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ऐप ट्रैकिंग के चक्कर में Apple को बड़ा झटका, फ्रांस ने ठोका 150 मिलियन यूरो का जुर्माना

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निगरानी संस्था ने कहा कि कंपनी ने अपने ‘App Tracking Transparency’ (ATT) टूल के जरिए मोबाइल ऐप विज्ञापन बाजार में अपनी मजबूत स्थिति का दुरुपयोग किया।

Last Updated- March 31, 2025 | 3:03 PM IST
apple
Representative image

फ्रांस की प्रतिस्पर्धा निगरानी संस्था ने एप्पल (Apple) पर 150 मिलियन यूरो (करीब 1,624 करोड़ रुपये) का जुर्माना लगाया है। आरोप है कि Apple ने 2021 से 2023 के बीच अपने डिवाइसेज़ पर मोबाइल ऐप विज्ञापन से जुड़ी गतिविधियों में दबदबे का गलत इस्तेमाल किया।

निगम के मुताबिक, Apple ने ‘ऐप ट्रैकिंग ट्रांसपेरेंसी’ (ATT) नाम के प्राइवेसी टूल की मदद से अपने प्लेटफॉर्म पर प्रतिस्पर्धियों को नुकसान पहुंचाया।

हालांकि, रेगुलेटर ने Apple को इस टूल में किसी बदलाव का आदेश नहीं दिया है। यह पहली बार है जब किसी प्रतिस्पर्धा आयोग ने ATT से जुड़ी किसी कार्रवाई में आईफोन बनाने वाली कंपनी पर ऐसा जुर्माना लगाया है।

निगरानी संस्था ने कहा कि कंपनी ने अपने ‘App Tracking Transparency’ (ATT) टूल के जरिए मोबाइल ऐप विज्ञापन बाजार में अपनी मजबूत स्थिति का दुरुपयोग किया। हालांकि, इस टूल को बदलने का आदेश नहीं दिया गया है। यह पहली बार है जब किसी भी देश की एंटीट्रस्ट अथॉरिटी ने ATT को लेकर ऐपल पर जुर्माना लगाया है।

ATT टूल की मदद से iPhone और iPad यूजर्स तय कर सकते हैं कि कौन-सी ऐप्स उनकी ऑनलाइन गतिविधियों को ट्रैक कर सकती हैं। लेकिन इस टूल की आलोचना कई विज्ञापनदाताओं और इंटरनेट कंपनियों ने की है, क्योंकि उनका कारोबार यूजर डेटा पर निर्भर करता है।

फ्रेंच रेगुलेटर ने कहा, “ATT का उद्देश्य डेटा सुरक्षा है, जो गलत नहीं है, लेकिन इसे लागू करने का तरीका अनावश्यक और अनुपातहीन है। यह खास तौर पर छोटे पब्लिशर्स को नुकसान पहुंचाता है, जो अपने बिजनेस को चलाने के लिए थर्ड-पार्टी डेटा पर निर्भर रहते हैं।”

इसके साथ ही, संस्था ने Apple को आदेश दिया है कि वह इस फैसले को अपनी वेबसाइट पर सात दिनों तक सार्वजनिक रूप से दिखाए।

फ्रांस की प्रतिस्पर्धा निगरानी एजेंसी ने कंपनी पर जुर्माना लगाया है, जो पिछले साल यूरोपीय संघ (EU) द्वारा लगाए गए 1.8 अरब यूरो के जुर्माने की तुलना में काफी कम है। EU ने Apple पर अपने ऐप स्टोर के जरिए म्यूज़िक स्ट्रीमिंग प्रतिस्पर्धियों को नुकसान पहुंचाने का आरोप लगाया था। यह मामला स्वीडिश म्यूज़िक स्ट्रीमिंग कंपनी स्पॉटिफाई की शिकायत के बाद शुरू हुआ था।

Apple ने फ्रांसीसी जुर्माने पर निराशा जताई है, लेकिन यह भी कहा कि रेगुलेटर ने उसकी प्राइवेसी कंट्रोल टूल में कोई बदलाव करने को नहीं कहा है।

गौरतलब है कि Apple का ATT टूल जर्मनी की प्रतिस्पर्धा एजेंसी की जांच के दायरे में भी है। फरवरी में वहां की संस्था ने Apple पर खुद को अनुचित लाभ पहुंचाने का आरोप लगाया था। फ्रांस की यह कार्रवाई रॉयटर्स की उस रिपोर्ट के अनुरूप है जो पिछले महीने सामने आई थी।

-एजेंसी इनपुट के साथ

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First Published - March 31, 2025 | 3:03 PM IST

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