facebookmetapixel
Q3 Results: DLF का मुनाफा 13.6% बढ़ा, जानें Zee और वारी एनर्जीज समेत अन्य कंपनियों का कैसा रहा रिजल्ट कैंसर का इलाज अब होगा सस्ता! Zydus ने भारत में लॉन्च किया दुनिया का पहला निवोलुमैब बायोसिमिलरबालाजी वेफर्स में हिस्से के लिए जनरल अटलांटिक का करार, सौदा की रकम ₹2,050 करोड़ होने का अनुमानफ्लाइट्स कैंसिलेशन मामले में इंडिगो पर ₹22 करोड़ का जुर्माना, सीनियर वाइस प्रेसिडेंट हटाए गएIndiGo Q3 Results: नई श्रम संहिता और उड़ान रद्द होने का असर: इंडिगो का मुनाफा 78% घटकर 549 करोड़ रुपये सिंडिकेटेड लोन से भारतीय कंपनियों ने 2025 में विदेश से जुटाए रिकॉर्ड 32.5 अरब डॉलरग्रीनलैंड, ट्रंप और वैश्विक व्यवस्था: क्या महा शक्तियों की महत्वाकांक्षाएं नियमों से ऊपर हो गई हैं?लंबी रिकवरी की राह: देरी घटाने के लिए NCLT को ज्यादा सदस्यों और पीठों की जरूरतनियामकीय दुविधा: घोटालों पर लगाम या भारतीय पूंजी बाजारों का दम घोंटना?अवधूत साठे को 100 करोड़ रुपये जमा कराने का निर्देश 

JSW Infra की 30,000 करोड़ रुपये के निवेश की तैयारी, शेयरों पर रखें नजर

कंपनी FY25-30 के दौरान 30,000 करोड़ रुपये का अनुमानित पूंजीगत खर्च (capex) करेगी।

Last Updated- December 19, 2024 | 5:59 PM IST
JSW Infrastructure

JSW इंफ्रास्ट्रक्चर (JSW Infra) ने अपनी कार्गो हैंडलिंग क्षमता को 2030 तक 400 मिलियन टन सालाना (mtpa) बढ़ाने की योजना बनाई है। इसके लिए कंपनी FY25-30 के दौरान 30,000 करोड़ रुपये का अनुमानित पूंजीगत खर्च (capex) करेगी। यह जानकारी कंपनी ने एक्सचेंज फाइलिंग में दी है।

वर्तमान में कंपनी की कार्गो क्षमता 170 mtpa है और FY28 तक इसे बढ़ाकर 288 mtpa करने का लक्ष्य है। इसके बाद FY30 तक इसे 400 mtpa तक बढ़ाने की योजना है जो कि 15 प्रतिशत की संयुक्त वार्षिक वृद्धि दर (CAGR) के साथ होगा।

कंपनी महाराष्ट्र और गोवा में स्थित अपने जयगढ़ और धर्मतर पोर्ट्स की क्षमता में सुधार कर रही है जिससे 42.5 mtpa का अतिरिक्त कार्गो हैंडलिंग क्षमता जुड़ सकेगी। JSW इंफ्रास्ट्रक्चर के प्रमुख पोर्ट प्रोजेक्ट्स में ओडिशा का जताधर, कर्नाटक का केनी और महाराष्ट्र का मुरबे शामिल हैं। इन तीन ग्रीनफील्ड प्रोजेक्ट्स से कंपनी की क्षमता में 93 mtpa का इजाफा होने की संभावना है। केनी पोर्ट के लिए 4,119 करोड़ रुपये का पूंजीगत व्यय किया जाएगा जबकि जताधर पोर्ट के लिए 3,000 करोड़ रुपये और मुरबे पोर्ट परियोजना के लिए 4,259 करोड़ रुपये की लागत आएगी।

JSW इंफ्रास्ट्रक्चर FY19-24 के दौरान 25 प्रतिशत की वॉल्यूम वृद्धि दर (CAGR) के साथ सबसे तेज़ बढ़ने वाला पोर्ट ऑपरेटर बन गया है। इसके पोर्टफोलियो की बाकी अवधि 25 साल से अधिक है जो इसी सेक्टर की बाकी कंपनियों के बीच सबसे अधिक है।

कंपनी अपनी लॉजिस्टिक्स शाखा पर भी ध्यान दे रही है। FY25 में, इसने एक लॉजिस्टिक्स कंपनी नवकार कॉर्पोरेशन में 1,012 करोड़ रुपये में बहुमत हिस्सेदारी खरीदी और ओडिशा में एक 30 mtpa क्षमता वाले स्लरी पाइपलाइन प्रोजेक्ट के लिए 1,700 करोड़ रुपये का निवेश किया।

कंपनी ने एक बयान में कहा कि उसे JSW समूह की कंपनियों के साथ अपनी साझेदारी से लाभ मिल रहा है। इसलिए वह अपने ग्राहक बेस में भी विविधता लाई है। कंपनी ने कहा, “FY19 में तीसरे पक्ष के कार्गो का हिस्सा 5 प्रतिशत से बढ़कर H1 FY25 में 48 प्रतिशत हो गया है। कंपनी का लक्ष्य है कि समूह और तीसरे पक्ष के ग्राहकों का हिस्सा बराबरी का हो, जिससे ऑपरेशन स्थिरता और मुनाफे में सुधार हो सके।”

JSW इंफ्रास्ट्रक्चर के संयुक्त मैनेजिंग डायरेक्टर और CEO रिंकुश रॉय ने कहा, “”हम एक मजबूत और कुशल पोर्ट लॉजिस्टिक्स सिस्टम बना रहे हैं, जो भारत की आर्थिक बढ़त और बुनियादी ढांचे के विकास में मदद करेगा। क्षमता बढ़ाकर और ग्राहकों और उत्पादों में बदलाव लाकर, हमें पूरा विश्वास है कि हम अपने सभी साझेदारों को लंबे समय तक फायदा देंगे।”

JM फाइनेंशियल के मुताबिक, JSW इंफ्रास्ट्रक्चर ने 30 सितंबर 2024 तक जीरो नेट कर्ज (net debt) की सूचना दी है। कंपनी का ऑपरेशन से नकदी फ्लो FY19 में 330 करोड़ रुपये से बढ़कर FY24 में 1,800 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है।

JSW इंफ्रास्ट्रक्चर के CFO ललित सिंहवी ने कहा, “मैं यह बताते हुए खुश हूं कि JSW इंफ्रास्ट्रक्चर की मजबूत फाइनेंशियल पोजिशन, अच्छी बैलेंस शीट और जीरो नेट कर्ज हमारे विस्तार योजनाओं को आगे बढ़ा रहे हैं। हम क्षमता बढ़ाने और फायदेमंद अधिग्रहण करने के लिए सही तरीके से तैयार हैं।”

19 दिसंबर को JSW इंफ्रा के शेयर 313.70 पर बंद हुए। इस दौरान सेंसेक्स -1.20 फीसदी की गिरावट के साथ 79218.05 पर बंद हुआ।

First Published - December 19, 2024 | 5:59 PM IST

संबंधित पोस्ट