिए घड़ी पहनने का चलन घटने लगा है। लेकिन अपनी बिक्री को रफ्तार देने के लिए टाइटन उपहार की रणनीति पर दांव लगा रही है। इसी क्रम में कंपनी ने अपने स्टोरों के जरिये ‘गिफ्ट अ टाइटन स्माइल’ नाम से एक कार्यक्रम शुरू किया है ताकि लोगों को अपने प्रियजनों को उपहार देने के लिए प्रेरित किया जा सके।
टाइटन की मुख्य कार्याधिकारी (वॉचेज ऐंड वियरेबल डिविजन) सुपर्णा मित्रा ने कहा, ‘जहां तक घडिय़ों का सवाल है तो उपभोक्ता मांग को उपहार से काफी रफ्तार मिलती दिख रही है। खासकर मौजूदा समय में यह काफी महत्त्वपूर्ण है क्योंकि लोग अपने घरों पर रह रहे हैं और इसलिए अपने परिजनों के जन्म दिवस, सालगिरह आदि अवसरों में शामिल नहीं हो पा रहे हैं।’
कोविड-19 वैश्विक महामारी और लॉकडाउन के कारण पैदा हुई परिचालन संबंधी चुनौतियों के कारण कंपनी के राजस्व को तगड़ा झटका लगा है। जून में समाप्त तिमाही के दौरान कंपनी ने करीब 16 साल बाद किसी तिमाही में शुद्ध घाटा दर्ज किया जबकि उसके समेकित राजस्व में 62 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई। बेंगलूरु की इस कंपनी के कुल राजस्व में उसके घड़ी कारोबार का योगदान 12 से 15 फीसदी है। कोविड प्रकोप के बाद ऐक्सेसरीज की मांग में जबरदस्त गिरावट आने से कंपनी के राजस्व को तगड़ा झटका लगा है। यही कारण है कि जून तिमाही में टाइटन के राजस्व में 89 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई।
विशेषज्ञों का मानना है कि कंपनी के लिए उपहार की रणनीति पर आगे बढऩा बिल्कुल सही है। एडलवाइस फाइनैंसियल सर्विसेज के कार्यकारी उपाध्यक्ष अबनीश रॉय ने कहा, ‘मौजूदा परिदृश्य में यह कंपनी के लिए यह बिल्कुल सही रणनीति है क्योंकि लोग अभी घर से काम कर रहे हैं और इसलिए समय देखने के लिए उन्हें घड़ी पहनने की बहुत अधिक जरूरत नहीं दिखती है।’