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DLF की बिक्री सुधरने के आसार

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DLF ने 1.12 करोड़ वर्ग फुट की नई पेशकश के सहारे अपना पूर्व-बिक्री अनुमान 12,000-13,000 करोड़ रुपये पर बरकरार रखा है।

Last Updated- July 26, 2023 | 10:25 PM IST
DLF

बाजार पूंजीकरण के लिहाज से भारत की सबसे बड़ी सूचीबद्ध कंपनी डीएलएफ का शेयर (DLF Stock price) अपने साप्ताहिक ऊंचे स्तर से 5.5 प्रतिशत नीचे आ गया है।

नई पेशकशों के अभाव की वजह से वित्त वर्ष 2024 की जून तिमाही में बुकिंग/पूर्व बिक्री एक साल पहले की तिमाही के मुकाबले सपाट रही और तिमाही आधार पर इसमें 76 प्रतिशत गिरावट दर्ज की गई।

जून तिमाही में 2,040 करोड़ रुपये की बुकिंग को लक्जरी पेशकश कैमेलिया (564 करोड़ रुपये), वन मिडटाउन डेल्ही (659 करोड़ रुपये) और गुरुग्राम में स्वतंत्र फ्लोर्स (486 करोड़ रुपये) जैसी परियोजनाओं पर आधारित थी।

इन तीनों परियोजनाओं का जून तिमाही की बिक्री में 83.7 प्रतिशत योगदान रहा। इनके अलावा, पंचकूला में वैली गार्डन परियोजना से भी बिक्री में 127 करोड़ रुपये का इजाफा हुआ।

कंपनी ने अपना पूर्व-बिक्री अनुमान 12,000-13,000 करोड़ रुपये पर बरकरार रखा

कंपनी ने 1.12 करोड़ वर्ग फुट की नई पेशकश के सहारे अपना पूर्व-बिक्री अनुमान 12,000-13,000 करोड़ रुपये पर बरकरार रखा है। इन पेशकशों की कुल बिक्री 19,700 करोड़ रुपये पर अनुमानित है।

वित्त वर्ष 2023 में, कंपनी ने 14,600 करोड़ रुपये की बिक्री संभावना के साथ 1.01 करोड़ वर्ग फुट की पेशकश की थी। 5,600 करोड़ रुपये की बगैर बिकी परिसंपत्तियां मौजूद हैं। कई ब्रोकरों का मानना है कि कंपनी अपने वित्त वर्ष 2024 के अनुमान को पूरा कर सकती है।

कंपनी 15,000 करोड़ रुपये की बिक्री दर्ज करेगी

मोतीलाल ओसवाल रिसर्च के प्रीतीश शाह और सौरभ गिल्डा का कहना है, ‘जहां कंपनी ने बुकिंग दर्ज की है, वहीं यह वित्त वर्ष 2024 के तिमाही अनुमान की तुलना में कम रही। हमारा मानना है कि कंपनी अपने पूरे वर्ष के बिक्री अनुमान को पूरा करने में सफल रहेगी और कम से कम 15,000 करोड़ रुपये की बिक्री दर्ज करेगी।’

तिमाही में नकदी प्रवाह में सुधार देखा गया जिससे कर्ज घटाने में मदद मिली। कंपनी को संग्रह बढ़ाकर 1,472 करोड़ रुपये पर पहुंचाने में मदद मिली, जो एक साल पहले के मुकाबले 48.5 प्रतिशत तक ज्यादा है। इसके साथ साथ किराया आय 28 प्रतिशत बढ़कर 104 करोड़ रुपये पर रही, जिससे 1,575 करोड़ रुपये के परिचालन नकदी प्रवाह में मदद मिली, जबकि शुद्ध नकदी 665 करोड़ रुपये दर्ज किया गया।

कंपनी का नकदी बैलेंस बढ़कर 3,000 करोड़ रुपये रहा और निर्माण व्यवसाय के लिए शुद्ध कर्ज 721 करोड़ रुपये (मार्च के अंत) से घटकर 57 करोड़ रुपये रह गया।

जून तिमाही में कंपनी को अंधेरी में झुग्गी बस्ती पुनर्वास परियोजना के साथ मुंबई बाजार में पुन: प्रवेश करने में मदद मिली। जहां इस परियोजना का संपूर्ण आकार 35 लाख वर्ग फुट है, वहीं पहले चरण में 9 लाख वर्ग फुट का बिक्री योग्य एरिया शामिल है जिसका सकल विकास मूल्य 2,000 करोड़ रुपये से ज्यादा है। डीएलएफ ने इस परियोजना में 400 करोड़ रुपये का निवेश किया है।

ऐंटीक स्टॉक ब्रोकिंग ने इस शेयर को खरीदें रेटिंग दी है, जबकि मोतीलाल ओसवाल रिसर्च ने तटस्थ रेटिंग बरकरार रखी है। इस शेयर में पिछले तीन महीने के दौरान करीब 17 प्रतिशत की तेजी आई है।

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First Published - July 26, 2023 | 10:25 PM IST

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