facebookmetapixel
IT शेयरों में कोहराम: AI के बढ़ते प्रभाव से हिला निवेशकों का भरोसा, एक हफ्ते में डूबे ₹6.4 लाख करोड़NBFCs के लिए RBI की बड़ी राहत: ₹1000 करोड़ से कम संपत्ति वाली कंपनियों को पंजीकरण से मिलेगी छूटRBI Monetary Policy: रीपो रेट 5.25% पर बरकरार, नई GDP सीरीज आने तक ‘तटस्थ’ रहेगा रुखट्रंप ने फिर किया दावा: मैंने रुकवाया भारत-पाकिस्तान के बीच ‘परमाणु युद्ध’, एक दिन में दो बार दोहरायाइस्लामाबाद में बड़ा आत्मघाती हमला: नमाज के दौरान शिया मस्जिद में विस्फोट, 31 की मौतखरगे का तीखा हमला: पीएम के 97 मिनट के भाषण में कोई तथ्य नहीं, सवालों से भाग रही है सरकारलोक सभा में गतिरोध बरकरार: चीन का मुद्दा व सांसदों के निलंबन पर अड़ा विपक्ष, बजट चर्चा में भी बाधाडिजिटल धोखाधड़ी पर RBI का ऐतिहासिक फैसला: अब पीड़ितों को मिलेगा ₹25,000 तक का मुआवजाPariksha Pe Charcha 2026: PM मोदी ने छात्रों को दी सलाह- नंबर नहीं, स्किल व बेहतर जीवन पर दें ध्याननागालैंड में क्षेत्रीय प्राधिकरण के गठन को मिली त्रिपक्षीय मंजूरी, PM मोदी ने बताया ‘ऐतिहासिक’

विमानन सुरक्षा उल्लंघन: DGCA जांच में एयर इंडिया के अधिकारियों को डी-रोस्टर किया गया

विमानन कंपनी के 164 सीट वाले एयरबस ए320 विमान के एयरवर्थनेस रिव्यू सर्टिफिकेट (एआरसी) की मियाद खत्म हो चुकी थी

Last Updated- December 02, 2025 | 11:16 PM IST
Air India
प्रतीकात्मक तस्वीर | फाइल फोटो

उड़ान योग्यता की मियाद खत्म हो चुके लाइसेंस वाले विमान को आठ वाणिज्यिक उड़ानों में चलाने देने में शामिल रहे एयर इंडिया के अधिकारियों को नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) की जांच पूरी होने तक डी-रोस्टर (ड्यूटी से हटाना) कर दिया गया है। नियामक ने आज यह जानकारी दी।

विमानन कंपनी के 164 सीट वाले एयरबस ए320 विमान के एयरवर्थनेस रिव्यू सर्टिफिकेट (एआरसी) की मियाद खत्म हो चुकी थी। इस विमान ने 24 से 25 नवंबर के दौरान आठ बार उड़ान भरी। नियामक ने बयान में बताया कि यह पूरी गंभीर सुरक्षा चूक असल में कैसे हुई। डीजीसीए ने कहा, ‘डेलिगेटेड अथॉरिटी (सीएएमओ) के तहत एयर इंडिया अपने परिचालन वाले विमान के लिए एआरसी जारी करती है। किसी विमान के रखरखाव के रिकॉर्ड, फिजिकल कंडीशन और सभी उड़ान योग्यता मानकों के अनुपालन की सत्यता जांच-पड़ताल के बाद एआरसी हर साल जारी किया जाता है।  यह विमान के मुख्य सर्टिफिकेट ऑफ एयरवर्थनेस (सी ऑफ ए) के प्रमाणन का काम करता है।’ एयर इंडिया के अंदर कंटीन्यूइंग एयरवर्थनेस मैनेजमेंट ऑर्गनाइजेशन (सीएएमओ) सी ऑफ ए को चालू रखने के लिए हर साल एआरसी जारी करता है।

साल 2024 में जब विस्तारा का एयर इंडिया में विलय किया गया, तो यह तय किया गया था कि विस्तारा के सभी 70 विमानों के विलय के बाद पहले एआरसी की समीक्षा और नवीकरण नियामक खुद करेगा, न कि एयर इंडिया के अंदर डेलीगेटेड अथॉरिटी।

नियामक ने बताया, ‘परिचालक द्वारा संतोषजनक अनुपालन किए जाने के बाद डीजीसीए अब तक सभी 69 विमानों के लिए एआरसी जारी कर चुका है। 70वें विमान के मामले में परिचालक ने डीजीसीए में एक आवेदन किया और बाद में इंजन बदलने के लिए विमान को खड़ा कर दिया गया। इस दौरान एआरसी की मियाद खत्म हो गई। हालांकि, इंजन बदलने के बाद विमान को सेवा के लिए भेज दिया गया।’ इस विमान का इस्तेमाल 24 और 25 नवंबर के बीच 8 उठानों के संचालन के लिए किया गया था।

First Published - December 2, 2025 | 10:59 PM IST

संबंधित पोस्ट