facebookmetapixel
फरवरी में भारत दौरे पर आएंगे लूला, रक्षा और खनिज क्षेत्र में ब्राजील से होंगे बड़े रणनीतिक करारभारत में खामोशी से आगे बढ़ रही एआई: शुरुआती तकनीकी फायदे जीडीपी में क्यों नहीं दिख रहेTRAI के 1600 नंबर फरमान से ऋण वसूली को लेकर बैंक और NBFC की बढ़ी चिंताभारतीय अर्थव्यवस्था के सामने पांच बड़ी चुनौतियां, गलती की कोई गुंजाइश नहींBudget 2026: स्टील इंडस्ट्री ने ग्रीन स्टील और कम-कार्बन तकनीकों को बढ़ावा देने के लिए मांगी सहायताशेयर बाजार में बड़ी गिरावट, सेंसेक्स 770 अंक लुढ़का; निफ्टी 25,000 के करीब फिसलाBPCL Q3 Results: Q3 में मुनाफा 89% बढ़कर ₹7,188 करोड़ के पार, ₹10 डिविडेंड का ऐलानदावोस में महाराष्ट्र ने 30 लाख करोड़ रुपये के निवेश समझौतों पर हस्ताक्षर किएमाघ मेले में बसंत पंचमी पर 3.2 करोड़ से ज्यादा श्रद्धालुओं ने किया संगम स्नान, कल्पवासियों की वापसी शुरूBudget 2026: सैलरीड टैक्सपेयर्स को क्या मिलेगी राहत? न्यू टैक्स रिजीम पर बड़ा फोकस

Brookfield बनाएगी एशिया का सबसे बड़ा GCC, मुंबई के पवई में 1 अरब डॉलर का करेगी निवेश

कनाडा की निवेश कंपनी की बुनियादी ढांचा क्षेत्र की सहायक कंपनी 6 एकड़ जमीन पर यह परिसर बनाएगी और किराये पर देने लायक कुल क्षेत्र 20 लाख वर्ग फुट होगा

Last Updated- December 12, 2025 | 10:26 PM IST
Brookfield GCC
प्रतीकात्मक तस्वीर | फाइल फोटो

ब्रुकफील्ड ऐसेट मैनेजमेंट मुंबई के पवई में एशिया का सबसे बड़ा ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर (जीसीसी) बनाने पर 1 अरब डॉलर का निवेश करेगी। न्यूयॉर्क की वैश्विक वैकल्पिक परिसंपत्ति प्रबंधक कंपनी ने आज बयान में यह जानकारी दी। कनाडा की निवेश कंपनी की बुनियादी ढांचा क्षेत्र की सहायक कंपनी 6 एकड़ जमीन पर यह परिसर बनाएगी और किराये पर देने लायक कुल क्षेत्र 20 लाख वर्ग फुट होगा। बयान में कहा गया कि इसमें एक बहुराष्ट्रीय बैंक के लिए 20 साल का जीसीसी होगा।

यह परियोजना साल 2029 तक पूरी होने की उम्मीद है और इससे 30,000 से ज्यादा नौकरियां पैदा होंगी। इसे मुंबई मेट्रोपॉलिटन रीजन डेवलपमेंट अथॉरिटी (एमएमआरडीए) और ब्रुकफील्ड की अगुआई वाले उद्यम और उसके साझेदार बीएस शर्मा के बीच एक करार के जरिये डेवलप किया जा रहा है।

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा, ‘प्रतिभा, बुनियादी ढांचे और समर्थनकारी कारोबारी माहौल पर महाराष्ट्र का लगातार जोर है जिससे ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटरों के लिए गंतव्य के तौर पर राज्य की स्थिति मजबूत हो रही है। इस तरह के डेवलपमेंट महाराष्ट्र के विकास में बढ़ते भरोसे को दर्शाते हैं। हम यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं कि वैश्विक उद्यमों को यहां अपनी मौजूदगी बढ़ाने के लिए स्थायी, भविष्य के लिए तैयार पारिस्थितिकी तंत्र मिले।’

राज्य ने इस साल की शुरुआत में जीसीसी नीति की घोषणा की थी, जो वित्त वर्ष 2029-30 तक के लिए है। इस नीति का मकसद 400 नए जीसीसी को आकर्षित करना, 4 लाख से ज्यादा अधिक प्रतिभावान नौकरियां पैदा करना तथा जमीन, पूंजी सब्सिडी तथा रीइंबर्समेंट जैसे प्रोत्साहन देकर 50,600 करोड़ रुपये का निवेश हासिल करना है। फडणवीस ने कहा कि ब्रुकफील्ड का यह कदम इसी रफ्तार को आगे बढ़ाता है और इसे बड़े स्तर पर अधिक मूल्य वाले परिचालनों को आकर्षित करने के लिए डिजाइन किया गया है जो प्रतिभासंपन्न रोजगार और दीर्घकालिक विकास पैदा करते हैं।

ब्रुकफील्ड ने कहा कि यह डेवलपमेंट यह बताता है कि वैश्विक कारोबारों का महाराष्ट्र और मुंबई में निवेश समर्थक माहौल पर भरोसा है, जिसे बुनियादी ढांचे, कारोबारी सुगमता और प्रतिभा विकास पर राज्य के जोर दिए जाने से मदद मिली है। यह परियोजना बाजार में सबसे अच्छे पर्यावरण अनुकूल मानकों के हिसाब से बनाई जाएगी। इसमें 100 प्रतिशत हरित बिजली का वादा रहेगा। फर्म ने कहा, ‘इससे जीसीसी के लिए प्रीमियर हब के तौर पर मुंबई की स्थिति और मजबूत होगी।’

साल 2024 में ब्रुकफील्ड ने वित्तीय सेवा की बड़ी कंपनी के जीसीसी के लिए महाराष्ट्र के पुणे में ऐसा ही एक बिल्ड-टु-सूट टावर बनवाया था। मुंबई में ब्रुकफील्ड के पास फिलहाल 4 अरब डॉलर से ज्यादा  मूल्य वाली रियल एस्टेट परियोजनाएं हैं। ब्रुकफील्ड भारत की सबसे बड़ी कार्यालय मालिकों और परिचालकों में शामिल है, जिसके पास भारत के सात शहरों में लगभग 5.5 करोड़ वर्ग फुट का क्षेत्र है। इनमें ब्रुकफील्ड इंडिया रीट (रियल एस्टेट इन्वेस्टमेंट ट्रस्ट) के साथ ग्रेड-ए पोर्टफोलियो का 2.91 करोड़ वर्ग फुट क्षेत्र शामिल है।

First Published - December 12, 2025 | 10:26 PM IST

संबंधित पोस्ट