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अमेरिकी रिटेलर ने घटाया आईटी खर्च

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Last Updated- December 11, 2022 | 5:13 PM IST

मंदी की सुगबुगाहट के बीच अमेरिकी रिटेल दिग्गज मैसीज ने अपना तकनीकी काम संभालने वाली कंपनियों (टेक वेंडरों) को बताया है कि इस साल वह अपने आईटी बजट में 10-15 फीसदी कटौती कर रही है। जानकार सूत्रों ने कहा कि कंपनी के इस निर्णय का असर नई परियोजनाओं पर भी पड़ेगा, जिनमें अब देर हो सकती है।
मैसीज के साथ काम करने वाली प्रमुख आईटी कंपनियों में टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस), इन्फोसिस और एक्सेंचर शामिल हैं। इन कंपनियों के शीर्ष 5 से 10 ग्राहकों में मैसीज का नाम आता है।
आईटी खर्च में कटौती का ईमेल पाने वाली एक कंपनी से जुड़े सूत्र ने बताया, ‘मैसीज ने अपने सभी वेंडरों को लिखा है कि लागत पर काबू के लिए वह खर्च घटा रही है। गैर-जरूरी खर्चों में 10 से 15 फीसदी कमी आएगी। अभी जारी परियोजनाओं पर काम चलता रहेगा मगर सभी नई परियोजनाएं प्रभावित होंगी।’
मैसीज को इसकी पुष्टि के लिए भेजे गए ईमेल का कोई जवाब नहीं आया। एक्सेंचर और टीसीएस को भी ईमेल भेजा गया मगर जवाब नहीं आया। इन्फोसिस के प्रवक्ता ने कहा, ‘हम ग्राहक के साथ हुए करार पर टिप्पणी नहीं करते।’ कॉग्निजेंट इंडिया के सीएमडी राजेश नांबियार ने इस मामले में कुछ कहने से इनकार कर दिया।
मैसीज पहली अमेरिकी रिटेलर है, जिसने खर्च घटाने का ऐलान किया है। मंदी के खटके की चर्चा के बीच अमेरिका के कई रिटेलरों पर मुद्रास्फीति का दबाव देखा जा रहा है, जिससे उनका मुनाफा और बिक्री प्रभावित हो रही है।  इस हफ्ते की शुरुआत में वॉलमार्ट ने मुद्रास्फीति को देखते हुए तिमाही और पूरे साल के मुनाफे का अनुमान घटा दिया था क्योंकि ग्राहक अनावश्यक खर्च से परहेज कर रहे हैं। कनाडा की शॉपिफाई ने ऑनलाइन बिक्री में कमी देखकर 10 फीसदी कर्मचारियों की छंटनी का ऐलान किया था। अमेरिका में
अधिकतर रिटेल कंपनियों जैसे टारगेट और मैसीज आदि के शेयरों में भी गिरावट आई है।
शीर्ष आईटी कंपनियों के प्रबंधन ने हाल ही में पूरे भरोसे के साथ कहा था कि किसी भी क्षेत्र या सेगमेंट में उनकी आय पर कोई असर होता नहीं दिख रहा है। टीसीएस ने कहा था कि अमेरिकी बाजार से उनकी कंपनी को बढ़ावा मिलेगा। चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही के दौरान अमेरिकी बाजार में कंपनी की सालाना वृद्धि 3.3 फीसदी घट गई थी।
इन्फोसिस ने पूरे साल का आय अनुमान बढ़ाकर 14 से 16 फीसदी कर दिया है। कंपनी प्रबंधन ने कहा था कि मंदी की चर्चा चल रही है और ब्याज दरें भी बढ़ रहीं हैं, साथ ही मॉर्गेज जैसे कुछ सेगमेंट पर थोड़ा दबाव भी दिख रहा है।
गुरुवार को दूसरी तिमाही के नतीजों की घोषणा करने वाली  कॉग्निजेंट ने सालाना आय का अनुमान घटाया है। कंपनी प्रबंधन ने कहा कि उनके पास आने वाले समय के लिए काफी सौदे हैं मगर वृहद आर्थिक परिदृश्य पर करीबी नजर रखी जा रही है। कॉग्निजेंट के मुख्य कार्याधिकारी ब्रायन हम्फ्रीज ने कहा, ‘हमें नहीं लगता कि आईटी सेवाओं की मांग में ज्यादा कमी आएगी। हम दुनिया के कुछ बड़े ग्राहकों को सेवाएं देते हैं और जानते हैं कि आय में वृद्धि सुस्त हो रही है तथा कुछ अनावश्यक परियोजनाएं भी रोकी जा सकती हैं।’
अगर कुछ और ग्राहक आईटी खर्चों में कटौती की घोषणा करते हैं तो उद्योग पर प्रतिकूल असर पड़ेगा क्योंकि मुनाफे पर पहले से ही  दबाव है।

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First Published - July 29, 2022 | 12:49 AM IST

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